जमानत के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंचे अर्नब गोस्वामी

बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती, याचिका दायर

नई दिल्ली। जेल में बंद रिपब्लिक टीवी के एडिटर-इन-चीफ अर्नब गोस्वामी ने जमानत के लिए अब सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खट-खटाया है। इसके लिए उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। बॉम्बे हाईकोर्ट द्वारा अंतरिम जमानत न देने के आदेश को शीर्ष अदालत में चुनौती दी गई है। बॉम्बे हाईकोर्ट ने खुदकुशी के प्रकरण में अर्नब गोस्वामी को अंतरिम जमानत देने से साफ इंकार कर दिया था। अर्नब सहित 3 नागरिकों पर कथित तौर पर इंटीरियर डिजाइनर अनव्य नाइक और उनकी मां को आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप है। बॉम्बे हाई कोर्ट ने इस केस में अर्नब को अंतरिम जमानत देने से मना कर दिया था। कोर्ट ने कहा था कि वह बेल के लिए निचली अदालत में जाएं। न्यायमूर्ति एस.एस. शिंदे और न्यायमूर्ति एम.एस. कर्णिक की खंडपीठ ने अर्नब गोस्वामी और दो अन्य आरोपी फिरोज शेख और नीतीश सारदा की अंतरिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। बॉम्बे हाईकोर्ट से याचिका खारिज होने के कारण गोस्वामी को तालोजा जेल में रहना पड़ रहा है। अर्नब गोस्वामी, फिरोज शेख और नीतीश सारदा को मुंबई में अलीबाग पुलिस ने 2018 में अन्वय नाइक और उनकी मां को कथित रूप से आत्महत्या हेतु उकसाने के मामले में 4 नवंबर को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद गोस्वामी को अलीबाग ले जाया गया था। जहां मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (मजिस्ट्रेट) ने उन्हें पुलिस हिरासत में भेजने से इंकार कर दिया। कोर्ट ने गोस्वामी और 2 अन्य आरोपियों को 18 नवंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। उधर, अर्नब गोस्वामी ने बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। इस बावत सुप्रीम कोर्ट में जमानत के लिए याचिका दायर की गई है। जिस पर जल्द सुनवाई होने की उम्मीद है। बता दें कि अर्नब गोस्वामी की गिरफ्तारी का विभिन्न राजनीतिक एवं सामाजिक संगठनों ने विरोध किया था। भाजपा ने इस कार्रवाई को इमरजेंसी के दिनों की याद दिला देना बताया था।