-अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात ने नगर निगम की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया
-इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर और ट्रैफिक सिस्टम से मिली शहरवासियों को त्वरित सुविधा
-बायोडायवर्सिटी पार्क को एनसीआर का सबसे भव्य और आकर्षक पर्यटन स्थल बनाने के दिए निर्देश
-विजयनगर जोनल कार्यालय एवं पौधारोपण परियोजना का निरीक्षण, नगर निगम की सृजनात्मक कार्यशैली की सराहना
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश सरकार के पर्यटन, संस्कृति एवं धर्मार्थ कार्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात ने शनिवार को नगर निगम द्वारा संचालित विभिन्न महत्वाकांक्षी परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने नगर निगम मुख्यालय में बने इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर, इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम, बायोडायवर्सिटी पार्क तथा विजयनगर जोनल कार्यालय की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लिया। नगर निगम मुख्यालय स्थित आई ट्रिपल सी भवन में अपर मुख्य सचिव ने एक ही कार्यालय में संचालित 311 नागरिक सेवा प्रणाली, जन शिकायत निवारण प्रणाली, कंट्रोल रूम, वाहन ट्रैकिंग मॉनिटरिंग सिस्टम तथा इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के कार्यों को देखा। उन्होंने कहा कि एक ही भवन में जन समस्याओं के समाधान की यह व्यवस्था अत्यंत सराहनीय है और इससे शहरवासियों को त्वरित सुविधा मिल रही है। निरीक्षण के दौरान महापौर सुनीता दयाल, जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़, गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष नंदकिशोर कलाल, नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक, मुख्य विकास अधिकारी अभिनव गोपाल तथा अतिरिक्त पुलिस आयुक्त आलोक प्रियदर्शी भी उपस्थित रहे। अधिकारियों द्वारा इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम के अंतर्गत चल रहे ट्रायल का लाइव प्रदर्शन किया गया। इसी क्रम में अपर मुख्य सचिव एवं महापौर द्वारा हापुड़ चुंगी चौराहे पर बिना हेलमेट स्कूटी चला रहे वाहन चालक का चालान काटकर प्रणाली की कार्यक्षमता का परीक्षण किया गया।
नगर आयुक्त ने जानकारी दी कि कैमरा आधारित यातायात प्रबंधन प्रणाली न केवल ट्रैफिक को सुगम बना रही है, बल्कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर भी प्रभावी निगरानी रखी जा रही है। इसके साथ ही नगर निगम के विभिन्न कार्यों की भी मॉनिटरिंग संभव हो पा रही है। अपर मुख्य सचिव अमृत अभिजात ने कहा कि इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर के माध्यम से 311 एप्लीकेशन, जन शिकायत निवारण प्रणाली, कंट्रोल रूम और वाहन ट्रैकिंग सिस्टम का सफल क्रियान्वयन गाजियाबाद नगर निगम की बड़ी उपलब्धि है। इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम से यातायात व्यवस्था सुदृढ़ होगी और शहरवासियों को जाम से राहत मिलेगी। उन्होंने नगर निगम टीम के कार्यों की प्रशंसा करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया। इसके उपरांत नगर आयुक्त एवं निगम अधिकारियों द्वारा नगर निगम के महत्त्वपूर्ण प्रोजेक्ट बायोडायवर्सिटी पार्क का निरीक्षण कराया गया। अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि बायोडायवर्सिटी पार्क को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र का सबसे भव्य, आकर्षक और सुविधाजनक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाए। उन्होंने विशेषज्ञों की सहायता से वैज्ञानिक पद्धति पर पार्क की योजना तैयार करने तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
विजयनगर जोन अंतर्गत नव निर्मित जोनल कार्यालय का भी निरीक्षण किया गया। भवन निर्माण पूर्ण हो चुका है। उद्घाटन से पूर्व विद्युत, इंटरनेट व्यवस्था तथा अग्निशमन संयंत्र की पूर्ण कार्यशीलता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान अपर मुख्य सचिव ने विजयनगर क्षेत्र स्थित आर्मी ग्राउंड में छह माह पूर्व किए गए पौधारोपण स्थल का भी अवलोकन किया। 18 हजार वर्ग मीटर भूमि पर लगाए गए 55 हजार पौधे अब छह फीट से अधिक ऊंचाई प्राप्त कर चुके हैं। पौधों को वृक्ष का रूप लेते देख उन्होंने नगर निगम उद्यान विभाग की सराहना की। नगर आयुक्त ने बताया कि कूड़ा हटाकर मियावाकी पद्धति से पौधारोपण किया गया था, जिसमें 50 से अधिक प्रजातियों के फलदार और फूलदार पौधे लगाए गए हैं।
इस क्षेत्र में सिंदूर, पीपल, नीम, जामुन, कदम, पिलखन, अशोक, अर्जुन, कोनोकार्पस, चक्रेसिया, आम, गुलमोहर, बेल, पत्थरचट्टा, बॉटल ब्रश तथा अमरूद सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाए गए हैं, जो अब वृक्ष बनते जा रहे हैं। यह क्षेत्र वर्तमान में ऑक्सीजन हब के रूप में विकसित हो रहा है। नगर निगम द्वारा भविष्य में भी रिक्त भूमि पर व्यापक पौधारोपण की योजना बनाई गई है। इस अवसर पर अपर नगर आयुक्त अवनींद्र कुमार, अपर नगर आयुक्त जंग बहादुर यादव, मुख्य अभियंता निर्माण नरेंद्र कुमार चौधरी, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार, महाप्रबंधक जल कामाख्या प्रसाद आनंद, प्रभारी संपत्ति पल्लवी सिंह तथा प्रकाश प्रभारी आशु कुमार भी उपस्थित रहे।

















