-सदर तहसील का डीएम ने किया औचक निरीक्षण
गाजियाबाद। जिलाधिकारी अजय शंकर पांडेय ने बुधवार को सदर तहसील, मोदीनगर तहसील और थाना इंदिरापुरम का निरीक्षण किया। ऐसे में संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। दोनों तहसील परिसर में 10-10 बड़े बकाएदारों का नाम, पता व बकाया धनराशि की जानकारी मुख्य बोर्ड पर अंकित करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने सदर तहसील कार्यालय के विभिन्न पटलों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने उप-जिलाधिकारी सदर को तहसील परिसर व कार्यालय को सैनेटाईज्ड़, साफ-सफाई एवं सौंदर्यीकरण कराने के साथ-साथ आगंतुकों को मास्क लगाने के लिए प्रेरित करने के निर्देश दिए।
तहसील कार्यालय में पत्रावलियों का रख-रखाव, शौचालयों की स्थिति, साफ-सफाई, पेयजल सुविधा, फर्नीचर की स्थिति, प्रकाश व्यवस्था आदि निरीक्षण के मुख्य बिंदु रहे। निरीक्षण के दौरान डीएम ने तहसील सदर के 10 बड़े बकाएदारों के संबंध में जानकारी ली तथा तहसीलदार सदर को निर्देशित किया कि वह संबंधित बकाएदारों के नाम व धनराशि तहसील परिसर में लगे मुख्य बोर्ड पर अंकित कराएं। रिकार्ड रूम, राजस्व अभिलेखागार के निरीक्षण के दौरान डीएम ने पत्रावलियों के बस्ते चैक किए, जो सही पाए गए।
उन्होंने तहसीलदार को निर्देशित किया कि बस्ते के ऊपर स्पष्ट शब्दों में बस्ते के अंदर रखी गई पत्रावलियों के नाम अंकित कराएं तथा रिकार्ड रूम की समय-समय पर पर्याप्त साफ-सफाई सुनिश्चित कराते रहें। तहसील परिसर में स्थापित महिला हैल्प डेस्क का निरीक्षण किया तथा वहां रखे रजिस्टर में अंकित एक नाम (काल्पनिक) से डीएम ने स्वयं कॉल कर उनकी समस्या के निस्तारण के संबंध में जानकारी ली। डीएम ने उप जिलाधिकारी सदर को निर्देशित किया कि वह बड़े बकाएदारों के संबंध में अमीन वार स्वयं साप्ताहिक समीक्षा करें तथा अपेक्षाकृत कार्य अथवा लापरवाही बरतने वाले अमीन/कर्मियों के विरूद्ध अपनी आख्या उपलब्ध कराएं।
इस दौरान डीएम ने तहसील में आए फरियादियों की स्वयं समस्या सुनी और उनके निस्तारण के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान डीएम के संज्ञान में आया कि लेखपाल भगत सिंह द्वारा भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग के महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट पर भू-माफिया से सांठगांठ कर भ्रमित रिपोर्ट प्रस्तुत की गई एवं अन्य एक प्रकरण में भी इनके द्वारा लापरवाही बरती गई है। इसको गंभीरता से लेकर डीएम ने लेखपाल को तत्काल निलम्बित किए जाने के आदेश उप-जिलाधिकारी सदर देवेन्द्र पाल सिंह को दिए।















