-500-500 मीटर तक के दायरे में टीओडी जोन लागू
-जीडीए उपाध्यक्ष, जिलाधिकारी के प्रतिनिधि, मुख्य नगर नियोजक, मंडलायुक्त के प्रतिनिधि, नगर आयुक्त के प्रतिनिधि समेत 7 अधिकारियों की बनी कमेटी
गाजियाबाद। मेट्रो ट्रेन कॉरिडोर यानि कि रेल लाइन के 500-500 मीटर के दायरे में ट्रांजिट ओरिएंटेड डेवलपमेंट (टीओडी) जोन को लागू करने को लेकर अगर कोई व्यक्ति एवं बिल्डरों से लेकर अन्य आपत्ति एवं सुझाव देना चाहते है, तो गुरूवार यानि कि आज 8 अगस्त से 22 अगस्त तक जीडीए में अपनी आपत्ति दर्ज करा सकते हैं। मेट्रो ट्रेन के रेड व ब्लू लाइन कॉरिडोर के 500-500 मीटर तक के दायरे में टीओडी जोन लागू किया जाएगा। इस पर अब लोगों से आपत्ति एवं सुझाव मांगे जाएंगे। दरअसल, सोमवार को मेरठ में मंडलायुक्त सभागार में मंडलायुक्त सेल्वा कुमारी जे. की अध्यक्षता में हुई जीडीए की 165वीं बोर्ड बैठक में मेट्रो ट्रेन लाइन के स्टेशन के आसपास 500-500 मीटर तक के दायरे में टीओडी जोन लागू किए जाने संबंधी प्रस्ताव को मंजूरी मिल चुकी हैं। जीडीए उपाध्यक्ष अतुल वत्स का कहना है कि बोर्ड बैठक से टीओडी जोन को लागू करने के लिए प्रस्ताव पास हो चुका है। ऐसे में टीओडी जोन लागू करने से पहले अब इस पर लोगों से आपत्ति एवं सुझाव मांगे जाएंगे। आपत्तियोंं एवं सुझाव लेने के बाद इनका निस्तारण कर इसे मास्टर प्लान-2031 में शामिल करते हुए प्रस्ताव पास कराया जाएगा।
जीडीए सचिव राजेश कुमार सिंह ने बताया कि रेड लाइन मेट्रो ट्रेन कॉरिडोर में शहीदनगर, राजबाग, राजेंद्रनगर, श्याम पार्क, मोहननगर, अर्थला, हिंडन रिवर, शहीद स्थल नया बस अड्डा एवं ब्लू मेट्रो ट्रेन लाइन में कौशांबी व वैशाली स्टेशन के दोनों तरफ लाइन के 500-500 मीटर के दायरे में टीओडी जोन लागू होगा। 8 से 22 अगस्त तक अब इस पर जीडीए द्वारा आापत्ति एवं सुझाव मांगे जाएंगे। इसके लिए बकायदा 7 अधिकारियों की कमेटी बनी हुई हैं। कमेटी में जीडीए उपाध्यक्ष, जिलाधिकारी के प्रतिनिधि, मुख्य नगर नियोजक, मंडलायुक्त के प्रतिनिधि, नगर आयुक्त के प्रतिनिधि, एनसीआर प्लानिंग सेल से दो अधिकारी कमेटी में शामिल हैं। कमेटी द्वारा लोगों से आपत्ति एवं सुझाव लिए जाएंगे। निर्धारित 22 अगस्त तक आपत्ति एवं सुझाव प्राप्त करने के बाद इनका निस्तारण किया जाएगा। जीडीए सचिव ने बताया कि लोगों की आपत्ति एवं सुझाव के बाद इसका जोनल प्लान बनाएंगे। इस टीओडी जोन के लागू होने के बाद 5 फ्लोर एरिया रेश्यो (एफएआर) यानि कि 2.5 एफएआर फ्री और 2.5 एफएआर पर्चेबल होगा। एफएआर के अनुसार टीओडी जोन में हाईराईज बिल्डिंगों का निर्माण हो सकेगा।
उन्होंने बताया कि यह मिश्रित आबादी पर लागू हो सकेगा। आवासीय, व्यवसायिक बिल्डिंगों का निर्माण हो सकेगा। उन्होंने बताया कि कमेटी द्वारा आपत्ति एवं सुझाव लेने के बाद इनका निस्तारण किया जाएगा। आपत्तियों का निस्तारण होने के बाद इसे फिर संशोधित मास्टर प्लान-2031 में शामिल किया जाएगा। जीडीए सचिव ने बताया कि मास्टर प्लान-2031 में टीओडी जोन शामिल किए जाएगा। उम्मीद है कि सितंबर के पहले सफ्ताह में जीडीए बोर्ड बैठक हो सकती है। बोर्ड बैठक में मास्टर प्लान के साथ टीओडी जोन का प्रस्ताव भी रखा जाएगा। बोर्ड बैठक से इसका प्रस्ताव पास होने के बाद यह लागू हो जाएगा। उन्होंने बताया कि मेट्रो ट्रेन कॉरिडोर की जहां तक रेल लाइन है,वहीं तक यह लागू होगा। इसमें ऊपर या नीचे तक के क्षेत्र को टीओडी जोन में शामिल किया जा सकेगा।इसका सर्वे कराया जा चुका हैं।















