कड़े तेवर और बेखौफ कार्रवाई के लिए पहचाने जाते हैं स्वतंत्र कुमार सिंह, पीपीएस अधिकारियों की पदोन्नति सूची में नाम

-2012-13 बैच के 48 पीपीएस अधिकारियों को पदोन्नति देने पर बनी सहमति
-नोएडा कमिश्नरेट में एसीपी के रूप में तैनात स्वतंत्र कुमार सिंह की अपराधियों में सख्त छवि
-वेव सिटी मुठभेड़ में बहादुरी के लिए मिल चुका है राष्ट्रपति वीरता पुरस्कार

उदय भूमि संवाददाता
नोएडा/लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस के 2012-13 बैच के 48 पीपीएस अधिकारियों को पदोन्नत किए जाने का रास्ता साफ हो गया है। शुक्रवार को शासन स्तर पर आयोजित विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक में इन अधिकारियों के प्रमोशन को लेकर सहमति बनी। जिन अधिकारियों के नाम इस सूची में शामिल किए गए हैं, उनमें 2012 बैच के दीपक सिंह, स्वतंत्र कुमार सिंह, अमित कुमार श्रीवास्तव, एस.एन. वैभव पांडेय, स्नेहा तिवारी और नवीन शुक्ला सहित कई अन्य अधिकारी शामिल हैं। इन अधिकारियों की पदोन्नति उनके सेवा रिकॉर्ड, कार्यकुशलता और उपलब्धियों को ध्यान में रखते हुए तय की गई है। इस सूची में नोएडा कमिश्नरेट में सहायक पुलिस आयुक्त के पद पर तैनात स्वतंत्र कुमार सिंह का नाम विशेष रूप से चर्चा में है। अपने सख्त और निडर कार्यशैली के कारण वह लंबे समय से अपराधियों के बीच खौफ का पर्याय बने हुए हैं। पुलिस विभाग में उनकी पहचान एक ऐसे अधिकारी के रूप में है, जो कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए किसी भी चुनौती से पीछे नहीं हटते। जौनपुर जिले के निवासी स्वतंत्र कुमार सिंह वर्ष 2012 बैच के पीपीएस अधिकारी हैं।

अपने करियर के दौरान उन्होंने कई संवेदनशील क्षेत्रों में जिम्मेदारी निभाई और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस विभाग में अपनी अलग पहचान बनाई। नोएडा और गाजियाबाद जैसे तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्रों में कानून व्यवस्था बनाए रखना हमेशा चुनौतीपूर्ण रहा है, लेकिन स्वतंत्र कुमार सिंह ने अपनी कार्यशैली से इन चुनौतियों का प्रभावी ढंग से सामना किया। उनकी बहादुरी और साहस का सबसे बड़ा उदाहरण वेव सिटी क्षेत्र में हुई एक मुठभेड़ के दौरान देखने को मिला था। इस कार्रवाई में उन्होंने अदम्य साहस और नेतृत्व क्षमता का परिचय दिया, जिसके लिए उन्हें राष्ट्रपति वीरता पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके साहसिक कार्यों और कर्तव्यनिष्ठा का प्रमाण माना जाता है। पुलिस विभाग के सूत्रों के अनुसार स्वतंत्र कुमार सिंह की कार्यशैली हमेशा से सख्त और परिणामोन्मुखी रही है। अपराधियों के खिलाफ सख्ती और कानून के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के कारण अपराधी तत्व उनसे खौफ खाते हैं।

यही कारण है कि जिन क्षेत्रों में उनकी तैनाती रही, वहां अपराध नियंत्रण में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला। स्वतंत्र कुमार सिंह केवल एक सख्त पुलिस अधिकारी ही नहीं, बल्कि खेल के क्षेत्र में भी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं। निशानेबाजी में उन्होंने पुलिस विभाग का नाम रोशन किया है और कई प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए सम्मान हासिल किया है। उनकी यह उपलब्धि यह दर्शाती है कि वे पेशेवर जिम्मेदारियों के साथ-साथ अन्य क्षेत्रों में भी उत्कृष्टता हासिल करने की क्षमता रखते हैं। वर्तमान में नोएडा कमिश्नरेट में एसीपी के रूप में कार्यरत स्वतंत्र कुमार सिंह कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए लगातार सक्रिय रहते हैं। उनकी टीम के साथ मिलकर की गई कई कार्रवाइयों ने अपराधियों के हौसले पस्त किए हैं। स्थानीय लोगों के बीच उनकी छवि एक सख्त लेकिन न्यायप्रिय अधिकारी की है, जो आम जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं।

पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि स्वतंत्र कुमार सिंह जैसे अधिकारी विभाग की ताकत हैं। उनकी निष्ठा, साहस और कर्तव्यपरायणता नई पीढ़ी के पुलिस अधिकारियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। यही कारण है कि विभागीय पदोन्नति समिति ने उनके उत्कृष्ट सेवा रिकॉर्ड को ध्यान में रखते हुए उन्हें पदोन्नति के लिए चयनित किया है। विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक के बाद अब इन अधिकारियों की पदोन्नति से संबंधित औपचारिक प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद शासन की ओर से आधिकारिक आदेश जारी किए जाएंगे। इस निर्णय को पुलिस विभाग में सकारात्मक कदम के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि इससे मेहनत और ईमानदारी से काम करने वाले अधिकारियों को प्रोत्साहन मिलता है।

स्वतंत्र कुमार सिंह की पदोन्नति को पुलिस विभाग में उनकी कड़ी मेहनत, साहसिक कार्यों और उत्कृष्ट सेवा का सम्मान माना जा रहा है। उनकी कार्यशैली और उपलब्धियां यह दर्शाती हैं कि वे न केवल एक कुशल पुलिस अधिकारी हैं, बल्कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने वाले अधिकारी भी हैं। उनके नेतृत्व में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कानून के प्रति जीरो टॉलरेंस की नीति आगे भी जारी रहने की उम्मीद जताई जा रही है।