जनहित, पारदर्शिता और विकास पर रहेगा फोकस, नवागत सीडीओ कुमार सौरभ ने संभाली कमान

-पीडि़तों की समस्याओं का समयबद्ध निस्तारण और सरकारी योजनाओं को धरातल पर उतारना प्राथमिक लक्ष्य
-किसानों से आमजन तक सीधी सुनवाई, रोजाना कार्यालय में जनता से मिलेंगे मुख्य विकास अधिकारी

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। जनपद गाजियाबाद को विकास की नई दिशा देने और शासन की योजनाओं को प्रभावी तरीके से लागू करने के उद्देश्य से नवागत मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) कुमार सौरभ ने कार्यभार संभालते ही अपनी प्राथमिकताएं स्पष्ट कर दी हैं। उन्होंने कहा कि किसानों से लेकर आम नागरिकों और पीडि़तों की समस्याओं का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण कराना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। इसके साथ ही प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को वास्तविक रूप से धरातल पर उतारना प्रशासन की मुख्य जिम्मेदारी रहेगी। वर्ष 2022 बैच के आईएएस अधिकारी कुमार सौरभ इससे पूर्व जौनपुर में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के पद पर तैनात थे। उत्तर प्रदेश कैडर के अधिकारी कुमार सौरभ मूल रूप से जनपद मैनपुरी के निवासी हैं और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में यह उनकी पहली नियुक्ति है। कार्यभार ग्रहण करने के बाद उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ प्रारंभिक बैठक कर विभागवार योजनाओं की जानकारी लेना शुरू कर दिया है, ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाई जा सके।

मुख्य विकास अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप पारदर्शिता, जवाबदेही और समयबद्धता के साथ विकास कार्यों को आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की जिम्मेदारी है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजनाओं के क्रियान्वयन में केवल कागजी प्रगति नहीं, बल्कि वास्तविक परिणाम दिखाई देने चाहिए। कुमार सौरभ ने बताया कि जनपद में संचालित विकास योजनाओं की नियमित समीक्षा की जाएगी। विशेष रूप से ग्रामीण विकास, स्वच्छता, रोजगार सृजन, जल संरक्षण और ऊर्जा से जुड़ी योजनाओं को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि तालाबों का सौंदर्यीकरण और पुनर्जीवन अभियान को गति दी जाएगी, जिससे जल संरक्षण के साथ पर्यावरण संतुलन को भी मजबूती मिलेगी। इसके अलावा प्रधानमंत्री मुफ्त सूर्य घर योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक पात्र परिवारों को जोडऩे का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, ताकि आम लोगों को सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा का लाभ मिल सके।

उन्होंने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य केवल योजनाएं चलाना नहीं, बल्कि लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना है। इसके लिए अधिकारियों को क्षेत्रीय स्तर पर सक्रिय रहना होगा और पात्र लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें योजनाओं से जोडऩा होगा। उन्होंने यह भी कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में यदि किसी स्तर पर समस्या आती है तो उसे तत्काल उच्च स्तर पर संज्ञान में लाया जाए। जनसुनवाई को लेकर मुख्य विकास अधिकारी ने विशेष व्यवस्था लागू की है। उन्होंने घोषणा की कि प्रत्येक कार्यदिवस में सुबह 10 बजे से 12 बजे तक वह स्वयं कार्यालय में उपस्थित रहकर किसानों, ग्रामीणों और आम नागरिकों की समस्याएं सुनेंगे। कोई भी व्यक्ति बिना किसी बाधा के सीधे कार्यालय पहुंचकर अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि प्राप्त शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समाधान कराया जाएगा और अनावश्यक रूप से लोगों को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।

मृदुभाषी और मिलनसार व्यक्तित्व के लिए पहचाने जाने वाले कुमार सौरभ की यह तीसरी प्रशासनिक तैनाती है। प्रशासनिक अनुभव और सकारात्मक कार्यशैली के कारण उनसे जनपद में विकास कार्यों को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन और जनता के बीच विश्वास का संबंध मजबूत करना बेहद जरूरी है और इसके लिए संवाद व संवेदनशीलता दोनों आवश्यक हैं। सीडीओ ने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे टीम भावना के साथ कार्य करें और विकास योजनाओं को मिशन मोड में लागू करें। उन्होंने कहा कि गाजियाबाद तेजी से विकसित हो रहा जनपद है और यहां विकास कार्यों की संभावनाएं भी व्यापक हैं। यदि सभी विभाग समन्वय के साथ काम करें तो जनपद को विकास और सुशासन का मॉडल बनाया जा सकता है। मुख्य विकास अधिकारी कुमार सौरभ ने अंत में कहा कि प्रशासन हर जरूरतमंद नागरिक के साथ खड़ा है। किसानों की समस्याओं, ग्रामीण विकास, रोजगार और जनकल्याण योजनाओं को प्राथमिकता देते हुए जनपद के समग्र विकास की दिशा में लगातार कार्य किया जाएगा, ताकि शासन की योजनाओं का वास्तविक लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।