पितृपक्ष के चलते ठप पड़ा था कारोबार
व्यापारियों से एम्जॉन व फिल्पिकार्ट से सामान न खरीदने की अपील
उदय भूमि ब्यूरो
मोदीनगर। पितृपक्ष की मंदी से उभरे व्यापारियों की निगाह अब त्योहारी सीजन पर लगी है। नवरात्र शुरु होने वाले है। इस के मुद्देनजर व्यापारी अब दीपावली पर्व की तैयारियों में जुटे हैं। कपड़ों से लेकर इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद, नवीनतम और आधुनिकतम सामानों का व्यापारी स्टॉक करने में लगे हैं। पितृ पक्ष में धार्मिक मान्यताओं के आधार पर लोग नए वस्त्र, आभूषण व अन्य सामान नहीं खरीदते हैं। ऐसे में नवरात्र पर्व से पूर्व दुकानों पर बिक्री बेहद कम रही है। इधर पितृपक्ष खत्म होते ही व्यापारी दीपावली पर्व की तैयारियों में जुट गए हैं। 
पूर्व राज्यमंत्री दर्जा प्राप्त एवं उद्योग एवं व्यापारी नेता रामकिशोर अग्रवाल का उपभोक्ताओं से आग्रह है कि इस त्योहारी सीजन में किसी प्रकार के भी कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स अथवा किसी प्रकार का उत्पाद एम्जॉन व फिल्पिकार्ट आदि विदेशी कंपनियों से न खरीदें। भारत एक बड़ा देश है और यहां लाखों छोटे व्यवसाय हैं। इन व्यवसायों पर लोग काम करते हैं जिनसे व्यापारी के साथ साथ लोगों के परिवारों का गुजर बसर होता है। इसे ध्यान रखते हुए छोटी दुकानों पर जाएँ और खरीदारी करें। एम्जॉन व फिल्पिकार्ट जैसी विदेशी कंपनियों से सामान खरीदकर इन विदेशी कंपनियों को अमीर ने बनाए। इससे देश का पैसा बाहर जाता है और डॉलर रेट बढ़ता है।
रेडीमेड वस्त्रों के निर्माता रामौतार शर्मा ने बताया कि अधिकांश कंपनियां त्योहारी सीजन में ही नए उत्पाद बाजार में उतारतीं हैं। पुराने उत्पादों को बेचने के लिए कंपनी सेल लगाती हैं। 
त्योहारी सीजन के लिए वह दिल्ली, नोएडा, गुडगांव और मेरठ आदि से नये डिजाईनों के कपड़ों के आर्डर पहले ही दे चुके हैं। जिनकी आवक भी शुरु हो गई है । इन्हीं दिनों में सर्दी की दस्तक के साथ गर्म कपड़ों की बिक्री शुरु होती है।
व्यापारी गर्म कपड़ों के विभिन्न वस्त्रों के आर्डर भी थोक व्यापारियों को दे चुके हैं। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के चलते लघु उद्ययिमों का कारोबार लगभग ठप हो गया था। जो अब धीरे धीरे पटरी पर आ रहा है।
इलेक्ट्रोनिक उत्पाद शोरुम मालिक संदीप गुप्ता का कहना है कि पितृ पक्ष के पंद्रह दिन सुनसान रहने व लाकडाउन के बाद अब अनलाक में कंपनियां ग्राहकों को ललचाने को विभिन्न ईनामी और गिफ्ट योजनाएं निकाल रही हैं। इसी के चलते ग्राहकों की संख्या में इजाफा होने लगा है। 
व्यापारी अमित गोयल का कहना है कि दशहरा से दीपावली तक का समय बाजार की दृष्टि से काफी बेहतर रहता है। इसकी तैयारी वे पहले से ही शुरु कर देते हैं। लेकिन इस बार लाकडाउन के चलते व्यापारी काफी टूट गया है। 
व्यापारी आस लगाए हुए है कि त्योहारी के सीजन से कुछ बेहतर होगा।
युवा व्यापारी एवं जैन गौरव जैन का कहना है कि लॉकडाउन के चलते देश का व्यापार काफी पीछे चला गया है। अब अनलॉक के चलते व्यापार में धीरे धीरे सुधार हो रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई है कि जल्दी ही व्यापारी मंदी के दौर से उभर जाएगा। 
दीपक वत्स का कहना है कि त्योहारी के सीजन से व्यापारियों को काफी उम्मीद है। वैसे जैसे जैसे अनलॉक हो रहा है उससे ग्राहक बाजार में आने लगा है जिससे व्यापारी राहत महसूस कर रहा है। उन्होंने लोगों सें देशी घरेलू् उत्पाद खरीदने की अपील की है।















