– जन चौपाल में आई शिकायतें, युनिसिपल कमिश्नर ने निस्तारण को लेकर दिये निर्देश
उदय भूमि ब्यूरो
गाजियाबाद। नगर निगम की जन चौपाल कार्यक्रम शिकायतों के निस्तारण में काफी कारगर साबित हो रहा है। जिन छोटी-छोटी शिकायतों के लिए लोगों को नगर निगम कार्यालय के चक्कर काटने पड़ते थे उन शिकायतों का निस्तारण उनके कॉलोनी में हो रहा है। जन चौपाल में आने वाली अधिकांश शिकायतों का युनिसिपल कमिश्नर महेंद्र सिंह तंवर द्वारा मौके पर ही निस्तारण कर दिया जा रहा है। नगर निगम के इस कार्यक्रम से पार्षद भी काफी खुश हैं। पार्षदों का कहना है कि धीरे-धीरे उनके घर पर शिकायत लेकर आने वाले रेजीडेंट्स की सं या में भी कमी आ रही है। उधर, कार्यक्रम की सफलता को देखते हुए इसके दूसरे दौर की तैयारी भी शुरू कर दी गई है। दूसरे दौर में लगने वाले चौपाल में इस बात की भी समीक्षा होगी कि किन वजहों से शिकायतों का निस्तारण नहीं हुआ है और इसके लिए कौन जि मेदार है। इसके अलावा जनभागीदारी बढ़ाते हुए लोगों को भी उनके कर्तव्यों एवं दायित्वों को लेकर जागरूक किया जाएगा।
बुधवार को नगर निगम के कविनगर जोन में जन चौपाल लगाया गया। कबीर पार्क में लगाये गये जन चौपाल में युनिसिपल कमिश्नर महेंद्र सिंह तंवर, वार्ड-91 के पार्षद हिमांशु मित्तल, वार्ड-84 के पार्षद राजेंद्र त्यागी, वार्ड-16 के पार्षद प्रवीण गुर्जर के अलावा कविनगर और राजनगर क्षेत्र के विभिन्न आरडब्ल्यूए के पदाधिकारी और रेजीडेंट्स शामिल हुए। पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड से संबंधित समस्याओं से युनिसिपल कमिश्नर को अवगत कराया। जन चौपाल में प्रमुख रूप से आवारा पशुओं के साथ स्ट्रीट लाइट, पार्कों में अव्यवस्था का मुद्दा छाया रहा। वहीं, सफाई कर्मचारियों और मालियों के कामकाज को लेकर भी लोगों ने शिकायतें की। लोगों ने आवारा पशुओं को लेकर शिकायतें की। रेजीडेंट्स ने कहा कि पॉश कॉलोनी की सड़कों पर आवारा पशु छुट्टे घुमते हैं। युनिसिपल कमिश्नर ने निगम अधिकारियों को मौके पर समस्याएं निपटाने का निर्देश दिया।
पार्कों में पर्याप्त सं या में माली उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। पॉश कालोनी में आवारा पशुओं के नियंत्रण के लिए विशेष निगरानी रखने और खराब स्ट्रीट लाइट का जल्द ठीक कराने के निर्देश दिए। ताकि लोगों की समस्याएं दूर की जा सके। युनिसिपल कमिश्नर महेंद्र सिंह तंवर ने कहा कि जन चौपाल में आने वाली शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है और शिकायतों की निगरानी भी की जा रही है। जन चौपाल शहरवासियों और नगर निगम को एक दूसरे के करीब ला रहा है। जन चौपाल में दोनों तरफ से संवाद होता है। इससे संतुष्टि का भाव भी बढ़ता है।















