तीन मई को दिल्ली में सजेगा रंगमंच का अनोखा रंग, ‘बल्लवपुर की रूपकथा’ से दर्शकों को मिलेगा हास्य और रोमांच का संगम

-मंडी हाउस स्थित एलटीजी सभागार में होगा प्रसिद्ध नाटककार बादल सरकार के चर्चित नाटक का मंचन
-निर्देशक प्रवीण पिथंबरन के निर्देशन में वृक्ष द थिएटर समूह की विशेष प्रस्तुति
-रंगकर्म के माध्यम से समाज को जोड़ने और सांस्कृतिक संवाद बढ़ाने का प्रयास

उदय भूमि संवाददाता
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी में रंगमंच प्रेमियों के लिए एक विशेष सांस्कृतिक आयोजन होने जा रहा है। वृक्ष द थिएटर समूह द्वारा प्रख्यात नाटककार बादल सरकार के प्रसिद्ध नाटक ‘बल्लवपुर की रूपकथा’ का मंचन तीन मई 2026 को मंडी हाउस स्थित एलटीजी सभागार में किया जाएगा। यह प्रस्तुति हास्य और रहस्य से भरपूर एक रोचक भय-हास्य नाटक के रूप में दर्शकों के सामने प्रस्तुत होगी।
कार्यक्रम का आयोजन शाम साढ़े छह बजे से किया जाएगा। नाटक का निर्देशन रंगकर्मी प्रवीण पिथंबरन द्वारा किया जा रहा है। आयोजकों के अनुसार यह नाट्य प्रस्तुति पारंपरिक रंगमंच और आधुनिक प्रस्तुति शैली का सुंदर संगम होगी, जिसमें अभिनय, संवाद और मंच सज्जा के माध्यम से दर्शकों को मनोरंजन के साथ गहन कलात्मक अनुभव मिलेगा। वृक्ष द थिएटर एक सक्रिय और सशक्त रंगमंच समूह है, जिसकी स्थापना 16 अगस्त 2015 को केरल क्लब में की गई थी। ‘वृक्ष’ नाम विकास, समावेशिता और रचनात्मक अभिव्यक्ति का प्रतीक माना जाता है।

जिस प्रकार एक वृक्ष अपनी जड़ों से जुड़ा रहते हुए निरंतर विस्तार करता है, उसी प्रकार यह संस्था कला और संस्कृति की जड़ों को मजबूत करते हुए नई ऊंचाइयों को छूने का प्रयास कर रही है। संस्था का उद्देश्य केवल नाटक मंचित करना ही नहीं, बल्कि रंगमंच के माध्यम से समाज में संवाद, सहयोग और सांस्कृतिक एकता को बढ़ावा देना भी है। वृक्ष द थिएटर सभी वर्गों के कलाकारों को समान अवसर प्रदान करते हुए धर्म, जाति और राजनीतिक सीमाओं से परे रचनात्मक मंच उपलब्ध कराता है। दिल्ली के रंगकर्मियों के लिए यह समूह एक साझा परिवार की तरह कार्य कर रहा है, जहां नए और अनुभवी कलाकार मिलकर प्रदर्शन कला की परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं।

संस्था नियमित रूप से नाट्य प्रस्तुतियां, कार्यशालाएं और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित कर कला प्रेमियों को रंगमंच से जोड़ने का कार्य कर रही है। आयोजकों ने बताया कि नाटक के प्रवेश पत्र ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध हैं और बड़ी संख्या में दर्शकों के शामिल होने की उम्मीद है। कार्यक्रम का उद्देश्य दर्शकों को मनोरंजन के साथ सार्थक सांस्कृतिक अनुभव प्रदान करना है, जिससे रंगमंच के प्रति लोगों की रुचि और अधिक बढ़ सके।