- डॉ. पी.एन. अरोड़ा के नेतृत्व में यशोदा मेडिसिटी ने वर्ल्ड हार्ट डे पर सामुदायिक स्वास्थ्य और फिटनेस का भव्य उत्सव आयोजित किया
- उद्घाटन: कार्यक्रम का उद्घाटन डॉ. पी.एन. अरोड़ा (अध्यक्ष), डॉ. उपासना अरोड़ा (प्रबंध निदेशक), सांसद अरुण सिंह और जिलाधिकारी रविंद्र कुमार माँदर द्वारा फ्लैग ऑफ करके किया गया।
- मार्ग और श्रेणियां: दौड़ यशोदा मेडिसिटी से शुरू होकर एलिवेटेड रोड होते हुए अस्पताल परिसर में समाप्त हुई।
- दौड़ की श्रेणियां: 21.1 किलोमीटर, 10 किलोमीटर, 5 किलोमीटर और 3 किलोमीटर।
- सुरक्षा और सुविधा: जलपान केंद्र, चिकित्सकीय दल और स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था सभी बिंदुओं पर।
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। दिल्ली-एनसीआर के प्रतिष्ठित स्वास्थ्य संस्थानों में शामिल यशोदा मेडिसिटी ने रविवार को वर्ल्ड हार्ट डे 2025 के अवसर पर तीसरे संस्करण की यशोदा हाफ मैराथन 3.0 का भव्य आयोजन किया। ‘अपने दिल के लिए दौड़ो’ अभियान के तहत आयोजित इस मैराथन ने न केवल स्वास्थ्य और फिटनेस की दिशा में लोगों को जागरूक किया, बल्कि सामुदायिक सहभागिता और सामाजिक जुड़ाव का भी संदेश दिया। इस मैराथन में बच्चों से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक 4,000 से अधिक प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रात: 5:30 बजे डॉ. पी.एन. अरोड़ा (अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, यशोदा मेडिसिटी), डॉ. उपासना अरोड़ा (प्रबंध निदेशक), सांसद एवं राष्ट्रीय महामंत्री भाजपा अरुण सिंह और जिलाधिकारी रविंद्र कुमार माँदर (आईएएस) ने फ्लैग ऑफ करके किया। उद्घाटन के साथ ही मैराथन ने गाजियाबाद और दिल्ली-एनसीआर समुदाय में स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूकता फैलाना शुरू कर दिया। डॉ. पी.एन. अरोड़ा ने न केवल इस आयोजन का नेतृत्व किया बल्कि सामुदायिक स्वास्थ्य, प्रिवेंटिव हेल्थकेयर और हृदय स्वास्थ्य जागरूकता के क्षेत्र में अपने निरंतर योगदान से इस कार्यक्रम को विशेष महत्व दिया। उन्होंने व्यक्तिगत रूप से प्रतिभागियों को प्रेरित किया और उनके स्वास्थ्य के प्रति उत्तरदायित्व की भावना को जागृत किया।
उनके प्रयासों की वजह से ही यह मैराथन सिर्फ दौड़ नहीं, बल्कि एक जागरूकता आंदोलन बन गई। कार्यक्रम ने केवल शारीरिक फिटनेस को बढ़ावा नहीं दिया, बल्कि हृदय स्वास्थ्य और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति समाज में जागरूकता फैलाने का संदेश भी दिया। प्रतिभागियों ने दौड़ के दौरान सुरक्षा, जलपान और चिकित्सकीय सहायता का लाभ उठाया। मैराथन का उत्साह और आनंद बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के चेहरे पर स्पष्ट दिखाई दे रहा था। यशोदा हाफ मैराथन 3.0 ने यह संदेश दिया कि स्वस्थ हृदय और स्वस्थ जीवन के लिए नियमित व्यायाम, संतुलित आहार और सामूहिक प्रयास अत्यंत आवश्यक हैं। यह आयोजन न केवल एक स्पोर्ट्स इवेंट बल्कि सामुदायिक स्वास्थ्य महाकुंभ के रूप में उभरा, जिसने दिल्ली-एनसीआर में हृदय स्वास्थ्य जागरूकता और फिटनेस की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल को साबित किया। 4,000+ धावकों की भागीदारी, स्पेशल ओलंपिक्स बच्चों की सहभागिता और विशेषज्ञ चिकित्सकीय टीम की उपस्थिति ने इस आयोजन को बेहद सफल और प्रेरणादायक बनाया। यशोदा मेडिसिटी ने इस मैराथन के माध्यम से यह संदेश दिया कि स्वस्थ जीवन, सक्रिय जीवन और स्वस्थ हृदय के लिए सामूहिक प्रयास बेहद आवश्यक हैं।
मैराथन में प्रतिभागियों को चार श्रेणियों में बांटा गया:
21.1 किलोमीटर, 10 किलोमीटर, 5 किलोमीटर और 3 किलोमीटर। विशेष रूप से स्पेशल ओलंपिक्स भारत के 100 से अधिक बच्चों ने भाग लेकर कार्यक्रम को और अधिक सार्थक बनाया। दौड़ यशोदा मेडिसिटी से शुरू होकर एलिवेटेड रोड होते हुए अस्पताल परिसर में समाप्त हुई। प्रतिभागियों की सुरक्षा और सुविधा को प्राथमिकता दी गई। विभिन्न बिंदुओं पर जलपान केंद्र, चिकित्सकीय दल और स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था की गई। इस आयोजन ने यह सुनिश्चित किया कि सभी उम्र के लोग सुरक्षित और उत्साहित होकर दौड़ में शामिल हों।
पुरस्कार वितरण:
21.1 किलोमीटर श्रेणी (पुरुष और महिला) में प्रथम, द्वितीय और तृतीय विजेताओं को क्रमश: 11,000, 7,100 और 5,100 रुपये प्रदान किए गए। 10 किलोमीटर दौड़ में प्रथम को 7,100, द्वितीय को 5,100 और तृतीय को 3,100 रुपये मिले। 5 किलोमीटर दौड़ में विजेताओं को 5,100, 3,100 और 2,100 रुपये प्रदान किए गए।
सांसद एवं राष्ट्रीय महामंत्री अरुण सिंह ने कहा कि यशोदा हाफ मैराथन ने पूरे समुदाय को फिटनेस और हृदय स्वास्थ्य के महत्व के प्रति जागरूक किया है। उन्होंने प्रतिभागियों से अपील की कि नियमित शारीरिक गतिविधि अपनाकर ही स्वस्थ जीवनशैली संभव है। जिलाधिकारी रविंद्र कुमार माँदर ने इस आयोजन की सफलता पर खुशी व्यक्त की और कहा कि प्रतिभागियों द्वारा दिखाई गई ऊर्जा और उत्साह गाजियाबाद की सामुदायिक भावना को प्रदर्शित करता है।
जिलाधिकारी रविंद्र कुमार माँदर ने कहा कि प्रतिभागियों द्वारा दिखाई गई ऊर्जा और उत्साह गाजियाबाद की सामुदायिक भावना को दर्शाता है। डॉ. अरोड़ा ने इस मैराथन को केवल एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि एक सामुदायिक स्वास्थ्य आंदोलन में परिवर्तित कर दिया। यह पहल लोगों को अपने हृदय स्वास्थ्य की जिम्मेदारी लेने के लिए प्रेरित करती है। उनकी दूरदर्शिता और स्वास्थ्य सेवा के प्रति समर्पण ने यशोदा हाफ मैराथन को एक प्रेरणादायक आयोजन बना दिया।
डॉ. पी.एन. अरोड़ा ने कहा कि यह मैराथन केवल एक दौड़ नहीं बल्कि लोगों को अपने हृदय स्वास्थ्य की जिम्मेदारी लेने के लिए प्रेरित करने वाला एक अभियान है। उन्होंने बताया कि सभी आयु वर्ग की भागीदारी देखकर उन्हें बेहद प्रसन्नता हुई और यशोदा मेडिसिटी निरंतर इस तरह के आयोजनों के माध्यम से प्रिवेंटिव हेल्थकेयर को बढ़ावा देगा।
डॉ. उपासना अरोड़ा ने कहा कि बच्चों, युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों को साथ देखकर यह आयोजन प्रेरणादायक रहा। उन्होंने बताया कि इस तरह के सामुदायिक आयोजन स्वास्थ्य जागरूकता को बढ़ावा देने के साथ-साथ लोगों में सामाजिक जुड़ाव और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना को भी प्रबल करते हैं। यशोदा हाफ मैराथन 3.0 ने यह संदेश दिया कि स्वस्थ हृदय और स्वस्थ जीवन के लिए नियमित व्यायाम, संतुलित आहार और सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। यह आयोजन न केवल एक खेल प्रतियोगिता बल्कि सामुदायिक स्वास्थ्य महाकुंभ के रूप में उभरा।


















