चेयरमैन की गतिविधियों से परेशान ईओ ने की पुलिस में शिकायत
गाजियाबाद। नगर पालिका में चेयरमैन की मर्जी के बगैर पत्ता भी नहीं हिलता, लेकिन जब भी बात जिम्मेदारी और जवाबदेही की आती है तो चेयरमैन पल्ला झाड़ कर सारा आरोप अधिशासी अधिकारी (ईओ) एवं अन्य अधिकारियों के मत्थे मढ़ देता है। मुरादनगर में घटित घटना में हम सभी ने ऐसा ही देखा है। चेयरमैन की बात नहीं मानने पर ईओ को कई तरह के परेशानियों एवं दबाव का सामना करना पड़ता है। लेकिन नगर पालिका परिषद खोड़ा-मकनपुर के ईओ ने इन दबावों एवं गलत कार्यों को मानने से साफ इंकार कर दिया है। इस कारण नगर पालिका में चेयरमैन और अधिशासी अधिकारी के बीच विवाद फिर से शुरू हो गया है। दोनों के बीच का यह विवाद अब पुलिस तक पहुंच गया है। अधिशासी अधिकारी कृष्ण कुमार भड़ाना ने चेयरमैन रीना भाटी और उनके देवर पर कार्यालय में हमला कराने की आशंका जाहिर कर पुलिस से शिकायत की है। उधर चेयरमैन ने अधिशासी अधिकारी का वेतन भी रोक दिया है।
ईओ केके भड़ाना का कहना है कि काम न करने पर कई कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया है। इसे लेकर चेयरमैन रीना भाटी के प्रतिनिधि योगेश भाटी कर्मचारियों के साथ मिलकर हमला भी करा सकते हैं। उन्होंने बताया कि जलकल विभाग का काम देखने वाली फर्म ठेके पर प्राइवेट कर्मचारियों से काम कराती है। 21 दिसंबर को कर्मचारियों की उपस्थिति और कार्य की जांच की गई तो 12 कर्मचारियों के अलावा अनुपस्थित मिले। अनुपस्थित मिलने पर कर्मचारियों को नौकरी से हटा दिया गया। भड़ाना का आरोप है कि निष्काषित कर्मचारी पालिका परिषद में उनके कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर तोड-फोड़ कर सकते हैं। उन्होंने खुद पर भी हमला होने की आशंका जताई है। उधर, चेयरमैन रीना भाटी का कहना है कि अधिशासी अधिकारी केके भड़ाना का वेतन रोक कर उनके खिलाफ जांच करने की मांग की गई है। कैबिनेट मंत्री सुरेश कुमार खन्ना से केके भड़ाना की शिकायत की गई है। खोड़ा थाना प्रभारी निरीक्षक मोहम्मद असलम का कहना है कि अधिशासी अधिकारी केके भड़ाना से मिली शिकायत की जांच चौकी प्रभारी को जांच सौंपी गई है।















