गाजियाबाद को मिला सबसे बड़े और अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित ऑडिटोरियम का गिफ्ट

-47 करोड़ की लागत से निर्मित ऑडिटोरियम में 860 लोगों के बैठने की व्यवस्था

गाजियाबाद। शहर को पहले अत्याधुनिक ऑडिटोरियम की सौगात मिल गई है। नगर निगम द्वारा नेहरू नगर में निर्मित यह ऑडिटोरियम विशेष सुविधाओं से सुसज्जित है। काफी समय से ऑडिटोरियम की सौगात मिलने का इंतजार किया जा रहा था। इसके साथ शहर में अब सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम करने के लिए एक महत्वपूर्ण स्थान मिल गया है। शहर का पहला वातानुकूलित ऑडिटोरियम नेहरू नगर में बनाया गया है। पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम की खासियतें कम नहीं हैं। यह अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है। नगर निगम के सिटी जोन अंतर्गत नेहरू नगर तृतीय में शहर का पहला अत्याधुनिक ऑडिटोरियम बनाया गया है। इसके निर्माण पर लगभग 47.06 करोड़ रुपए की लागत आई है। ऑडिटोरियम में 860 दर्शकों के बैठने की व्यवस्था की गई है। कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर की वजह से इस योजना के काम में देरी हो गई थी। शहर में सबसे बड़ा और अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस ऑडिटोरियम बनाने के लिए 2012 में नगर निगम की बोर्ड बैठक में प्रस्ताव पास किया गया था। इसका निर्माण कार्य पूरा करने के लिए करीब 15 बार तारीख तय की गई।

कई बार एस्टीमेट में बदलाव किया गया। जीडीए से भी मानचित्र स्वीकृत कराया गया, मगर बीच में ठेकेदार द्वारा काम छोड़ दिया गया था। शुरूआत से विवादों में रहे इस ऑडिटोरियम का मानचित्र भी जीडीए से जैसे-तैसे स्वीकृत कराया गया था। नगर निगम ने इस ऑडिटोरियम को अब जनता को समर्पित कर दिया है। ऑडिटोरियम की क्षमता 860 दर्शकों की है। पूर्णत: वातानुकूलित इस ऑडिटोरियम का लोकार्पण कर दिया गया है। ऑडिटोरियम को फाइनल टच देरी में दिल्ली की एजेंसी भी मुख्य कारण रही। इस एजेंसी ने फायर फाइटिंग सिस्टम को लगाने में देरी की थी। इस आॅडिटोरियम में अब सांस्कृतिक और सरकारी कार्यक्रमों का आयोजन हो सकेगा। इसके अलावा शहरवासी भी बुकिंग कराकर वहां कार्यक्रम आयोजित कर सकेंगे।

mahendra singh tanwar
महेंद्र सिंह तंवर
नगरायुक्त

शहर को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम की सौगात दे दी गई है। ऑडिटोरियम का लोकार्पण होने से नागरिकों को काफी राहत मिलेगी। यह शहर का सबसे बड़ा और वातानुकूलित सुविधाओं से सुसज्जित ऑडिटोरियम होगा। नगर निगम द्वारा काफी समय से ऑडिटोरियम की सौगात शहरवासियों को देने की कोशिश की जा रही थी। तमाम अड़चनों के बावजूद आखिरकार नए साल में नागरिकों को यह गिफ्ट मिल गया है।
महेंद्र सिंह तंवर
नगरायुक्त
नगर निगम गाजियाबाद