यमुना प्राधिकरण ने छह माह में 1508 एकड़ भूमि खरीदी, 2600 करोड़ रुपये खर्च

उदय भूमि संवाददाता
ग्रेटर नोएडा। यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) ने बीते छह माह के भीतर भूमि अधिग्रहण के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। प्राधिकरण ने इस अवधि में कुल 1508 एकड़ जमीन खरीदी है, जिस पर लगभग 2600 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। यह जानकारी प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) आर.के. सिंह ने दी।

सीईओ आर.के. सिंह ने बताया कि सरकार से प्राधिकरण को अभी लगभग 2500 करोड़ रुपये और मिलने हैं। यह पूरी राशि भी भूमि अधिग्रहण में ही लगाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य की विकास योजनाओं के लिए जमीन की कोई कमी नहीं है और प्राधिकरण के पास पर्याप्त लैंड बैंक तैयार है।आर.के. सिंह के अनुसार, यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में औद्योगिक, आवासीय, व्यावसायिक और बुनियादी ढांचे से जुड़ी परियोजनाओं की मांग लगातार बढ़ रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए योजनाबद्ध तरीके से भूमि खरीदी जा रही है, ताकि आने वाले समय में निवेशकों और आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।

उन्होंने बताया कि भूमि अधिग्रहण पारदर्शी प्रक्रिया के तहत किया गया है और किसानों को नियमानुसार मुआवजा दिया गया है। इससे किसानों में भी संतोष है और प्राधिकरण को विकास कार्यों के लिए आवश्यक भूमि उपलब्ध हो सकी है।सीईओ ने कहा कि तैयार लैंड बैंक से जेवर एयरपोर्ट, औद्योगिक कॉरिडोर, लॉजिस्टिक हब और आवासीय योजनाओं को गति मिलेगी। इससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और आर्थिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी। यमुना प्राधिकरण की यह पहल भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर की गई है। आने वाले वर्षों में बड़े निवेश और परियोजनाओं को देखते हुए प्राधिकरण जमीन को लेकर पूरी तरह सुरक्षित स्थिति में है।