गाजियाबाद। मौजूदा दौर मे संवैधानिक व्यवस्था मे अलग-थलग पड़े समस्त ब्राह्मणों को एकजुट होकर अपने उत्थान के लिए स्वयं संघर्ष करने के साथ-साथ धर्म व संस्कृति के पतन की रक्षा के लिए समाज को दिशाहीन होने से बचाना भी ब्राह्मण का दायित्व होना चाहिए। यह बातें सोमवार को कविनगर श्री महाराजा अग्रसेन वाटिका में ब्राह्मण धर्म संसद महासम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्य आयोजक विश्व ब्राह्मण संघ के प्रवक्ता पंडित बीके शर्मा हनुमान ने कहीं। उन्होंने कहा आज समाज के हर एक क्षेत्र में ब्राह्मण अपने सर्वोत्तम प्रयासों से आपने आप को स्थापित कर रहे हैं। ब्राह्मण समाज को एक जुट होने कि आवश्यकता है। ताकि वो अपने निर्बल और वंचित ब्राह्मण बंधुओं का उत्थान कर सकें।
कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान परशुराम के चित्र के सामने ज्योति प्रज्वलन मुख्य वक्ताओं ने कहा कि विश्व ब्राह्मण संघ ब्राह्मणों के उत्थान हेतु देश ही नहीं विदेशों में अंतरराष्ट्रीय चेयरमैन परम श्रद्धेय पंडित मांगेराम शर्मा के नेतृत्व में काम कर रहा है। उन्होंने वहाँ पर मौजूद बिप्र जनों से कहा कि वो जिस भी क्षेत्र में कार्य कर रहे हों वहां पर ब्राह्मणों का न्यायोचित सहायता करने का प्रयास करें। साथ ही ब्राह्मणों को 9 वचनों का पालन अवश्य करना चाहिए। हम अपने आपसी विवादों को यथा संभव अपने समाज के बड़े एवं प्रभाव शाली बंधुओं कि मध्यस्थता में हल करेंगे। यूपी में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर ब्राह्मण वोटों पर सभी की निगाहें लगी हुई हैं, देखना है कि 2022 में ब्राह्मण समुदाय की अंगुली बैलेट मशीन पर किसके चुनाव चिह्न की ओर जाती है।
प्रवक्ता बीके शर्मा हनुमान ने कहा कि ब्राह्मणों के स्वाभिमान की रक्षा करने, उनकी सुरक्षा, सहयोग एवं जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में मार्गदर्शन प्रदान करने के उद्देश्य से किया गया है। प्रजातांत्रिक शासन प्रणाली में संगठित समाज की ही आवाज सुनी जाती है। हमारे संगठित नहीं होने के कारण हमारी सर्वत्र उपेक्षा की जा रही है। हमारे पूर्वजों को लक्ष्य कर झूंठ एवं मनगढ़न्त कहानियां गढ़कर हमें निशाना बनाया जा रहा है और विभिन्न जातिवादी संगठन एवं राजनैतिक दल हमारे प्रति घृणा तथा द्वेष की भावना पैदा कर रहे हैं। इस मौके पर ऋषि पाल शर्मा, विनीत कुमार शर्मा, सुभाष चंद शर्मा, धर्मपाल, अनिल कुमार, शिवकुमार शर्मा आदि लोगा उपस्थित रहे।















