-अप्सरा बॉर्डर से दूधेश्वरनाथ तक परखी व्यवस्था, सफाई-शौचालय से बैरिकेडिंग और कंट्रोल रूम तक हर मोर्चे पर दिए सख्त निर्देश
-दो महीने की तैयारी का दिखा असर, श्रद्धालुओं ने सराही व्यवस्था; भीड़ बढऩे पर अतिरिक्त इंतजाम के लिए टीमें अलर्ट
-महंत नारायण गिरि ने निगम की तैयारियों को सराहा, नगर आयुक्त ने यात्रा पूरी होने तक जीरो लापरवाही के दिए निर्देश
-समय से इंतजाम पूरा करने वाली टीम का नगर आयुक्त ने बढ़ाया हौसला, यात्रा पूरी होने तक अलर्ट रहने के निर्देश
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। सावन के पहले सोमवार को भगवान शिव के जलाभिषेक के लिए उमड़े आस्था के सैलाब के बीच गाजियाबाद नगर निगम की तैयारियों की असली परीक्षा भी हुई। कांवडिय़ों और श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ के बीच निगम की ओर से की गई व्यवस्थाएं धरातल पर नजर आईं। व्यवस्थाओं की हकीकत परखने के लिए नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक खुद कांवड़ मार्ग पर उतरे और अप्सरा बॉर्डर से लेकर मोहन नगर, यूपी गेट, कनवानी पुलिया, दुहाई, मेरठ रोड होते हुए दूधेश्वर नाथ मठ मंदिर तक स्थलीय निरीक्षण किया। नगर आयुक्त ने रास्ते में सफाई, पेयजल, मोबाइल शौचालय, बैरिकेडिंग और प्रकाश व्यवस्था का बारीकी से जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कांवडिय़ों की संख्या लगातार बढ़ रही है, इसलिए किसी भी व्यवस्था में ढिलाई नहीं होनी चाहिए। मार्ग पर सफाई व्यवस्था नियमित रूप से चलती रहे और मोबाइल शौचालयों की सफाई में किसी तरह की लापरवाही न हो। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी मूलभूत व्यवस्थाएं हर समय दुरुस्त रहनी चाहिए। नगर आयुक्त ने मोहन नगर से आगे अप्सरा बॉर्डर तक बैरिकेडिंग का कार्य तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि बैरिकेडिंग के साथ सफाई व्यवस्था की भी लगातार निगरानी की जाए। कांवडिय़ों की संख्या बढऩे के बावजूद मार्ग पर गंदगी जमा नहीं होनी चाहिए। इसके लिए अतिरिक्त कर्मचारियों को सक्रिय रखने के निर्देश दिए गए। मोबाइल शौचालयों की नियमित अंतराल पर सफाई कराने और श्रद्धालुओं को साफ-सुथरी सुविधाएं उपलब्ध कराने पर भी विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को स्पष्ट कर दिया गया कि कांवड़ महोत्सव के दौरान व्यवस्था के किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान अपर नगर आयुक्त अवनींद्र कुमार, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार, महाप्रबंधक जल कामाख्या प्रसाद आनंद, मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी, प्रकाश विभाग से स्वप्निल जैन सहित नगर निगम के अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। समय से बैरिकेडिंग और अन्य व्यवस्थाएं पूरी करने वाली टीम का नगर आयुक्त ने उत्साहवर्धन भी किया।
कंट्रोल रूम से कांवड़ मार्ग तक हर गतिविधि पर नजर
मेरठ रोड स्थित कांवड़ कंट्रोल रूम पहुंचकर नगर आयुक्त ने वहां से संचालित निगरानी व्यवस्था का भी जायजा लिया। कंट्रोल रूम के माध्यम से कांवड़ मार्ग और दूधेश्वर नाथ मंदिर परिसर की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। नगर आयुक्त ने वहां मौजूद पुलिस टीम से भी बातचीत कर मौके की स्थिति और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि कंट्रोल रूम से कांवड़ मार्ग की लगातार निगरानी की जाए। कहीं भी जाम, गंदगी, पेयजल, शौचालय या अन्य किसी सुविधा से जुड़ी समस्या सामने आए तो संबंधित टीम को तत्काल मौके पर भेजकर उसका समाधान कराया जाए।
भीड़ अचानक बढऩे की स्थिति में अतिरिक्त संसाधनों को तत्काल सक्रिय करने के लिए भी अधिकारियों को तैयार रहने को कहा गया। नगर आयुक्त ने अप्सरा बॉर्डर से मोहन नगर तक सफाई व्यवस्था का विशेष निरीक्षण किया। मोबाइल शौचालयों की स्थिति भी देखी। नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार ने बताया कि कांवड़ मार्ग पर लगाए गए मोबाइल शौचालयों की नियमित सफाई कराई जा रही है। कांवड़ यात्रियों की संख्या बढऩे के साथ निगम की टीमें भी लगातार सक्रिय हैं।
दो महीने की तैयारी, धरातल पर दिखा निगम का इंतजाम
कांवड़ महोत्सव की तैयारियों में नगर निगम के अधिकारी और कर्मचारी करीब दो महीने से जुटे हुए हैं। सफाई, पेयजल, प्रकाश, बैरिकेडिंग और शौचालय सहित अन्य व्यवस्थाओं को समय रहते पूरा करने का प्रयास किया गया। पहले सोमवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के बीच इन तैयारियों का असर भी दिखाई दिया। दूधेश्वर नाथ मठ मंदिर पहुंचने पर नगर आयुक्त ने मंदिर के पीठाधीश्वर महंत नारायण गिरि से मुलाकात की। महंत की मौजूदगी में नगर आयुक्त और निगम अधिकारियों ने भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर जलाभिषेक किया। इस दौरान महंत नारायण गिरि ने नगर निगम की तैयारियों की सराहना करते हुए कहा कि निगम की टीम करीब दो महीने से कांवड़ महोत्सव को सफल बनाने में जुटी हुई है। इसी मेहनत के कारण अधिकांश व्यवस्थाएं समय रहते पूरी हो सकीं।
उन्होंने नगर आयुक्त और पूरी टीम का उत्साहवर्धन किया। सावन के पहले सोमवार को दूधेश्वर नाथ मंदिर में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया। कांवड़ मार्ग पर की गई बैरिकेडिंग, साफ-सफाई और अन्य व्यवस्थाओं को देखकर श्रद्धालुओं ने भी निगम की तैयारियों की सराहना की। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने कहा कि कांवड़ महोत्सव के दौरान श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए नगर निगम के सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से काम कर रहे हैं। सफाई, पेयजल, प्रकाश, शौचालय और बैरिकेडिंग जैसी व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ यात्रा पूरी होने तक सभी टीमें पूरी तरह अलर्ट रहें और श्रद्धालुओं की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए।
















