‘संभव’ जनसुनवाई में नगर आयुक्त ने सुनीं आमजन की समस्याएं, 13 मामलों पर तुरंत कार्रवाई

-निर्माण, स्वास्थ्य, जलकल सहित विभिन्न विभागों की शिकायतों पर मौके पर भेजी गईं टीमें

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम मुख्यालय में मंगलवार को आयोजित ‘संभव’ जनसुनवाई कार्यक्रम के अंतर्गत नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक द्वारा आम नागरिकों की समस्याएं गंभीरता से सुनी गईं। इस दौरान कुल 13 संदर्भ प्राप्त हुए, जिन पर नगर निगम के संबंधित अधिकारियों द्वारा तत्काल कार्रवाई की गई। जनसुनवाई का उद्देश्य नागरिकों की समस्याओं का त्वरित, पारदर्शी और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना रहा। संभव जनसुनवाई के दौरान सबसे अधिक शिकायतें निर्माण विभाग से संबंधित प्राप्त हुईं। निर्माण विभाग से जुड़े चार संदर्भ सामने आए, जिन पर नगर आयुक्त के निर्देश पर तत्काल मौके पर टीमें भेजकर आवश्यक कार्रवाई कराई गई। इसके अतिरिक्त स्वास्थ्य विभाग से तीन, उद्यान विभाग से दो, जलकल विभाग से दो, टैक्स विभाग से एक तथा अन्य विभाग से एक संदर्भ प्राप्त हुआ। सभी शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर दर्ज कर संबंधित विभागों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए गए।

लाल कुआं, लोहिया नगर, राजेंद्र नगर, विजयनगर, दौलतपुरा और पटेल नगर क्षेत्रों से पहुंचे शिकायतकर्ताओं ने स्वयं उपस्थित होकर नगर आयुक्त के समक्ष अपनी समस्याएं रखीं। नगर आयुक्त ने प्रत्येक शिकायत को ध्यानपूर्वक सुना और समाधान के लिए मौके पर ही संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए, ताकि नागरिकों को अनावश्यक रूप से भटकना न पड़े। इस अवसर पर अपर नगर आयुक्त जंग बहादुर यादव, उद्यान प्रभारी अधिकारी डॉ. अनुज कुमार सिंह, संपत्ति प्रभारी पल्लवी सिंह, मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार तथा जलकल विभाग के प्रभारी प्रकाश आश कुमार सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

सभी अधिकारियों ने आपसी समन्वय के साथ जन समस्याओं के समाधान की दिशा में तत्परता से कार्य किया। नगर आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि ‘संभव’ के अंतर्गत प्राप्त प्रत्येक संदर्भ का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आमजन को नगर निगम की कार्यप्रणाली पर भरोसा बना रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि नागरिकों की समस्याओं का समाधान नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।