8 हजार नागरिकों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य
गाजियाबाद। जनपद में 8 मार्च को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस मनाया जाएगा। इसके उपलक्ष्य में महिलाओं को तीसरे चरण की कोविड वैक्सीन लगाई जाएगी। तीसरे चरण के पहले दिन 8 हजार नागरिकों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा गया है। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर महिलाओं के लिए 3 विशेष वैक्सीन सत्र का आयोजन होगा। इसके अलावा इस सत्र में कोरोना वैक्सीन की टीमों में सिर्फ महिला स्वास्थ्यकर्मी रहेंगी। स्वास्थ्य विभाग ने इस संबंध में तैयारी शुरू कर दी है। सीएमओ डॉ. एनके गुप्ता ने बताया कि महिला दिवस के मौके पर जिले की बुजुर्ग महिलाओं के टीकाकरण केंद्रों पर पहुंचने पर उन्हें बुके देकर स्वागत किया जाएगा। महिलाओं के लिए आयोजित होने वाले इन चरण में 5 हजार महिलाओं को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य रखा गया हैं। सीएमओ ने बताया कि गुरुवार से वैक्सीनेशन का तीसरा चरण शुरू हो गया। इस चरण में 60 साल से अधिक उम्र के करीब 4 लाख लोगों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य है। इनमें बुजुर्गों के अलावा गंभीर रोगी भी शामिल हैं। शासन स्तर से स्वास्थ्य विभाग को 3.70 हजार वरिष्ठ नागरिकों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य दिया गया है। इसमेें 30 हजार गंभीर रोगी शामिल हैं। अगले चार माह में सभी को कोरोना वैक्सीन लगाई जानी है। टीकाकरण के तहत जिले के 30 निजी और 53 सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर वैक्सीन लगाई जाएगी। पहली खुराक लेने वाले स्वास्थ्य कर्मियों और फ्रंटलाइन कर्मचारियों को अब प्राइवेट अस्पतालों में दूसरी खुराक के लिए पैसा देना होगा। जबकि सरकारी अस्पताल में निशुल्क वैक्सीन लगाई जाएगी। इसके लिए वह अपने संदेश के अनुसार सरकारी केंद्रों पर जा सकेंगे। निजी अस्पतालों में वैक्सीन के लिए 250 रुपए शुल्क तय किया गया है। लाभार्थी अपनी इच्छा के अनुसार निजी अस्पताल में वैक्सीन की दूसरी डोज लेना चाहते हैं तो उन्हें इंकार नहीं किया जाएगा। बुजुर्ग अपना आधार कार्ड लेकर केंद्रों पर पहुंच कर पंजीकरण कराने के बाद वैक्सीन लगवा सकेंगे। सीएमओ ने बताया कि पहले से पंजीकृत नागरिकों को सुबह 9 से 11 बजे तक प्राथमिकता के आधार पर वैक्सीन लगाई जाएगी। इनमें सरकारी अस्पताल के लिए 50 फीसद पहले पंजीकृत और 50 फीसद मौके पर पंजीकृत लाभार्थी रहेंगे। केंद्र पर आने वाले किसी भी बुजुर्ग एवं गंभीर रोगी को वापस नहीं भेजा जाएगा। तीसरे चरण में करीब 8 हजार लोगों को यह वैक्सीन लगाई जाएगी। जबकि 4 हजार बुजुर्ग एवं गंभीर रोगी और बाकी को दूसरी खुराक दी जानी है।
















