झाड़-फूंक के बहाने पीड़िता का किया था शोषण
नई दिल्ली। अदालत ने झाड़-फूंक के बहाने दलित महिला को हवस का शिकार बनाने के केस में दोषी तांत्रिक को आजीवन कारावास (उम्रकैद) की सजा सुनाई है। अभियुक्त पर 10 हजार रुपए का जुर्माना भी किया गया है। जनपद ललितपुर में यह प्रकरण करीब ढाई साल पहले प्रकाश में आया था। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। सहायक लोक अभियोजक (एडीजीसी) लखन लाल ने बताया कि अभियोजन और बचाव पक्ष के वकीलों की दलीलें सुनने के बाद अपर जिला एवं सत्र न्यायालय (एससी/एसटी) के न्यायाधीश जगदीश कुमार की कोर्ट ने यह फैसला सुनाया। आरोप है कि तांत्रिक राहुल प्रजापति निवासी तालबेहट थाना क्षेत्र ने झाड़-फूंक करने के बहाने दलित महिला से बलात्कार किया था। इस केस में दोषी पाए गए तांत्रिक राहुल प्रजापति को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। उस पर 10 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया है। एडीजीसी ने बताया कि विगत 7 जून 2018 की रात महिला का बलात्कार किया गया था। उन्होंने बताया कि पीड़िता की तबीयत खराब रहती थी। तांत्रिक राहुल प्रजापति तंत्र विद्या से महिला को ठीक करने के बहाने रात में टेकरी ढाबा के पास सुनसान जगह ले गया और उसका बलात्कार किया। बाद में पीड़िता ने परिजनों को आप-बीती बताई थी। पीड़ित पक्ष की शिकायत पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर तांत्रिक राहुल प्रजापति को गिरफ्तार कर लिया था। वह तभी से जेल में बंद हैं। पुलिस ने आरोपी के विरूद्ध विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। बता दें कि देश में पहले भी इस प्रकार के मामले प्रकाश में आ चुके हैं। झाड़-फूंक के नाम पर तांत्रिक अक्सर महिलाओं का उत्पीड़न करते रहे हैं। खासकर पिछड़े क्षेत्रों में इस प्रकार की घटनाएं सामने आती रहती हैं। कई तांत्रिक के खिलाफ पुलिस ने कानूनी कार्रवाई भी की है।
















