सर्राफा से लूट में फरार तीन बदमाश पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार खेती और गार्ड की नौकरी छोड़कर पैसा कमाने के लिए करने लगे लूटपाट

गाजियाबाद। सर्राफ को गोली मारकर लूट करने वाले फरार चल रहे 3 बदमाशों को क्राइम ब्रांच व नंदग्राम थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए तीनों शातिर लुटेरे हैं। डीसीपी सिटी कुंवर ज्ञानंजय सिंह ने बताया रविवार देर रात मुखबिर से सूचना मिली 11 जून को सर्राफ दीपक वर्मा को गोली मारकर दोनों भाईयों से करीब 2.50 लाख के जेवरात व नकदी लूटने वाले बदमाश किसी वारदात को अंजाम देने के इरादे से हिंडन मेट्रो स्टेशन के पास आने वाले है। सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए क्राइम ब्रांच और थाना नंदग्राम पुलिस की टीम गठित की गई। बदमाशों की गिरफ्तारी के लिए क्राइम ब्रांच प्रभारी अब्दुर रहमान सिद्दीकी और नंदग्राम थाना प्रभारी निरीक्षक धर्मपाल सिंह टीम के साथ वाहनों की चेकिंग करने लगे। चेकिंग के दौरान दो बाइक पर चार बदमाश को पुलिस टीम ने रुकने का इशारा किया। पुलिस को देख आरोपी भागने लगे। पुलिस टीम ने जब पीछा किया तो फायरिंग करनी शुरु कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई करते हुए गोली चलाई। जिसमें पैर में गोली लगने से बदमाश पवन भाटी पुत्र सतीश भाटी निवासी बड़पुरा दादरी गौतमबुद्ध नगर, प्रशांत पुत्र गजब सिंह निवासी निजामपुर सिकंदराबाद, बुलंदशहर घायल होकर जमीन पर गिर पड़े।

इसके अलावा बाइक छोड़ कर भाग रहे लखन पुत्र ब्रह्म पाल निवासी गुन्नपुरा दनकौर गौतमबुद्धनगर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। घायल बदमाशों को अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद जेल भेज दिया गया। वहीं इनका एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। इनके कब्जे से दो तमंचे,दो कारतूस,खोखा और लूट के 610 ग्राम चांदी के जेवर,15 हजार 500 रुपए,चोरी की मोटरसाइकिल अपाचे बरामद की गई। पकड़ा गया शातिर लुटेरा पवन भाटी 10वीं फेल है और खेती करता है। लूट, चोरी व रंगदारी एवं हत्या आदि आपराधिक वारदातों को अंजाम देने लगा। यह कई बार जेल भी जा चुका है। जेल से छूटने के बाद जनवरी माह में पुलिस मुठभेड़ में बिसरख थाना क्षेत्र में पैर में गोली लगी थी और उसके साथी जेल गए थे। जेल से छूटने के बाद उसने प्रशांत गुर्जर,नीशू व लखन के साथ मिलकर एक संगठित गिरोह बनाया और अपराध करने लगा। प्रशांत ने पूछताछ में बताया कि वह 10वीं पास है तथा जेपी स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स दनकौर में गार्ड की नौकरी करता था। जिसमे उसे 6,800 रुपए प्रति माह मिलते थे। इसके शौक व खर्चे पूरे नहीं हो पाते थे तो वह पवन व नीशू के संपर्क मे आया और अपराध करने लगा।

लखन ने पूछताछ पर बताया कि वह 12वीं पास है और वह भी जेपी स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स दनकौर गार्ड की नौकरी करता था। वहां 11 हजार रुपए प्रति माह मिलते थे। वहीं पर उसकी दोस्ती प्रशांत से हुई थी। प्रशांत के माध्यम से ही वह पवन व नीशू से मिला था। 9 जून को बढ़पुरा दादरी में पवन के खेत पर लूट की योजना बनाई थी। चांदनी चौक दिल्ली से काफी व्यापारी व ज्वेलर्स नगदी व जेवरात लेकर आते जाते हैं। उन्हे लूटने की योजना बनाकर एक दिन पहले रास्ते की रैकी की और 11 जून को दो बाइक से चांदनी चौक पहुंच गए। लूट प्रशांत व नीशू को करनी थी। पवन व लखन दूसरी मोटर साइकिल पर बैक-अप मे थे कि यदि लूट के दौरान कोई गड़बड़ी होने पर प्रशांत व नीशू का साथ देकर लूट करके भाग सकेंगे।जैसे ही सर्राफ दीपक वर्मा अपने भाई के साथ चांदनी चौक से ज्वेलरी व कैश का बैग लेकर चले तो ये लोग बाइक पर गाजियाबाद का नंबर देखकर उसके पीछे लग गए।

नंदग्राम में नंदी पार्क गौशाला के पास प्रशांत व नीशू ने सुनार की बाइक गिरा दी और उनका बैग लूटने का प्रयास किया और इस पर बैग पकडे सुनार विरोध करने लगा तो प्रशांत ने सुनार को गोली मार दी और बैग लूट लिया। लूट के बाद चारों पवन के खेत बढ़पुरा दादरी पहुंचे और लूट के पैसे आपस में बांट लिए और आधी ज्वेलरी नीशू बेचने के लिए ले गया और बची हुई ज्वेलरी को इन लोगों ने आपस मे बांट लिए। डीसीपी ने बताया कि शातिर बदमाश पवन भाटी के खिलाफ गाजियाबाद और गौतमबुद्धनगर के थानों में 12 केस दर्ज हैं। लूट की कई वारदातों को अंजाम दे चुके हैं। फरार आरोपी नीशू की गिरफ्तारी के लिए टीम दबिश दे रही हैं।