वायु प्रदूषण से निपटने के लिए डीएम सख्त, कार्रवाई शुरू

गाजियाबाद। जनपद में वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए जिला प्रशासन ने सख्त रूख अपना लिया है। जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह के निर्देश पर गे्रडेड रेस्पांस एक्शन प्लान (ग्रेप) को ध्यान में रखकर कार्रवाई तेज कर दी गई है। खुले में निर्माण सामग्री रखने पर कारोबारियों और बिल्डरों पर कार्रवाई की जा रही है। इससे कारोबारियों और बिल्डरों में हड़कंप मच गया है।

एसडीएम सदर विनय कुमार सिंह ने यूपी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी उत्सव शर्मा आदि की मौजूदगी में शिकायत मिलने पर कोयल एंक्लेव,भौपुरा, लोनी रोड,हिंडन से भौपुरा रोड,राजनगर एक्सटेंशन क्षेत्र में संयुक्त रूप से अलग-अलग क्षेत्रों में मौके पर जाकर निरीक्षण किया। एसडीएम सदर विनय कुमार सिंह ने बताया कि निरीक्षण के दौरान 4 बिल्डरों समेत 11 कारोबारी अन्य लोगों पर वायु प्रदूषण फैलाने पर 3 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया। एसडीएम ने बताया कि जिले में ग्रेप लागू है।इसके तहत विभाग वार जिम्मेदारी दी गई है। औचक निरीक्षण के दौरान निर्माण सामग्री रेत,बदरपुर,रोड़ी खुले में भंडार किया गया था।इससे आसपास के क्षेत्र में धूल-मिट्टी उडऩे से वायु प्रदूषण की समस्या उत्पन्न होने के चलते जुर्माना लगाने की कार्रवाई की गई। उक्त लोगों द्वारा सीएंडडी वेस्ट और निर्माण सामग्री का भंडारण पाया गया। इसके तहत जुर्माना लगाया गया।

एसडीएम ने बताया कि बिल्डर मैसर्स मंगल हाईट्स राजनगर एक्सटेंशन पर 50 हजार का जुर्माना,मैसर्स कृष्णा आरएमसी प्लांट राजनगर एक्सटेंशन पर 1 लाख का जुर्माना,मैसर्स राजपूत ट्रेडर्स कोयल एंंक्लेव से भौपुरा रोड पर 50 हजार का जुर्माना,बाली जी बिल्डिंग एंड ट्रेडर्स कोयल एंक्लेव पर 50 हजार रुपए कजुर्माना,साकिर,इकबाल,यूनुस,मौसम, शोखीन, शमीम, अनीस पर हिंडन से भौपुरा रोड पर खुले में निर्माण सामग्री रखने पर 50 हजार रुपए जुर्माना लगाते हुए 4 बिल्डरों समेत 11 लोगों 3 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया। जल्द ही जुुर्माने की राशि जमा नहीं कराई गई तो इनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।