गुर्जर समाज की महापंचायत, पुलिस ने नाकेबंदी की

सम्राट मिहिर भोज की प्रतिमा पर थमा नहीं विवाद

ग्रेटर नोएडा। सम्राट मिहिर भोज की प्रतिमा पर उभरा विवाद थम नहीं पाया है। जनपद गौतमबुद्ध नगर में गुर्जर व राजपूत समाज आमने-सामने हैं। इसके चलते नाराज गुर्जर समाज ने रविवार को महापंचायत आयोजित की है। महापंचायत में गुर्जर समाज के नागरिक बड़ी संख्या में पहुंचे हैं। स्वाभिमान महापंचायत के जरिए गुर्जर समाज अपना आक्रोश जाहिर करने के साथ-साथ शक्ति प्रदर्शन का भी प्रयास कर रहे हैं। यह महापंचायत मिहिर भोज पीजी कॉलेज की बजाए चिटहैरा मंदिर पर आरंभ की गई है। पहले महापंचायत का आयोजन मिहिर भोज कॉलेज में किया जाना था। एहतियात के तौर पर मौके पर भारी संख्या में पुलिस-पीएसी की तैनाती की गई है। चिटहैरा मंदिर में सुबह 10 बजे से ग्रामीण आने शुरू हो गए थे। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने 10 व्यक्तियों को हिरासत में ले लिया। जिन्हें पीएसी की बस से पुलिस लाइन भेज दिया गया। सुबह करीब साढ़े 10 बजे सपा जिलाध्यक्ष इंद्र नागर कुछ कार्यकर्ताओं के साथ महापंचायत स्थल पर पहुंच गए। इस बीच एडीसीपी के साथ इंद्र नागर की बहस हो गई।बाद में शांतिपूर्वक तरीके से पंचायत करने पर सहमति बन गई। तदुपरांत पंचायत शुरू की गई। इस दौरान सरकार विरोधी नारेबाजी की गई। उधर, राजस्थान व हरियाणा से आए गुर्जर संगठन के सदस्यों और बुलंदशहर से लौट रहे सपा नेता राजकुमार भाटी को नार्थलैंड कॉलेज तिराहे पर पुलिस ने रोक लिया। कुछ देर बाद सभी को हिरासत में लेकर पुलिस लाइन भेज दिया गया। राजकुमार भाटी को पुलिस हिरासत में लिए जाने के विरोध में सपा कार्यकर्ता सड़क पर धरना देकर बैठ गए। महापंचायत में सपा कार्यकर्ताओं की संख्या अधिक है। सपा जिलाध्यक्ष के मुताबिक राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के ट्वीट पर कार्यकर्ता महापंचायत में बड़ी संख्या में पहुंचे।