• हिंडन नदी के किनारे वाटर फ्रंट बनाने की मांग
• गंग नहर को छोटे हरिद्वार के रूप में विकसित करने का सुझाव
• सरकारी कार्यालयों को स्थानांतरित कर शहर की भीड़ कम करने का सुझाव
• गाजियाबाद रेलवे स्टेशन को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकसित करने की मांग
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शहर के समग्र विकास और बुनियादी सुविधाओं के विस्तार को लेकर सांसद अतुल गर्ग, महापौर सुनीता दयाल, विधायक संजीव शर्मा, विधायक अजीत पाल त्यागी और विधायक मंजू सिवाच ने एनसीआर बोर्ड की सचिव अर्चना अग्रवाल से मुलाकात की। इस दौरान गाजियाबाद के लिए 10 सूत्री मांग पत्र सौंपा गया और अनुरोध किया गया कि एनसीआर बोर्ड के महत्वपूर्ण कार्यों का लाभ गाजियाबाद को भी मिलना चाहिए। जनप्रतिनिधियों ने बताया कि हिंडन नदी के किनारे लखनऊ की तर्ज पर वाटर फ्रंट विकसित किया जाए। नोएडा क्षेत्र में नदी के दोनों ओर अवैध कॉलोनियों के बढऩे और नदी में मिट्टी भरकर उसके आकार को छोटा करने की समस्या पर ध्यान दिलाया गया। करहेड़ा गांव और साहिबाबाद की ओर भी इसी प्रकार की समस्या बढ़ रही है, जिसे रोकने के लिए उचित योजना की आवश्यकता है।
मुरादनगर गंग नहर पर बड़ी संख्या में धार्मिक गतिविधियां होती हैं। इसे ध्यान में रखते हुए यहाँ एक सुंदर तट विकसित करने की योजना बनाने की मांग की गई। गंग नहर को छोटे हरिद्वार की संज्ञा दी गई थी, जिससे इसका धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व उजागर होता है। सांसद अतुल गर्ग ने बताया कि 1962-63 में दिल्ली के विकेंद्रीकरण के उद्देश्य से कमला नेहरू नगर, गाजियाबाद में 3,000 एकड़ भूमि दी गई थी, लेकिन केवल 10-15त्न भूमि का ही उपयोग हुआ। उन्होंने सुझाव दिया कि नगर निगम, जीडीए, न्यायालय परिसर, तहसील, जीएसटी ऑफिस और दिल्ली के ऐसे कार्यालय, जिनका अधिक संबंध गाजियाबाद या उत्तर प्रदेश से है, उन्हें इस भूमि पर स्थानांतरित किया जाए। इससे गाजियाबाद शहर के यातायात और भीड़-भाड़ की समस्या का समाधान होगा।
गाजियाबाद रेलवे स्टेशन को दिल्ली की भीड़ कम करने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकसित करने का अनुरोध किया गया। विजय नगर और पंजाब लाइन की ओर रक्षा मंत्रालय की बड़ी मात्रा में अनुपयोगी जमीन को अधिग्रहित कर विशाल पार्किंग और अन्य सुविधाएँ विकसित करने का सुझाव दिया गया। गाजियाबाद न्यू बस स्टैंड से दौलतपुरा लोहा मंडी तक एक एलीवेटेड रोड बनाने की मांग रखी गई, जिससे जीटी रोड पर यातायात का दबाव कम किया जा सके। साथ ही मेट्रो के विस्तार की योजना में नोएडा-इंदिरापुरम को जोडऩे, दिल्ली से लोनी तक मेट्रो कनेक्टिविटी और सेक्टर-62, नोएडा से हापुड़ तक मेट्रो विस्तार को शामिल करने का सुझाव दिया गया।
महापौर सुनीता दयाल और विधायक संजीव शर्मा ने गाजियाबाद और मोहन नगर जोन साहिबाबाद में गंगाजल की सप्लाई और बिजली के तारों को भूमिगत करने की योजना को तेजी से लागू करने की मांग रखी। शहर में अव्यवस्थित डेयरियों की समस्या को देखते हुए हिंडन नदी के किनारे डेयरी संचालकों के लिए यशोदा नामक एक नई योजना शुरू करने की मांग की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में एनसीआर प्लानिंग बोर्ड की सदस्य सचिव अर्चना अग्रवाल, सांसद अतुल गर्ग, विधायक संजीव शर्मा (गाजियाबाद शहर), विधायक अजीत पाल त्यागी (मुरादनगर), विधायक मंजू शिवाच (मोदीनगर) और महापौर सुनीता दयाल मौजूद रहे। यह बैठक गाजियाबाद के समग्र विकास के लिए कई महत्वपूर्ण मांगों को लेकर आयोजित की गई, जिससे शहर की आधारभूत संरचना को मजबूती मिलेगी और नागरिकों को बेहतर सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा सकेंगी।

















