गाजियाबाद। नगर निगम पार्षद मनोज चौधरी ने एक बयान के माध्यम से नगर निगम पर तीखा हमला बोला है। श्री चौधरी ने कहां कि नगर निगम के तालाब विकसित करने की योजना कागजों में ही सिमट कर रह गई। 6 महीने से गांव का पानी बंद करने के बावजूद सूखने के बाद भी ठेकेदार काम ना कर सके। उन्होंने कहां कि नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर की महत्वकांक्षी योजना दिखावा भर गई। ठेकेदार मालामाल हो गए और पार्षदों को बदनामी के सिवा कुछ ना मिला। रईसपुर में 2 तालाब का सौंदर्यीकरण होना था, लोग बड़े खुश थे कि नगरायुक्त की योजना बहुत सराहनीय हैं। उन्होंने भी खड़े होकर सदन में नगर आयुक्त की तारीफ की थी। मगर यह योजना भी कागजों में ही सिमट कर रह गई। लोग कहते हैं कि और पार्षदों की तरह भी यह पार्षद भी कमाई का साधन बनकर रह गए। बार-बार कहने के बावजूद भी नगर निगम तालाबों की सफाई करवाने में असफल साबित हुआ। बारिश से पानी भर गया योजना खटाई में पड़ गई। जबकि नगर निगम चाहता तो दो जेसीबी लगाकर 2 घंटे में उनकी सफाई हो सकती थी। लेकिन किसी पार्षद की कोई आवाज सुनने को तैयार नहीं है।
















