योग से निरोग जीवन का संदेश, जिला पंचायत उरई में गूंजा स्वस्थ भारत का संकल्प

  • जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. घनश्याम अनुरागी और अपर मुख्य अधिकारी धर्मजीत त्रिपाठी के नेतृत्व में अधिकारियों-कर्मचारियों ने किया सामूहिक योगाभ्यास
  • योगाचार्य ने कराए विभिन्न योगासन व प्राणायाम, तनावमुक्त और संतुलित जीवनशैली अपनाने का दिया संदेश
  • योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का लिया संकल्प, स्वस्थ समाज के निर्माण का किया आह्वान

उदय भूमि संवाददाता
उरई (जालौन)। 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को जिला पंचायत कार्यालय उरई परिसर में सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन उत्साह और अनुशासन के साथ किया गया। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. घनश्याम अनुरागी तथा अपर मुख्य अधिकारी धर्मजीत त्रिपाठी के नेतृत्व में जिला पंचायत के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने योगाभ्यास कर स्वस्थ और संतुलित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। पूरे आयोजन के दौरान सकारात्मक ऊर्जा और अनुशासित वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम की शुरुआत प्रशिक्षित योगाचार्य के निर्देशन में सामूहिक योगाभ्यास से हुई। योगाचार्य ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, वज्रासन, त्रिकोणासन, सूर्य नमस्कार सहित विभिन्न योगासन तथा अनुलोम-विलोम, कपालभाति और अन्य प्राणायाम का अभ्यास कराया। साथ ही योग के शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक लाभों के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि नियमित योगाभ्यास से व्यक्ति न केवल शारीरिक रूप से स्वस्थ रहता है, बल्कि मानसिक तनाव, चिंता और अनेक जीवनशैली संबंधी बीमारियों से भी बचाव संभव है।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. घनश्याम अनुरागी ने कहा कि योग भारत की प्राचीन सांस्कृतिक धरोहर है, जिसने पूरी दुनिया को स्वस्थ जीवन जीने का मार्ग दिखाया है। योग केवल व्यायाम नहीं, बल्कि शरीर, मन और आत्मा के संतुलन की संपूर्ण जीवनशैली है। यदि प्रत्येक व्यक्ति प्रतिदिन कुछ समय योग के लिए निकाले, तो वह स्वयं स्वस्थ रहने के साथ अपने परिवार और समाज को भी निरोग जीवन की प्रेरणा दे सकता है। स्वस्थ नागरिक ही सशक्त राष्ट्र के निर्माण की आधारशिला होते हैं। अपर मुख्य अधिकारी धर्मजीत त्रिपाठी ने कहा कि आज की भागदौड़ और तनावपूर्ण जीवनशैली में योग की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है। नियमित योगाभ्यास व्यक्ति की कार्यक्षमता, एकाग्रता और मानसिक संतुलन को मजबूत करता है। कार्यालयों में कार्यरत अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी योग अत्यंत उपयोगी है, क्योंकि इससे तनाव कम होता है और कार्य के प्रति सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

सभी लोगों को योग को केवल एक दिवस तक सीमित न रखकर अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाना चाहिए। कार्यक्रम में जिला पंचायत अभियंता अशोक यादव, अवर अभियंता अशोक पाल सहित जिला पंचायत के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभी ने सामूहिक रूप से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, नियमित योग करने तथा समाज में योग के प्रति जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने यह संदेश दिया कि योग केवल स्वास्थ्य का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास, मानसिक शांति और सकारात्मक जीवन जीने की सबसे प्रभावी जीवन पद्धति है। जिला पंचायत की ओर से भी लोगों से नियमित योग अपनाकर स्वस्थ, जागरूक और सशक्त समाज के निर्माण में अपनी भागीदारी निभाने का आह्वान किया गया।