-गिरोह के सरगना, सुनार समेत पांच लुटेरे गिरफ्तार, लूट का माल बरामद
-लॉकडाउन के बाद से एनसीआर क्षेत्र में हुए थे सक्रिय
गाजियाबाद। दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में हाईस्पीड बाइक से राहगीरों से लूटपाट की वारदात को अंजाम और चोरी का माल खपाने वाले गिरोह के सरगना, सुनार समेत पांच लुटेरे को इंदिरापुरम पुलिस ने गिरफ्तार किया है। जिनके कब्जे से पुलिस ने लूट की चेन बरामद किया है। पकड़े गये लुटेरे शातिर किस्म के है, जो एनसीआर क्षेत्र में लूट की वारदात को अंजाम देने के लिए हाईस्पीड बाइक का इस्तेमाल करते थे। एनसीआर में लूट की वारदात को अंजाम देने के बाद दिल्ली की ओर फरार हो जाते थे। लूट का माल को खपाने के लिए दिल्ली के सुनार को बेच देते थे। सोमवार को इंदिरापुरम थाने में घटना का खुलासा करते हुए सीओ इंदिरापुरम अंशु जैन ने बताया कि इंदिरापुरम थाना प्रभारी संजीव शर्मा के नेतृत्व में इंस्पेक्टर सर्वेश यादव, एसपी मुनेश सिंह, मुनेश सिंह की संयुक्त टीम ने सोमवार सुबह मुखबिर की सूचना पर चेकिंग के दौरान सेक्टर-5/6 वैशाली की पुलिया के पास से गिरोह का सरगना रिजवान उर्फ नदीम पुत्र मौहम्मद इरशाद, मौहम्मद खालिद, आसिफ, आरिफ पुत्र इस्तकार निवासी मुल्ला कॉलोनी गाजीपुर दिल्ली एवं सुनार सुन्दरलाल पुत्र स्व: श्याम लाला निवासी कोण्डली सब्जी मण्डी दिल्ली को गिरफ्तार किया गया। जिनकी निशानदेही पर लूट की 9 सोने की चेन, दो तंमचा, हीरो होण्डा स्ट्रीम बाइक बरामद किया गया। रिजवान उर्फ नदीम के खिलाफ इंदिरापुरम में 11, खालिद के खिलाफ इंदिरापुरम में 11 एवं आरिफ और आसिफ के खिलाफ दो-दो मुकदमें इंदिरापुरम थाने में दर्ज है। सीओ ने बताया कि पूछताछ में सामने आया कि लूट की वारदात को अंजाम कारपेंटर काम करने वाला नौंवी फेल रिजवान व टैक्सी चालक 10वीं पास खालिद करता था। इनका सहयोग आसिफ व आरिफ करते थे। इसके बाद आरोपी आधे दाम पर सुनार सुंदर लाल को सामान बेंच देते थे। लॉकडाउन के बाद से एनसीआर क्षेत्र में सक्रिय थे। आरोपियों ने एनसीआर में अभी तक 50 से अधिक लूट की घटना को अंजाम दिया है। इस दौरान 9 लूट के मामलों का खुलासा कर पुलिस ने संगीता नेगी,संजय कुमार,स्वाती त्यागी,उपेंद्र शर्मा,संदीप जैन,गौरव गौतम, सुधा देवी व रिचा गुप्ता सहित अन्य से इंदिरापुरम थाना क्षेत्र में लूटी गई चेन को बरामद की हैं। इंदिरापुरम थाना प्रभारी संजीव शर्मा ने बताया कि आरोपियों को एनसीआर क्षेत्र की अच्छी जानकारी होने के कारण गिरोह बनाकर क्षेत्र में हाइस्पीड बाइक का इस्तेमाल कर लूट की वारदातों को अंजाम देते थे। लूट की वारदात को अंजाम देने के बाद दिल्ली की ओर फरार हो जाते थे। पुलिस सीमा विवाद के चलते पकडऩे में मुश्किल होती थी। सुबह भी किसी वारदात को अंजाम देने की इरादे से घूम रहे थे। जिनको गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपित 25 से अधिक लूट की वारदातों को अंजाम दें चुके है। सुनार सुन्दरलाल लूट के माले को खपाने में लुटेरे का साथ देता था। आरोपियों का अपराधिक इतिहास खंगाला जा रहा है।















