गाजियाबाद। जिले में पूर्व मुख्यमंत्री एवं पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती का 65वां जन्मदिन शुक्रवार को जनकल्याणकारी दिवस के रूप में मनाया गया। जिसमें पार्टी के कार्यकर्ताओं ने कंबल व मिष्ठान वितरण आदि कार्य किए। शुक्रवार को हिंदी भवन में मायावती का 65वां जन्मदिन पर बसपा कार्यकर्ताओं ने बिना केक काटे ही एक दूसरे का बधाई दी। लेकिन इस बार का आयोजन पहले से काफी अलग रहा। किसान आंदोलन व मुरादनगर हादसे की वजह से केक ना काटने का फैसला लिया गया। बसपाइयों ने इस मौके पर गरीबों में गर्म कपड़ों का वितरण किया। इसके अलावा मुरादनगर हादसे में जान गंवाने वालों के लिए श्रद्धांजलि सभा का भी आयोजन भी हुआ। 
पूर्व विधायक सुरेश बंसल ने कहा कि कोरोना महामारी के चलते किसान आंदोलन व मुरादनगर में हुए हादसों को लेकर इस बार राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती जी का जन्मदिन जनकल्याणकारी दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। उन्होने कहा बसपा सर्व समाज के साथ-साथ अति पिछड़ों की सच्ची हितैषी है। क्योंकि पार्टी ने अपने शासनकाल में उपेक्षित समाज के लोगों को राजनीतिक भागीदारी के अलावा उनके आर्थिक व शैक्षिक विकास पर विशेष बल दिया है। 
बसपा की मुखिया व प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री सुश्री मायावती ने अति पिछड़े समाज के लोगों के विकास के लिए तमाम तरह की कल्याणकारी योजनाएं चलाकर उन्हें लाभ पहुंचाने का कार्य किया है। प्रदेश एवं केन्द्र में कानून व्यवस्था चौपट हो गई है। भाजपा ने प्रदेश के अन्दर साम्प्रदायिक माहौल खराब करने एवं हिन्दू को मुसलमान से लड़वाने का काम किया है, सरकार में गुंडे एवं माफियाओं ने खुलेआम कानून का माखौल उड़ाया है। अब प्रदेश की जनता इस सरकार को अच्छी तरह जान चुकी है और प्रदेश की जनता ने 2022 में भाजपा को जड़ से उखाड़ फेंकने का मन बना लिया है। भाजपा की गलत नितियों के कारण ही आज अन्नदाता सड़को पर आ गये है। इस मौके पर पूर्व विधायक सुरेश बंसल, सिकंदर यादव, जिलाध्यक्ष कुलदीप ओके, मुनव्वर चौधरी, केडी त्यागी, रवि जाटव, वीरेंद्र जाटव राजकुमार सैन आदि बसपाई मौजूद रहे।
















