दिल्ली में कोरोना की वापसी, नए केस में वृद्धि

24 घंटे के भीतर 7 हजार से ज्यादा नए मरीज

नई दिल्ली। देश में कोविड-19 (कोरोना वायरस) का प्रकोप रूक नहीं पाया है। दिल्ली में कोरोना की तीसरी लहर ने चिंता बढ़ा दी है। राजधानी में पिछले 24 घंटे के भीतर कोरोना के 7 हजार से ज्यादा नए केस सामने आए हैं। दिल्ली में एक दिन के भीतर इतनी तादात में कोरोना पॉजिटिव केस पहली बार आए हैं। इससे केजरीवाल सरकार की मुश्किलें भी बढ़ गई हैं। कोरोना की रोकथाम को सरकार हरसंभव कोशिश करने का दावा कर रही है। देश में कोरोना वायरस का प्रकोप और खौफ कायम है। त्यौहारी सीजन में नागरिकों का घरों के भीतर रूकना संभव नहीं है। खरीदारी के लिए बाजारों में प्रतिदिन काफी भीड़ उमड़ रही है। ऐसे में कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन होता नजर नहीं आ रहा। इसके चलते कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा बढऩे की संभावना ज्यादा है। दिल्ली में कोरोना वायरस ने एक बार फिर वापसी की है। पिछले 24 घंटे के भीतर 7 हजार से अधिक नए केस आए हैं। जबकि 64 से ज्यादा मरीजों की मौत हो गई है। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल खुद कोरोना की तीसरी लहर की बात कर चुके हैं। दिल्ली हाईकोर्ट भी सरकार को फटकार लगा चुकी है। कोर्ट ने इतना तक कह दिया कि जल्द दिल्ली कोरोना कैपिटल बन सकती है। कोरोना केस बढऩे के बीच प्राइवेट अस्पतालों में बेड की कमी की बात भी सामने आ रही है। जबकि दिल्ली सरकार का दावा है कि शहर में बेड की कोई कमी नहीं है। केजरीवाल सरकार का कहना है कि कोरोना वायरस से निपटने को हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। सरकार ने नागरिकों से एहतियात बरतने की अपील की है। बता दें कि विशेषज्ञों ने सर्दी के मौसम में कोरोना का प्रकोप बढऩे की आशंका जाहिर की थी। इसके बावजूद नागरिक सतर्क नहीं हैं। बाजारों में खरीदारी करते समय मास्क का प्रयोग और सोशल डिस्टेंसिंग का ख्याल नहीं रखा जा रहा है।