-सदन और कार्यकारिणी कक्ष में होगा आधुनिक स्वरूप में पुनर्निर्माण, वायरिंग से लेकर फर्नीचर तक बदले जाएंगे सभी इंतज़ाम
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम मुख्यालय के सदन तथा कार्यकारिणी कक्ष में हाल ही में लगी भीषण आग के बाद अब निगम प्रशासन ने मुख्यालय को फिर से व्यवस्थित करने की कमान संभाल ली है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक ने गुरुवार को स्वयं मौके पर पहुंचकर जले हुए सदन कक्ष का निरीक्षण किया और व्यवस्था बहाल करने के निर्देश जारी किए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि निगम मुख्यालय की कार्यप्रणाली में कोई बाधा न आए, इसके लिए तात्कालिक व स्थायी दोनों स्तरों पर कार्य युद्धस्तर पर किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त के साथ अपर नगर आयुक्त अवनींद्र कुमार, मुख्य अभियंता (निर्माण विभाग) नरेंद्र कुमार चौधरी, प्रकाश विभाग और स्वास्थ्य विभाग की टीमें भी मौजूद रहीं। निरीक्षण में यह पाया गया कि आग से सदन कक्ष की संपूर्ण वायरिंग, एसी, पंखे, लाइटें, फर्नीचर व दीवारों को भारी नुकसान हुआ है।
नगर आयुक्त ने बताया कि फायर से प्रभावित संपूर्ण वायरिंग को बदला जा रहा है। प्रत्येक फ्लोर के लिए अलग-अलग लाइट डिस्ट्रीब्यूशन बोर्ड लगाए जा रहे हैं और एसी व अन्य भारी उपकरणों के लिए अलग से विशेष वितरण व्यवस्था तैयार की जा रही है। इस दौरान कार्यों के बाधित न होने के लिए टेम्पररी बिजली सप्लाई की व्यवस्था भी की गई है। जनरेटर की मदद से निगम मुख्यालय में सभी विभागों का काम सुचारू रूप से चल रहा है। नगर आयुक्त ने कहा कि आग से पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुए सदन कक्ष और कार्यकारिणी कक्ष का जल्द ही फिर से निर्माण कराया जाएगा। इनमें नई लाइटिंग, एयर कंडीशनिंग, पंखों और कुर्सी-मेज की आधुनिक व्यवस्था की जाएगी। बैठने की व्यवस्था को और सुव्यवस्थित व आकर्षक बनाने के लिए डिज़ाइन में भी बदलाव होगा। इन कक्षों को एक नई पहचान देते हुए, उन्हें सुंदर और कार्यकुशल स्वरूप में ढाला जाएगा। मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी ने बताया कि बेसमेंट की हालत भी गंभीर है, जहां की छत, दीवारें और अन्य ढांचे आग से पूरी तरह क्षतिग्रस्त हैं।
नगर आयुक्त के निर्देश पर बेसमेंट को तत्काल खाली करवा कर साफ-सफाई, पेंटिंग और नई फॉल्स सीलिंग का कार्य शुरू कर दिया गया है। जल्द ही इसे भी सुरक्षित और उपयोगी स्थिति में लाया जाएगा। नगर आयुक्त ने निर्माण, प्रकाश और स्वास्थ्य विभाग को मिलकर कार्य करने के निर्देश दिए हैं। मौके पर मौजूद प्रकाश विभाग की टीम को वायरिंग कार्य की निगरानी की जिम्मेदारी दी गई है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा साफ-सफाई और संक्रमण रोकथाम के उपाय सुनिश्चित किए जा रहे हैं। नगर निगम प्रशासन की इस त्वरित और सुनियोजित कार्यवाही से यह स्पष्ट है कि गाजियाबाद नगर निगम अपनी संरचनात्मक और प्रशासनिक मजबूती के साथ जल्द ही पूरी तरह पटरी पर लौटेगा। नगर आयुक्त के नेतृत्व में निगम मुख्यालय एक बार फिर पूरी चमक के साथ अपनी भूमिका निभाने को तैयार है।

















