त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव : प्रत्याशियों के लिए खर्च की सीमा तय

उत्तर प्रदेश निर्वाचन आयोग ने जारी की गाइड लाइन

गाजियाबाद। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर निर्वाचन आयोग ने प्रत्याशियों के लिए चुनाव खर्च की सीमा निर्धारित कर दी है। जिला पंचायत सदस्य पद के उम्मीदवार चुनाव में 1.50 लाख रुपए से ज्यादा खर्च नहीं कर सकेंगे। जिला पंचायत राज अधिकारी अनिल कुमार त्रिपाठी के मुताबिक पंचायत चुनाव में खर्च की सीमा तय कर दी गई है। इसके अनुसार उम्मीदवार चुनाव में खर्च कर सकेंगे। जिला पंचायत सदस्य के लिए खर्च की सीमा 1.50 लाख रुपए है। ंग्राम पंचायत सदस्य मात्र 10 हजार रुपए और बीडीसी सदस्य व ग्राम प्रधान चुनाव में 75 हजार रुपए तक खर्च कर पाएंगे। निर्वाचन आयोग ने पंचायत चुनाव में खर्च में कोई बढ़ोतरी नहीं की है। उम्मीदवारों को निर्धारित खर्च की सीमा में चुनाव लडऩा होगा। इससे पूर्व वष-2015 में जो चुनाव खर्च की सीमा तय की गई थी, वहीं इस बार भी खर्च सीमा तय की गई है। आयोग ने इसकी गाइड लाइन तय कर दी है। निर्धारित सीमा से अधिक खर्च करने पर उम्मीदवार का चुनाव खतरे में पड़ सकता है। निर्वाचन आयोग के स्पष्ट निर्देश हैं कि उम्मीदवार को तय सीमा तक ही व्यय करना होगा। सरकारी आंकड़ों में तय खर्च के अनुसार ही बिल देने होंगे। निर्वाचन आयोग द्वारा प्रत्येक पद पर चुनाव लडऩे वाले उम्मीदवार की लगातार जांच होती रहेगी। इसके लिए चुनाव प्रचार के दौरान बनाई गई टीम लगातार उम्मीदवार के खर्चें पर नजर रखेगी। शिकायत के बाद जांच की जाएगी। अगर टीम को चुनाव प्रचार के दौरान ऐसे सबूत मिलते हैं तो यह खर्च उसके व्यय में शामिल किया जाएगा। अधिक खर्च पर रिपोर्ट भेजी जाएगी। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने बताया कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए उम्मीदवारों की चुनाव खर्च सीमा की गाइड लाइन आ गई है। चुनाव आचार संहिता लागू होने के बाद इन्हें सार्वजनिक कर दिया जाएगा। सभी उम्मीदवारों से उम्मीद है कि वह निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देश का पालन करेंगे। चुनाव के लिए नामांकन और जमानत राशि निर्धारित की गई है। ग्राम पंचायत सदस्य का नामांकन शुल्क-150 रुपए, जमानत राशि-500 रुपए होगी। वहीं, ग्राम प्रधान का नामांकन शुल्क-300 रुपए, जमानत राशि-2000 रुपए होगी। क्षेत्र पंचायत सदस्य (बीडीसी) का नामांकन शुल्क-300 रुपए, जमानत राशि-2000 रुपए, जिला पंचायत सदस्य का नामांकन शुल्क-500 रुपए, जमानत राशि-4000 रुपए होगी। वहीं, चुनाव में ग्राम प्रधान 75 हजार रुपए खर्च कर सकेंगे।
बीडीसी-75 हजार रुपए और जिला पंचायत सदस्य 1.50 लाख रुपए चुनाव खर्च कर सकेंगे।