पीडि़तों को पुलिस का थर्ड डिग्री टॉचर्र

सामने आया कौैशाम्बी पुलिस का शर्मनाक प्रकरण

गाजियाबाद। थाना कौशाम्बी पुलिस का शर्मनाक प्रकरण सामने आया है। हुड़दंगियों के खिलाफ कार्रवाई करने की बजाए पुलिस ने पीडि़त पिता-पुत्र समेत 5 व्यक्तियों को अवैध तरीके से हिरासत में रखकर जमकर प्रताडि़त किया। आरोप है कि पीडि़तों को करंट तक लगाया गया। इस संबंध में एसडीएम से शिकायत की गई है। कौशाम्बी थानांतर्गत 243ए ग्राउंड फ्लोर रचना अपार्टमेंट सेक्टर-3 वैशाली में विकास दहल सपरिवार रहते हैं। गत 18 नवम्बर को विकास की बेटी की शादी का मेहंदी कार्यक्रम था। इस बीच कुछ युवकों ने दहल के घर के बाहर नशे की हालत में हंगामा करना शुरू कर दिया। विरोध करने पर पीडि़त परिवार के साथ हाथापाई की गई। पीडि़त ने घटना की सूचना डायल-112 पर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस पीडि़त परिवार को थाने ले गई। पीडि़त परिवार ने कौशाम्बी थाने में लिखित शिकायत दी, लेकिन पुलिस ने कोई रिसिविंग तक नही दी। विकास दहल की पत्नी मनदीप कौर का आरोप है कि इस घटना के अगले दिन 19 नंवबर की सुबह फिर वैशाली सेक्टर-2 चौकी की पुलिस घर आई और उनके पति विकास दहल, जसप्रीत सिंह, सुधांशु मीणा, अभिषेक, हरजीत सिंह को पकड़ कर ले गई। जिन्हें पुलिस चौकी में अवैध हिरासत में रखकर टॉर्चर किया गया। यही नहीं करंट तक लगाया गया। बाद में पुलिस ने बड़ी मुश्किल से छोड़ा। जिसके बाद 22 नंबवर को फिर पुलिस ने जेल भेजने की धमकी दी। पीडि़ता मनदीप कौर ने इस बावत एडीएम सिटी शैलेन्द्र सिंह से लिखित शिकायत की है। आरोपी महिम जैन, वारिस जैन व कार्तिक जैन के विरूद्ध आरोप लगाते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है। पीडि़ता का आरोप है कि एडीएम सिटी एवं सीओ साहिबाबाद अंशु जैन को लिखित शिकायत देने के बाद भी पुलिस कोई कार्रवाई नही कर रही है। वहीं आरोपी पक्ष के लोग रोजाना डरा-धमका रहे हैं।