निगम कर्मचारियों ने बता दिया चुनाव में किसकी लगेगी लंका और किसके सिर सजेगा जीत का सेहरा

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। नगर निगम कर्मचारी यूनियन के चुनाव में मतदाताओं की संख्या लगभग 300 है। यही कर्मचारी वोट डालकर विजेता का निर्णय करेंगे। कर्मचारी मतदाता हैं और यूनियन प्रत्याशियों के भाग्य विधाता भी हैं। कर्मचारी अपनी अहमियत समझते हैं। उन्हें यह भी पता है कि किसके पक्ष में वोट डालने से उनका फायदा होगा। कुछ कर्मचारी मुखर हैं वह खुलकर अपनी बात रख रहे हैं और अपनी पसंद के प्रत्याशी के लिए वोट की अपील भी कर रहे हैं। लेकिन ज्यादातर कर्मचारी साइलेंट हैं और इशारों में ही अपनी बात रख रहे हैं। आइये जानते हैं युनियन चुनाव को लेकर कर्मचारियों का क्या कहना है।

कोई जीते सभी अपने हैं। मैं किसको वोट दूंगा यह महत्वपूर्ण नहीं है। वोट जिसको भी दूंगा वह जीतेगा। जिसको नहीं दूंगा वह भी हमारे साथी हैं।
: नागेश्वर प्रसाद

सद्भावना पूर्वक चुनाव संपन्न हो। चुनाव परिणाम कुछ भी होगा जीत कर्मचारियों की होगी। आगे सभी मिलजुल कर काम करेंगे। चुनाव होते ही प्रतिद्वंदिता खत्म हो जाएगी।
: नितिन भारद्वाज

जो भी पैनल जीते उसका दायित्व है कि वह सभी को अपने साथ लेकर चले। मिलजुल काम करेंगे तो सभी का फायदा होगा। यूनियन बनाने का उद्देश्य भी कर्मचारियों की एकता है।
: पवन गिरी

दोनो पैनल में टक्कर है। कोई भी पैनल जीत सकता है। कर्मचारी साइलेंट हैं और मुकाबला रोचक है। देखना होगा किसको जीत मिलती है।
: पवन कुमार

यूनियन कर्मचारी के हित में काम करने वाला होना चाहिये। दोनों पैनल मजबूत है। जिसने कर्मचारियों के हित में काम किया है उसकी जीत होनी चाहिये।
: हरीश त्यागी

बदलाव की बयार है। इस बार चुनाव में बदलाव होगा। कर्मचारियों का भला बदलाव में ही है। कर्मचारियों ने मन बना लिया है। शेर पैनल को जिताना है।
: अरविंद त्यागी

29 की शाम को पता चलेगा कि कौन जीतेगा। फिलहाल कोई नहीं बता सकता कि कौन जीत सकता है। दोनों पैनल मेहनत कर रहे हैं।
: फारूख अली खान

कर्मचारी बता नहीं रहे हैं कि वह किसको वोट देंगे। ऐन टाइम पर पता चलेगा। अभी कोई नहीं कह सकता किसको ज्यादा वोट मिलेगा।
: करण बहादुर

जो भी पैनल चुनाव जीतकर आये उसका पहला कर्तव्य कर्मचारियों के हितों के लिए काम करना होना चाहिये। मेडिक्लेम फैसिलिटी कर्मचारियों को मिले। इसके लिए काम करना होगा।
: विशाल गौरव

आया आया शेर आया। यही नारा चुनाव में गूंज रहा है। अनुराग नागर का पैनल बंपर वोटों से चुनाव में जीत हासिल करेगा। कर्मचारियों की यही भावना है।
: विनोद त्यागी

दोनों पैनल के प्रत्याशी भाई हैं। जो पैनल जीतेगा उसका सम्मान है और जो पैनल हारेगा उसका भी सम्मान है।
: राजकुमार सिंह

दोनों मेरे बच्चे हैं। दोनों को मैंने आर्शिवाद दिया है। जीत तो एक की ही होगी लेकिन काम दोनों को एक साथ करना चाहिये।
: विमलेश

दोनों पक्षों में बराबरी की टक्कर है। कोई भी पैनल जीत सकता है। सभी पैनल को कर्मचारियों के हित में काम करना चाहिये।
: सारिका वर्मा

 

अनुराग पैनल मजबूत है। ज्यादातर कर्मचारी उसके साथ हैं। पैनल को अधिक वोट मिलेंगे और जीत होगी।
: आशीष सिंघल

अनुराग और मयूर पैनल ही जीतेगा। यही कर्मचारियों का रुख है। शेर का पैनल जीत की ओर अग्रसर है।
: गौरव शर्मा

सब बढ़िया है। दोनों पैनल अच्छे तरीके से चुनाव लड़ रहे हैं। जिसकी भी जीत होगी वहीं कर्मचारियों के लिए काम करेगा।
: हरिओम पाठक

निष्पक्ष चुनाव हो। जो भी जीतकर आये द्वेष भावना का त्याग कर कर्मचारियों के हित में काम करे। दोनों पैनल के प्रत्याशियों को मेरी शुभकामनाएं।
: देवेंद्र कुमार

दोनों पैनल में कांटे की टक्कर है। दोनों पक्ष के प्रत्याशी मजबूत हैं। जिसने कर्मचारियों के हित में काम किया है उस पैनल को अधिक समर्थन मिलेगा।
: अमित शर्मा

यह कर्मचारियों का आपसी चुनाव है। जोश का माहौल है। जीत तो किसी एक की ही होगी। लेकिन मुकाबला कांटे का है।
: गौरव शर्मा

जो भी जीते कर्मचारियों के हित में काम करे। कौन जीतेगा यह अभी बताना ठीक नहीं है। सभी नगर निगम के कर्मचारी हैं और एक हैं।
: विपिन शर्मा

यूनियन के पदाधिकारी कर्मचारियों की आवाज होते हैं। ऐसे में जो भी पैनल जीतेगा उसे कर्मचारियों के मुद्दे उठाने होंगे।
: गौरांग कौशिक

शेर पैनल जीत रहा है। कर्मचारियों के काम नहीं कराये गये। इसलिए कर्मचारी परिवर्तन चाहते हैं। शेर पैनल कर्मचारियों के अधिकार के लिए लड़ेगा।
: प्रदीप राठी

कर्मचारियों ने मन बना लिया है किसको वोट देना है। बस वह बता नहीं रहे हैं। मतदान से पहले ही स्थिति साफ हो जाएगी।
: सतवीर यादव
कर्मचारी चाहते हैं कि उनकी बातों को सुनने और शिकायतों को दूर कराने वाला प्रत्याशी जीत हासिल करे। कौन जीतेगा यह मुझे पता नहीं है।
: धीरज शर्मा