मेरठ मंडल में आबकारी विभाग की समीक्षा बैठक, ओवर रेटिंग पर ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाने के निर्देश

-ई-लॉटरी से 100 प्रतिशत आबकारी दुकानें आवंटित करने का लक्ष्य, लाइसेंसधारियों की सख्त निगरानी के आदेश

उदय भूमि
ग्रेटर नोएडा। आबकारी आयुक्त आदर्श सिंह की अध्यक्षता में शुक्रवार को नोएडा सेक्टर-38 स्थित शक्ति सदन गेस्ट हाउस में मेरठ मंडल के सभी जिला आबकारी अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में आबकारी आयुक्त ने जनपदों में आबकारी दुकानों के व्यवस्थापन वर्ष 2025-26 की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की और निर्देश दिया कि ई-लॉटरी के प्रथम चरण में ही सभी दुकानों का 100 प्रतिशत आवंटन सुनिश्चित किया जाए। इस अहम बैठक में संयुक्त आबकारी आयुक्त मेरठ जोन सुनील कुमार मिश्रा, उप आबकारी आयुक्त मेरठ मंडल राकेश कुमार सिंह, गौतमबुद्ध नगर जिलाधिकारी सुबोध कुमार श्रीवास्तव सहित गाजियाबाद, मेरठ, हापुड़, बागपत, बुलंदशहर के जिला आबकारी अधिकारी, सहायक आबकारी आयुक्त और अन्य अधिकारी शामिल हुए। मेरठ मंडल में आबकारी विभाग की सख्ती से अब ओवर रेटिंग, अवैध शराब बिक्री और अनियमितताओं पर पूरी तरह से शिकंजा कसा जाएगा

ओवर रेटिंग पर सख्त निर्देश: जीरो टॉलरेंस नीति होगी लागू
आबकारी आयुक्त आदर्श सिंह ने सभी जनपदों में शराब दुकानों पर ओवर रेटिंग के खिलाफ कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए और कहा कि इस पर जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाएगी। अगर किसी दुकान पर शराब एमआरपी से अधिक दर पर बेची गई तो लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा। निगरानी के लिए विशेष टीमें बनाई जाएंगी और औचक निरीक्षण किया जाएगा। शराब बिक्री में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए डिजिटल पेमेंट और पॉश मशीनों के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा।

एफएल-11 बार लाइसेंसधारियों पर कड़ी निगरानी के निर्देश
• अवैध शराब बिक्री और बिना लाइसेंस शराब परोसने पर होगी कड़ी कार्रवाई।
• एफएल-11 लाइसेंसधारियों की गतिविधियों पर रखी जाएगी सख्त नजर।
• सभी लाइसेंसधारियों को नियमों का पालन करने का सख्त आदेश।

जनवरी-फरवरी की बिक्री के लक्ष्य को पूरा करने के निर्देश
बैठक में आबकारी आयुक्त ने सभी जनपदों को जनवरी-फरवरी 2025 की बिक्री के निर्धारित लक्ष्य को पूरा करने का निर्देश दिया। गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष की निकासी और बिक्री का तुलनात्मक विश्लेषण किया जाएगा। विभागीय अधिकारियों को शराब की कालाबाजारी और अवैध बिक्री पर विशेष नजर रखने के आदेश दिए गए।

ई-लॉटरी से 100 प्रतिशत दुकान आवंटन सुनिश्चित करने का आदेश
– मेरठ मंडल के सभी जनपदों में ई-लॉटरी के प्रथम चरण में ही शत-प्रतिशत आबकारी दुकानें आवंटित करने के निर्देश।
– दुकानों की पारदर्शी प्रक्रिया से आवंटन सुनिश्चित करने पर जोर।

सख्त कार्रवाई और निगरानी की तैयारी
•अवैध शराब बिक्री और बिना लाइसेंस शराब परोसने पर विशेष अभियान चलेगा।
• बार और होटलों में लाइसेंस नियमों का पालन हो रहा है या नहीं, इस पर निगरानी बढ़ेगी।
• शराब विक्रेताओं और लाइसेंसधारियों को समय-समय पर नोटिस जारी किए जाएंगे।

आबकारी आयुक्त आदर्श सिंह ने का कहना है कि मेरठ मंडल में आबकारी विभाग की कार्य प्रणाली को और अधिक पारदर्शी और सख्त बनाया जाएगा। ई-लॉटरी प्रक्रिया के प्रथम चरण में ही 100 प्रतिशत आबकारी दुकानें आवंटित होनी चाहिए, जिससे व्यवस्थापन प्रक्रिया सुचारू रूप से संचालित हो सके। हमने सभी अधिकारियों को यह स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि ओवर रेटिंग के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाए। यदि कोई शराब विक्रेता एमआरपी से अधिक दाम वसूलता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, यहां तक कि लाइसेंस भी निरस्त किया जा सकता है।

एफएल-11 लाइसेंसधारियों (ऑकेजनल बार) पर भी कड़ी निगरानी रखी जाएगी। सभी बार और होटलों में नियमानुसार शराब परोसी जाए, यह सुनिश्चित किया जाएगा। अवैध रूप से शराब परोसने वालों के खिलाफ भी कठोर कार्रवाई होगी। हमने सभी जनपदों को निर्देश दिए हैं कि जनवरी-फरवरी 2025 की बिक्री का लक्ष्य हर हाल में पूरा किया जाए। अवैध शराब बिक्री और तस्करी पर रोक लगाने के लिए प्रभावी रणनीति अपनाई जा रही है। आबकारी विभाग किसी भी प्रकार की अनियमितता बर्दाश्त नहीं करेगा। मेरठ मंडल में शराब बिक्री और टैक्स वसूली को सुचारू और पारदर्शी बनाने के लिए सभी अधिकारियों को सख्ती से निर्देशित किया गया है। अब किसी भी तरह की गड़बड़ी पर तुरंत कार्रवाई होगी।