युवा पीढ़ी को नशे बचाने के लिए स्कूल, कॉलेजों में चलाए जागरुकता अभियान: इन्द्र विक्रम सिंह

-डीएम ने ली नॉर्को-आर्डिनेशन मैकेनिज्म (एनसीओआरडी) की बैठक

गाजियाबाद। नशा एक ऐसी बुराई है, जिससे इंसान का अनमोल जीवन समय से पहले समाप्त हो जाता है और उसके परिवार को कठिन परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है। युवा वर्ग में नशा करने के बढ़ती प्रवृति बहुत गंभीर समस्या है। नशे से अपराधों में भी वृद्धि होती है। इसलिए नशे से दूर रखने के लिए जागरूकता अभियान में तेजी लाने की जरूरत है। यह बातें सोमवार को डीएम इन्द्र विक्रम सिंह ने कलेक्ट्रेट महात्मा गांधी सभागार में नार्को-आर्डिनेशन मैकेनिज्म (एनसीओआरडी) की बैठक में कहीं। उन्होंने कहा जनपद में नशा उन्मूलन एवं जनजागरूकता अभियान चलाया जायें। ड्रग के विरोध में मार्च/दौड़/रैली निकाली जाये। एसएमएस, बैनर्स, पोस्टर्स, होर्डिंगों आदि द्वारा प्रचार-प्रसार किया जाये। नशा विरोधी जागरूकता अभियान के अंतर्गत जागरूकता पखवाड़ा मनाये जाने के निर्देश दिए। साथ उसका व्यापक प्रचार-प्रसार कराये जाने के निर्देश दिए।

स्कूल कॉलेजों में एक दिन आवश्यक रूप से नशे के विरूद्ध जन जागरूकता अभियान चलाया जाए, जिसमें निबंध, वाद-विवाद, भाषण, चित्रकला आदि प्रतियोगिता आयोजित की जाये। एलईडी डिस्पले के माध्यम से नशा मुक्ति के लिए सूक्ष्म विडियो/ऑडियो क्लिप के माध्यम से गाजियाबाद क्षेत्र के सभी बस स्टेशनों पर उद्घोषणा यंत्र द्वारा व्यापक प्रचार-प्रसार किये जाने और परिवहन निगम के अनुबंधित ढाबों पर भी नशा मुक्ति से सम्बन्धित होर्डिंगस/बोर्ड लगाये जाने के निर्देश दिए। जनपद में संघन चैकिंग अभियान चलाकर अवैध मादक पदार्थो की तस्करी पर पूर्ण रूप से विराम लगाये जाने के निर्देश दिए। एडीएम सिटी गंभीर सिंह ने कहा कि जनपद गाजियाबाद में देश-प्रदेश एवं विदेश के नागरिक पर्यटन के लिए एवं छात्र आते हैं।

यदि वे गलत लोगों की संगत में आ गए तो उनके साथ कोई अप्रिय घटना घट सकती है और यदि कोई छात्र उनकी संगत में आ गया तो उनकी जिन्दगी खराब जाएगी जिससे उसका परिवार भी बरबाद हो सकता है। इन सभी घटनाओं को रोकने के लिए हमेशा तत्पर रहना है। बैठक में एडीएम सिटी गंभीर सिंह, जिला आबकारी अधिकारी संजय कुमार प्रथम, एसीपी प्रिया श्रीपाल, जिला सूचना अधिकारी योगेन्द्र प्रताप सिंह, पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय) सदस्य/संयोजक व सदस्यों में शिक्षा/स्वास्थ्य सामाजिक न्याय विभाग, वन और कृषि विभाग, ज्यूरिडिक्शन एसी/सेंट्रल जीएसटी विभाग, डीसी ऑफ कष्टम्स, सीमावर्ती राज्य सीमावर्ती गार्डिंग्स एजेंसी, प्रभावित क्षेत्र के एसडीएम, पुलिस उपाधीक्षक एएनटीएफ यूनिट मेरठ, जिला ड्रग इंस्पेक्टर, एनसीबी विभाग के प्रतिनिधि सहित संबंधित विभाग के अधिकारियों/प्रतिनिधियों उपस्थित रहे।