सीईओ ने मानचित्र स्वीकृति कार्यों की समीक्षा की

नोएडा। नोएडा प्राधिकरण की मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) द्वारा ऑनलाइन भवन मानचित्र स्वीकृति एवं ऑनलाइन अधिभोग प्रमाण पत्र की समीक्षा की गई। इसके अलावा ऑफलाइन प्राप्त होने वाले अधिभोग प्रमाण पत्र के आवेदनों की भी समीक्षा की। समीक्षा के समय महाप्रबंधक (नियोजन) तथा सहायक महाप्रबंधक (सिस्टम) के अतिरिक्त नियोजन विभाग के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे। समीक्षा में पाया गया कि प्राधिकरण में कुल 3283 आवासीय श्रेणी के आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिसमें से 3112 मानचित्र स्वीकृत तथा 25 मानचित्र निरस्त हुए। 82 मानचित्र के आवेदन पर आपत्ति भेजी गई तथा 54 मानचित्र प्राधिकरण के स्तर पर लंबित हैं। एक हजार वर्ग मीटर तक के औद्योगिक भूखंडों के कुल प्राप्त 400 मानचित्र में 373 स्वीकृत तथा 12 मानचित्र निरस्त हुए। 14 मानचित्र के आवेदनों पर आपत्ति भेजी गई तथा 5 मानचित्र प्राधिकरण के स्तर पर लंबित हैं। ऑनलाइन अधिभोग के संबंध में अवगत कराया गया कि अब तक पोर्टल पर 600 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिससे 207 अधिभोग प्रमाण पत्र जारी किए जा चुके हैं। आवेदन पत्रों में कुछ कर्मियों के कारण 139 आवेदन पत्रों में आपत्ति सूचित की गई है। आपत्ति मुख्य रूप से स्थल पर निर्माण कार्य पूर्ण न होने, प्राधिकरण की देयता अवशेष होने, समयवृद्धि प्राप्त कर प्रपत्र प्रस्तुत किए जाने आदि से संबंधित हैं। 110 ऐसे आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें आवेदन कर्ता द्वारा मूल प्रपत्र अपलोड नहीं किए गए हैं। इस दौरान सीईओ ने निर्देश दिए कि जिन-जिन प्रकरण में प्राधिकरण स्तर पर मानचित्र लंबित हैं, उनका विस्तृत विवरण उपलब्ध कराया जाए, जिसमें प्रत्येक स्तर पर निस्तारण में लिए गए समय का उल्लेख किया जाए। यदि निर्धारित अवधि से ज्यादा समय लिया गया है तो उसका क्या कारण है? सीईओ ने यह अपेक्षा की कि ऑनलाइन भवन मानचित्र स्वीकृति एवं आॅनलाइन अधिभोग प्रमाण पत्र की व्यवस्था किए जाने का मकसद आम जनता को सहूलियत उपलब्ध कराना है।