- कार्गो टर्मिनल का उद्घाटन और मेंटेनेंस, रिपेयर व ओवरहॉल सुविधा का भी प्रधानमंत्री जी ने किया शिलान्यास
- विकसित उत्तर प्रदेश की उड़ान का प्रतीक बनेगा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, मल्टी मॉडल कनेक्टिविटी के कारण निवेशकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना उत्तर प्रदेश
विजय मिश्रा (उदय भूमि संवाददाता)
नोएडा एयरपोर्ट। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के फेज-1 का लोकार्पण किया। उन्होंने एयरपोर्ट के अत्याधुनिक कार्गो टर्मिनल का उद्घाटन भी किया। साथ ही 40 एकड़ क्षेत्र में विकसित होने वाली मेंटेनेंस, रिपेयर एवं ओवरहॉल (एमआरओ) सुविधा का शिलान्यास किया। कार्यक्रम में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल एवं मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उपस्थित रहे। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को देश के सबसे बड़े और आधुनिक एयरपोर्ट में शामिल किया जा रहा है, जो भविष्य में अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भारत की पहचान को और मजबूत करेगा।
प्रधानमंत्री ने जनसभा में कहा कि यह एयरपोर्ट केवल एक बुनियादी परियोजना नहीं, बल्कि “विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश” अभियान का नया अध्याय है। यह एयरपोर्ट उत्तर भारत के लिए लॉजिस्टिक गेटवे बनकर निवेश, व्यापार और निर्यात को नई गति देगा। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट आगरा, मथुरा, अलीगढ़, मेरठ, गाजियाबाद, बुलंदशहर सहित पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए विकास का नया द्वार खोलेगा। इससे किसानों, छोटे और लघु उद्योगों तथा युवाओं को व्यापक अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने विशेष रूप से स्थानीय किसानों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी जमीन के योगदान से ही यह परियोजना साकार हो पाई है, जिससे अब कृषि उत्पाद वैश्विक बाजारों तक आसानी से पहुंच सकेंगे।
प्रधानमंत्री ने कहा कि नोएडा इण्टरनेशनल एयरपोर्ट मल्टी माॅडल कनेक्टिविटी का उत्कृष्ट उदाहरण है, जहां सड़क, रेल और हवाई परिवहन का निर्बाध एकीकरण होगा। एयरपोर्ट का कार्गो हब प्रारंभिक चरण में 2.5 लाख मीट्रिक टन वार्षिक क्षमता के साथ कार्य करेगा, जिसे भविष्य में 18 लाख मीट्रिक टन तक बढ़ाने की योजना है। इससे उत्तर प्रदेश के उत्पादों को वैश्विक बाजार में नई पहचान मिलेगी। उन्होंने कहा कि भारत में अब तक 85 प्रतिशत विमान एमआरओ सेवाओं के लिए विदेश भेजे जाते थे, जिससे भारी खर्च होता था। जेवर में बनने वाली एमआरओ सुविधा देश को इस क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाएगी और हजारों युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित करेगी।
प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में एयरपोर्ट नेटवर्क का तेजी से विस्तार हुआ है और अब यह देश के सर्वाधिक एयरपोर्ट वाले राज्यों में शामिल हो गया है। यह एयरपोर्ट डबल इंजन सरकार की कार्यसंस्कृति का उदाहरण है। वर्ष 2003 में इस परियोजना को मंजूरी मिली थी, लेकिन वर्षों तक यह फाइलों में अटकी रही। केंद्र और राज्य में समन्वय बनने के बाद ही इस परियोजना ने गति पकड़ी और आज यह धरातल पर उतर सकी है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश ने उन्हें अपना प्रतिनिधि चुना और सांसद बनाया, आज उसी प्रदेश की पहचान एक भव्य एयरपोर्ट के साथ जुड़ गई है। यहां से न केवल दुनिया के विभिन्न हिस्सों के लिए विमान उड़ान भरेंगे, बल्कि यह विकसित उत्तर प्रदेश की नई उड़ान का प्रतीक भी बनेगा। यह एयरपोर्ट पूरे उत्तर भारत को दुनिया से जोड़ने का कार्य करेगा। यह एक अत्याधुनिक एयरपोर्ट होगा, जहां हर दो मिनट में एक विमान के उड़ान भरने की क्षमता विकसित की जा रही है। प्रधानमंत्री ने एक अनोखी पहल करते हुए उपस्थित लोगों से मोबाइल फोन की फ्लैशलाइट जलाकर एयरपोर्ट का उद्घाटन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह एयरपोर्ट आपकी अमानत है, आपका भविष्य है, आपका पुरुषार्थ है, इसलिए इसका उद्घाटन भी आपके हाथों से होना चाहिए। इस पर पूरा परिसर “भारत माता की जय” के नारों से गूंज उठा, जो इस ऐतिहासिक क्षण का प्रतीक बना।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश की उड़ान को नई ऊंचाई प्रदान करने वाला यह समारोह प्रधानमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करने का अवसर है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में नए भारत का नया उत्तर प्रदेश आज अपनी पहचान का नया उद्घोष कर रहा है कि जब संकल्प मजबूत, साहस अडिग व आत्मविश्वास अटल हो, तो कोई भी लक्ष्य दूर नहीं रह सकता। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट संकल्प को सिद्धि में बदलने का परिणाम है। इसका रनवे न केवल यूपी की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई तक ले जाने का आधार बनेगा, बल्कि उत्तर प्रदेश के उज्ज्वल भविष्य का लॉन्चपैड भी बनेगा। यह एयरपोर्ट उत्तर भारत के निवेश, व्यापार व औद्योगिक विकास को नई ऊंचाई तक पहुंचाते हुए व्यापक रोजगार सृजन भी करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह एयरपोर्ट विकास की नई ऊंचाइयों के साथ जनता को राहत दिलाने वाला है। प्रधानमंत्री जी ने पिछले 11-12 वर्षों में नए भारत को विकसित भारत की दिशा में बढ़ाने के लिए प्रत्येक क्षेत्र में कदम बढ़ाए हैं। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट इसी श्रृंखला का हिस्सा है। आज प्रधानमंत्री के कर कमलों से नवनिर्माण की नई इकाई का लोकार्पण हो रहा है। यह नवसृजन उत्तर प्रदेश को ग्लोबल एविएशन मैप पर नए सिरे से प्रस्तुत करने का कार्य कर रहा है। मा0 प्रधानमंत्री जी ने विकसित भारत की संकल्पना देशवासियों को दी है। आत्मनिर्भर भारत-आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश, विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर आज की आवश्यकता है। अभी एक रनवे प्रारंभ हो रहा है। कुछ वर्षों में एयरपोर्ट के पांच रनवे संचालित होंगे तो यह खुद को ग्लोबल एयरपोर्ट के रूप में स्थापित करने में सफल होगा।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री जी की दूरदर्शी सोच और उनके ‘देश प्रथम’ भाव के साथ नए भारत की कार्ययोजना हमें देखने को मिल रही है। रामनवमी पर देश में उत्सव व उत्साह का माहौल था, जबकि दुनिया में अव्यवस्था, अराजकता और संशय की स्थिति है। अमेरिका जैसे विकसित देश में पेट्रोलियम उत्पादों के दाम आसमान छूते दिखाई दे रहे हैं, लेकिन भारत में दाम नियंत्रित है। इनकी आपूर्ति सुगम बनाई गई है। भारत के पड़ोस में जितने भी देश हैं, वहां भी पेट्रोलियम पदार्थों के दाम आसमान छू रहे हैं और उनका अभाव भी है। वहां अव्यवस्था का माहौल है। उन्हें कार्यावधि घटाने के साथ उत्पादन रोकना पड़ा है। पब्लिक में कोटा सिस्टम लागू करना पड़ा है, लेकिन भारत में निर्बाध रूप से पेट्रोलियम उत्पादों की आपूर्ति बनाए रखने के साथ ही दाम को नियंत्रित रखा गया है। कल पेट्रोलियम उत्पादों पर एक्साइज ड्यूटी कम करने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है, उसके लिए 25 करोड़ प्रदेशवासियों की तरफ से मैं मा0 प्रधानमंत्री जी को कृतज्ञता ज्ञापित करता हूं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2002 से 2017 तक यूपी अराजकता-अव्यवस्था का शिकार रहा, लेकिन मा0 प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन में देश ने 12 वर्षों और प्रदेश ने 9 वर्षों में जो स्पीड पकड़ी है, उसने बॉटलनेक से ब्रेकथ्रू के रूप में नई पहचान प्रस्तुत की है। प्रधानमंत्री ने 25 नवंबर 2021 को इस एयरपोर्ट का शिलान्यास किया था, आज उन्हीं के कर कमलों से प्रथम फेज के उद्घाटन का कार्यक्रम भी हो रहा है। यही डबल इंजन सरकार की स्पीड है, क्योंकि मा0 प्रधानमंत्री जी ने सदैव कहा है कि जिसका शिलान्यास करो, उसका उद्घाटन भी करो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जेवर एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश को ग्लोबल कनेक्टिविटी का केंद्र बनाते हुए यमुना एक्सप्रेसवे और भविष्य में ईस्टर्न पेरिफेरल, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे, गंगा एक्सप्रेसवे, आरआरटीएस, दिल्ली-वाराणसी हाईस्पीड रेललाइन जैसे नेटवर्क से जोड़कर प्रदेश को गति के साथ विकास की नई ऊंचाई तक ले जाने का भी कार्य करेगा। इस एयरपोर्ट परियोजना के माध्यम से लाखों नौजवानों के लिए प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। यमुना एक्सप्रेसवे, नोएडा व ग्रेटर नोएडा में व्यापक निवेश की संभावनाओं ने अभी से प्रस्ताव देने प्रारंभ कर दिए हैं। पिछले दिनों इसी एयरपोर्ट के पास प्रधानमंत्री ने सेमीकंडक्टर चिप बनाने की यूनिट की आधारशिला रखी थी। इसके साथ ही अत्याधुनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर की निर्माण प्रक्रिया को भी आगे बढ़ाया जा रहा है।
अपैरल पार्क, मेडिकल डिवाइस पार्क, ट्वाय पार्क, एमएसएमई पार्क, हैंडीक्रॉफ्ट पार्क समेत अन्य सुविधाएं विकसित हो रही हैं, जिसमें यहां निवेश के साथ ही रोजगार की व्यापक संभावनाएं भी विकसित हो रही हैं। यहां डाटा सेंटर से संबंधित यूनिट भी स्थापित हो रही है। आने वाले दिनों में अत्याधुनिक फिनटेक सिटी के निर्माण कार्य और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आने के साथ ही एनसीआर में निवेश के लिए सकारात्मक वातावरण का सृजन भी हो रहा है। सीमलेस, स्मार्ट और सस्टेनेबल एयरपोर्ट, एविएशन फ्यूलफॉर्म, इनफ्लाइट किचन फैसिलिटी, एमआरओ के साथ ही आधुनिक-डिजिटल और ऊर्जा संरक्षण पर केंद्रित ‘ईज ऑफ जर्नी’ की संकल्पना को यह एयरपोर्ट साकार करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि डेडिकेटेड मल्टीमाॅडल कार्गो हब का निर्माण होने से उत्तर प्रदेश अब लैंडलॉक्ड की लिमिटेशन से बाहर निकलकर लैंडमार्क ग्रोथ के साथ ग्लोबल मार्केट तक अपनी पहुंच को आसान बनाने में सफल होगा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट व इसकी सुविधाएं यूपी के पोटेंशियल को नई ऊंचाई तक पहुंचाने में निर्णायक भूमिका का निर्वहन करेंगी। प्रधानमंत्री ने मार्गदर्शन दिया है कि जो भी करना है, बड़ा करना है और बड़ा सोचना है और बड़ा बनने की दिशा में अग्रसर होना है। इस एयरपोर्ट के निर्माण की दिशा में ज्यूरिख इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने भी अपनी भूमिका का निर्वहन किया है।
मुख्यमंत्री ने उद्घाटन समारोह में अन्नदाता किसानों के प्रति भी विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि पहले यहां तमाम आंदोलन चलते थे, लेकिन किसानों से संवाद बनाया गया। उन्हें समयबद्ध मुआवजा व पुनर्वास के साथ जोड़ा गया तो किसानों ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए 13 हजार एकड़ लैंड का योगदान दिया। किसानों ने पूरी प्रक्रिया में सकारात्मक योगदान दिया और जनप्रतिनिधियों के साथ मिलकर विकास के कार्यक्रम को बढ़ाया।
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री किंजरापु राममोहन नायडू ने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के प्रथम चरण के लोकार्पण अवसर पर अपने उद्बोधन में कहा कि आज का दिन हम सभी के लिए अत्यंत हर्ष और गौरव का क्षण है। यह केवल एक एयरपोर्ट का उद्घाटन नहीं, बल्कि नए भारत के सपनों, संकल्पों और संभावनाओं का उत्सव है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि से संपूर्ण देश उत्साहित है और यह भारत के बढ़ते वैश्विक प्रभाव का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि जब कोई भी यात्री इस एयरपोर्ट पर आएगा, तो उसे उत्तर प्रदेश की शान व पहचान देखने को मिलेगी।
उन्होंने गर्व के साथ कहा कि प्रधानमंत्री ने अपने सरकार प्रमुख के रूप में लगभग 8900 दिनों से अधिक का समय राष्ट्र सेवा को समर्पित किया है और उनका हर निर्णय, हर प्रयास भारत को आत्मनिर्भर, डिजिटल और विकसित बनाने की दिशा में अग्रसर है। “आत्मनिर्भर भारत”, “डिजिटल भारत”, “विकसित भारत” जैसे उनके संकल्प आज करोड़ों देशवासियों के प्रेरणा स्रोत बन चुके हैं। प्रधानमंत्री जी भारत को केवल एक राष्ट्र नहीं, बल्कि अपने परिवार के रूप में देखते हैं, और यही भाव उनके कार्यों में झलकता है।
उन्होंने योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार के योगदान की भी सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने इस परियोजना को साकार करने में पूर्ण सहयोग प्रदान किया है। मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश आज “उत्तम प्रदेश” बनने की दिशा में तेजी से अग्रसर है। उन्होंने कानून व्यवस्था को सुदृढ़ किया, अपराध को नियंत्रित किया, व्यापार को बढ़ावा दिया, निवेश का माहौल तैयार किया, कनेक्टिविटी को सशक्त बनाया और जनता के विश्वास को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है। इस अवसर पर केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, ब्रजेश पाठक, औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल नंदी, प्रभारी मंत्री बृजेेश सिंह, सांसद डाॅ महेश शर्मा, सांसद सुरेन्द्र नागर, विधायक जेवर धीरेन्द्र सिंह, विधायक नोएडा पंकज सिंह, विधायक दादरी तेजपाल नागर, विधान परिषद सदस्य नरेन्द्र भाटी व श्रीचंद शर्मा, जिलाध्यक्ष भाजपा अभिषेक शर्मा, महानगर अध्यक्ष महेश चौहान, जिला पंचायत अध्यक्ष अमित चौधरी आदि उपस्थित रहे।



















