अनोखा होगा गाजियाबाद नोएडा एयरपोर्ट रेलवे ट्रैक, एक ही ट्रैक पर दौड़ेगी मेट्रो, नमो भारत और एलआरटी, रूट पर होंगे 35 स्टेशन 37 मिनट में तय होगी दूरी

गाजियाबाद एयरपोर्ट रूट देश का पहला ऐसा रेलवे ट्रैक होगा जहां हाईस्पीड रेपिडेक्स नमो भारत ट्रेन, मेट्रो ट्रेन और लाइट रेल ट्रांजिट (एलआरटी) का संचालन एक ही ट्रैक पर होगा। अलग-अलग प्रकार के ट्रेनों का स्टॉपेज और स्पीड अलग-अलग होंगी। रेलवे ट्रैक का अधिकांश हिस्सा एलिवेटेड होगा लेकिन नोएडा एयरपोर्ट स्टेशन का हिस्सा अंडरग्राउंड रहेगा। नमो भारत ट्रेन ट्रैक के पहले चरण में गाजियाबाद के सिद्धार्थ विहार से इकोटेक 6 तक करीब 40 किलोमीटर लंबा ट्रैक बनाया जाएगा। दूसरे फेज में इकोटेक 6 से 33 किलोमीटर का ट्रैक बनाया जाएगा। यह पूरी तरह से एलिवेटेड ट्रैक होगा। नोएडा की एक्वा लाइन मेट्रो को भी नमो भारत ट्रेन से जोड़ा जाएगा। एक्वा लाइन को नोएडा सेक्टर 51 से नॉलेज पार्क 5 तक ले जाया जाएगा।

विजय मिश्रा (उदय भूमि)
ग्रेटर नोएडा। गाजियाबाद से नोएडा एयरपोर्ट की दूरी 37 मिनट में पूरी होगी। लगभग 72 किलोमीटर लंबे रैल ट्रैक पर 35 स्टेशन होंगे और यह रूट दिल्ली एनसीआर के सभी मेट्रो ट्रांसपोर्टशन रूट को आपस में कनेक्ट करेगा। गाजियाबाद नोएडा एयरपोर्ट रेलवे ट्रैक की सबसे बड़ी खासियत यह होगी कि यहां एक ही ट्रैक पर तीन प्रकार के ट्रेनों का संचालन होगा। गाजियाबाद एयरपोर्ट रूट देश का पहला ऐसा रेलवे ट्रैक होगा जहां हाईस्पीड रेपिडेक्स नमो भारत ट्रेन, मेट्रो ट्रेन और लाइट रेल ट्रांजिट (एलआरटी) का संचालन एक ही ट्रैक पर होगा। अलग-अलग प्रकार के ट्रेनों का स्टॉपेज और स्पीड अलग-अलग होंगी। रेलवे ट्रैक का अधिकांश हिस्सा एलिवेटेड होगा लेकिन नोएडा एयरपोर्ट स्टेशन का हिस्सा अंडरग्राउंड रहेगा।

दिल्ली एनसीआर के सबसे महत्वपूर्ण हाईस्पीड ट्रांसपोर्ट कनेक्टिविटी पर काम शुरू हो गया है। यमुना एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण की बृहस्पतिवार को हुई बोर्ड बैठक के दौरान चेयरमैन अनिल सागर और सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह के समक्ष इस प्रोजेक्ट का प्रेजेंटेशन दिया गया। इसमें गाजियाबाद से नोएडा एयरपोर्ट तक रैपिड ट्रेन, मेट्रो और लाइट ट्रांजिट रेल के लिए 72.4 किलोमीटर लंबे रेल ट्रैक को लेकर योजना प्रस्तुत की गई। फिल्म सिटी से जेवर एयरपोर्ट तक ट्रांजिट रेल 14 किलोमीटर के ट्रैक पर चलेगी। गाजियाबाद के सिद्धार्थ विहार से ग्रेटर नोएडा वेस्ट, सेक्टर अल्फा 1 और यमुना अथॉरिटी सिटी होते हुए रैपिड रेल का पूरा रूट तैयार किया जा रहा है। इस पर रूट पर शुरुआत में 22 स्टेशन बनाए जाएंगे और फ्यूचर स्टेशन के तौर पर 13 स्टेशन होंगे। यानि आगे चलकर इस रूट पर स्टेशनों की संख्या 35 होगी। नमो भारत ट्रेन और मेट्रो में 6-6 कोच रखे जाएंगे। इस प्रोजेक्ट का पहला चरण 2031 तक पूरा होगा। इस रूट पर एयरपोर्ट से इंटरनेशनल फिल्म सिटी तक लाइट रेल चलाई जाएगी। इस ट्रेन का स्टॉपेज कम दूरी पर होगा और नमो भारत ट्रेन का स्टॉपेज अधिक दूरी पर होगा।

नमो भारत ट्रेन ट्रैक के पहले चरण में गाजियाबाद के सिद्धार्थ विहार से इकोटेक 6 तक करीब 40 किलोमीटर लंबा ट्रैक बनाया जाएगा। दूसरे फेज में इकोटेक 6 से 33 किलोमीटर का ट्रैक बनाया जाएगा। यह पूरी तरह से एलिवेटेड ट्रैक होगा। नोएडा की एक्वा लाइन मेट्रो को भी नमो भारत ट्रेन से जोड़ा जाएगा। एक्वा लाइन को नोएडा सेक्टर 51 से नॉलेज पार्क 5 तक ले जाया जाएगा।

3 लाख से अधिक लोग करेंगे सफर
इस ट्रैक पर नमो भारत ट्रेन यानी रैपिड रेल 140 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ेगी। मेट्रो की रफ्तार 40 किलोमीटर होगी. जबकि ट्रांजिट रेल 20-30 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से दौड़ेगी। इस रूट पर 2030-31 तक 3 लाख से ज्यादा सफर करेंगे। जबकि 2041 तक इस रूट पर सफर करने वालों की संख्या 5 लाख 30 हजार तक पहुंच जाएगी और 2051 में संख्या 7 लाख के पार होगी। लाइट रेल ट्रांजिट सामान्य रेलगाड़ियों और मेट्रो के मुकाबले कम यात्री क्षमता और कम स्पीड से चलती है। सिंगापुर, थाईलैंड और अमेरिका समेत कई देशों में एलआरटी ट्रेनों का परिचालन होता है इसकी लागत कम होती है। जेवर एयरपोर्ट से लेकर फिल्म सिटी तक 14.6 किलोमीटर की लाइन में एलआरटी चलेगी।

3 से 8 मिनट की देरी पर मिलेगी ट्रेन
इस रेलवे रूट पर एक ही ट्रैक पर तीन सेवाओं मेट्रो, आरआरटीएस और लाइट रेल चलेगी।  जिसमें केवल लूप और सेक्शन अलग-अलग हैं। मेट्रो ट्रेनें 3.5 मिनट के अंतराल पर, रैपिड रेल हर 7 मिनट में और लाइट रेल हर 8 मिनट के अंतराल पर चलेंगी।