-पुरानी पेंशन बहाली व निजीकरण के विरोध पर हुई विस्तार से चर्चा
– आरटीआई एक्टिविस्ट पर कार्यवाही से पहले जांच की मांग
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली मंच (अटेवा) की जिला व ब्लॉक कार्यकारिणी ने बुधवार को बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी यादव और सहायक जिला सूचना अधिकारी सतीश कुमार पाण्डेय से भेंट की। इस दौरान संगठन की ओर से आगामी जनजागरूकता कार्यक्रमों की जानकारी साझा की गई। खासतौर पर 14 जून को सार्वजनिक होने जा रही जनहित आधारित फिल्म ‘जनहित मूवी’ को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। अधिकारियों को बताया गया कि यह फिल्म अटेवा द्वारा समाज में पुरानी पेंशन व्यवस्था की आवश्यकता और निजीकरण के दुष्परिणामों को लेकर जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से बनाई गई है। जिलाध्यक्ष मनीष शर्मा ने बताया कि जनहित मूवी में अभिनय करने वाले सभी पात्र असल जीवन में भी समाजसेवी हैं। यह फिल्म किसी पेशेवर कलाकारों द्वारा नहीं, बल्कि उन्हीं जमीनी कार्यकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत की गई है जो वर्षों से पुरानी पेंशन की बहाली की मांग को लेकर संघर्षरत हैं।
फिल्म में मुख्य भूमिका में विजय बंधु नजर आएंगे और उनके साथ नवोदित कलाकारों के रूप में अटेवा से जुड़े शिक्षकों और कर्मचारियों के पुत्र-पुत्रियों ने भी अभिनय किया है। इस फिल्म की पटकथा और गीत भी अटेवा के ही प्रतिभावान सदस्यों द्वारा लिखे और प्रस्तुत किए गए हैं, जिससे यह फिल्म पूरी तरह से जनआंदोलन की आत्मा को प्रतिबिंबित करती है। फिल्म का उद्देश्य न केवल कर्मचारियों, बल्कि आम जनमानस को भी यह समझाना है कि पुरानी पेंशन योजना की बहाली क्यों जरूरी है और कैसे निजीकरण से देश की सार्वजनिक व्यवस्थाएं प्रभावित हो रही हैं। अटेवा का यह प्रयास सिर्फ एक सांस्कृतिक प्रस्तुति नहीं, बल्कि एक सामाजिक चेतना का स्वरूप है, जो पूरे प्रदेश ही नहीं, देशभर में एक नई जागरूकता का संचार करेगा। इसके अतिरिक्त संगठन ने बीएसए को एक ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें आग्रह किया गया कि सूचना के अधिकार के तहत की जा रही शिकायतों की जांच में पारदर्शिता होनी चाहिए और किसी भी प्रकार की कार्यवाही से पूर्व शिकायतकर्ता की पहचान और विश्वसनीयता की गहन जांच की जाए।
अटेवा ने यह मुद्दा विशेष रूप से फर्जी शिकायतकर्ताओं के कारण शिक्षकों पर पडऩे वाले मानसिक दबाव को लेकर उठाया और मांग की कि ऐसी शिकायतों पर जल्दबाजी में कार्रवाई न की जाए। इस अवसर पर अटेवा के जिला महामंत्री राम शेष वर्मा, प्रमुख सलाहकार गोविंद कुमार सिंह, जिला कोषाध्यक्ष प्रदीप कुमार चौहान, महानगर अध्यक्ष अमित कुमार त्यागी, ब्लॉक लोनी के अध्यक्ष पारस गोस्वामी, ब्लॉक भोजपुर के अध्यक्ष राजपाल यादव, संगठन मंत्री दीपक कुमार चौबियान और महानगर संगठन मंत्री श्री अमिताभ पांडे उपस्थित रहे। सभी पदाधिकारियों ने एक स्वर में कहा कि अटेवा का आंदोलन न केवल शिक्षकों और कर्मचारियों की पेंशन सुरक्षा के लिए है, बल्कि यह भविष्य की पीढिय़ों के अधिकारों की रक्षा का भी अभियान है। अटेवा का यह प्रयास दर्शाता है कि संगठन सिर्फ सड़कों पर आवाज़ उठाने तक सीमित नहीं है, बल्कि रचनात्मक और प्रभावशाली माध्यमों से भी समाज में अपनी बात रख रहा है। ‘जनहित मूवीÓ उसी कड़ी में एक ऐतिहासिक पहल है, जो पुरानी पेंशन बहाली आंदोलन को एक नया आयाम देगी।

















