बच्चों को शत-प्रतिशत कृमि नाशक दवा पिलाने के डीएम ने दिए निर्देश

दस्तक अभियान की डीएम ने की समीक्षा

गाजियाबाद। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय की अध्यक्षता में दस्तक अभियान की बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीएम ने कहा कि दस्तक अभियान में बच्चों को कृमि नाशक दवा खिलाना सुनिश्चित किया जाए। घर-घर भ्रमण के दौरान आशा कार्यकत्रियों द्वारा जन्म तथा मृत्यु पंजीकरण से छूट गए शिशुओं/व्यक्तियों को पंजीकरण के लिए सूचीबद्ध करने की कार्रवाई भी की जाए। दस्तक अभियान एवं दिमागी बुखार पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से यह बैठक की गई। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित किया कि दस्तक अभियान में आशा एवं आंगनवाड़ी कार्यकत्र्री प्रत्येक मकान पर क्षय रोग के संभावित रोगियों के विषय में भी जानकारी प्राप्त करेंगी तथा क्षय रोग के लक्षण मिलने पर संबंधित व्यक्तियों की लाइन लिस्टिंग की जाए। किसी परिवार में दिमागी बुखार के कारण विकलांग किसी व्यक्ति की सूचना भी फ्रंटलाइन वर्कर्स द्वारा निर्धारित प्रपत्र पर एकत्र की जाएगी। घर में 1 वर्ष से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों को कृमि नाशक दवा खिलाना सुनिश्चित किया जाए। घर में 5 वर्ष से 9 वर्ष तक के सभी बच्चों को आयरन फोलिक एसिड की गुलाबी गोली तथा 10 वर्ष से 19 वर्ष तक के बच्चों को आयरन फोलिक एसिड की नीली गोली को 2 महीने के लिए उपलब्ध कराने का कार्य सुनिश्चित किया जाए। डीएम ने कहा कि बुखार के रोगियों की सूची, कोविड-2019 रोग के संभावित रोगियों की लाइन लिस्टिंग, क्षय रोग के लक्षण युक्त व्यक्तियों की सूची, मानसिक तथा शारीरिक रूप से विकलांग बच्चों की सूची, परिवार में एक अप्रैल 2020 के बाद जन्म लेने वाले बच्चों की सूची, परिवार में 1 अप्रैल 2020 के बाद कोई मृत्यु हुई है, जिसका अभी मृत्यु पंजीकरण नहीं हुआ हो, फाईलेरिया की बीमारी से विकृति/ विकलांगता वाले व्यक्तियों की सूची, आयुष्मान भारत के ऐसे लाभार्थियों की सूची जिनका अभी तक आयुष्मान कार्ड नहीं बना है एवं कुपोषित बच्चों की अपनी रिपोर्ट प्रतिदिन कार्य की समाप्ति पर सूची उपलब्ध कराना सुििनिश्चत करेंगे। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अस्मिता लाल, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एनके गुप्ता, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विश्राम सिंह, जिला मलेरिया अधिकारी जी.के. मिश्रा आदि उपस्थित रहे।