ईंधन नहीं, ऊर्जा से दौड़ेगा शहर… गाजियाबाद में ग्रीन मोबिलिटी का नया अध्याय

-100 से अधिक चार्जिंग पॉइंट से इलेक्ट्रिक वाहन चालकों को मिलेगी बड़ी राहत
-सितंबर तक सभी चार्जिंग स्टेशन शुरू करने का लक्ष्य, अधिकारियों को सख्त निर्देश
-वायु गुणवत्ता सुधार और कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में बड़ा अभियान

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। स्वच्छ पर्यावरण, बेहतर वायु गुणवत्ता और हरित परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देने की दिशा में नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। शहर में इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को प्रोत्साहित करने के लिए नगर निगम द्वारा 20 प्रमुख स्थानों पर 100 से अधिक इलेक्ट्रिक व्हीकल (ईवी) चार्जिंग पॉइंट स्थापित किए जा रहे हैं। इस महत्वाकांक्षी परियोजना की प्रगति की समीक्षा शुक्रवार को नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर की तथा संबंधित विभागों को तय समय सीमा में कार्य पूरा करने के सख्त निर्देश दिए। नगर आयुक्त ने कहा कि तेजी से बढ़ते इलेक्ट्रिक वाहनों को देखते हुए शहर में आधुनिक चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करना समय की आवश्यकता है। इससे न केवल इलेक्ट्रिक वाहन चालकों को सुविधाजनक चार्जिंग व्यवस्था मिलेगी, बल्कि प्रदूषण नियंत्रण और वायु गुणवत्ता सुधार में भी महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि सभी कार्य गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय में पूरे किए जाएं, ताकि नागरिकों को जल्द से जल्द इन सुविधाओं का लाभ मिल सके।

समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने बताया कि परियोजना के तहत लगभग 20 स्थानों पर 100 से अधिक चार्जिंग पॉइंट स्थापित किए जाने हैं। वर्तमान में 13 स्थानों पर कार्य तेजी से चल रहा है, जबकि शेष सात स्थानों का चयन अंतिम चरण में है। नगर आयुक्त ने प्रत्येक चिन्हित स्थल की विस्तृत जानकारी लेते हुए निर्माण की प्रगति, विद्युत व्यवस्था, भूमि उपलब्धता और तकनीकी आवश्यकताओं की समीक्षा की। बैठक में अपर नगर आयुक्त अवनींद्र कुमार, मुख्य अभियंता (निर्माण) नरेंद्र कुमार चौधरी, प्रकाश विभाग के शेषमणि यादव, संपत्ति विभाग के रामशंकर तथा कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए गए। नगर निगम के अनुसार जिन प्रमुख स्थानों पर चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं उनमें राजेंद्र नगर, नया बस अड्डा मल्टीलेवल पार्किंग, हिंडन श्मशान पार्किंग, स्वर्ण जयंती पार्क (सिटी फॉरेस्ट), राजनगर एक्सटेंशन मेन रोड, क्रॉसिंग रिपब्लिक, ताज हाईवे, अकबरपुर बहरामपुर, डायमंड फ्लाईओवर, पटेल मार्ग जीटी रोड, गोविंदपुरम-स्वर्ण जयंतीपुरम, रेत मंडी नंदग्राम तथा विवेकानंद रेलवे ओवरब्रिज जैसे प्रमुख स्थान शामिल हैं। इन सभी स्थानों पर निर्माण एवं विद्युत संबंधी कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है।

नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने संपत्ति विभाग, प्रकाश विभाग और कार्यदायी संस्था को निर्देश दिए कि सभी चार्जिंग स्टेशन सितंबर माह तक पूरी तरह स्थापित कर चालू कर दिए जाएं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और प्रत्येक चरण की नियमित समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देना केवल एक सुविधा उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण निवेश है। शहर में चार्जिंग स्टेशनों का मजबूत नेटवर्क तैयार होने से लोग पारंपरिक ईंधन आधारित वाहनों की जगह इलेक्ट्रिक वाहनों को अपनाने के लिए अधिक प्रेरित होंगे, जिससे कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी और वायु गुणवत्ता में सुधार होगा।

नगर निगम का मानना है कि इस परियोजना के पूर्ण होने के बाद गाजियाबाद राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के उन प्रमुख शहरों में शामिल होगा, जहां इलेक्ट्रिक वाहन चालकों को व्यापक और आधुनिक चार्जिंग नेटवर्क की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे निजी वाहन चालकों के साथ-साथ ई-ऑटो, ई-कैब, ई-डिलीवरी वाहन तथा अन्य व्यावसायिक इलेक्ट्रिक वाहनों को भी सीधा लाभ मिलेगा। नगर आयुक्त ने कहा कि गाजियाबाद नगर निगम जनहित और पर्यावरण संरक्षण दोनों को ध्यान में रखते हुए निरंतर आधुनिक एवं भविष्य उन्मुख परियोजनाओं पर कार्य कर रहा है। इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशनों की यह योजना शहर को स्वच्छ, प्रदूषण मुक्त और टिकाऊ परिवहन व्यवस्था की दिशा में एक नई पहचान दिलाने का महत्वपूर्ण माध्यम बनेगी।