गाजियाबाद में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने कहा मिशन शक्ति से ग्रामीण के साथ शहर की महिलाओं को मिल रही आर्थिक आजादी

महिलाओं को स्वावलंबी बनाने में स्वयं सहायता समूह कारगर, राज्यपाल ने महिला सशक्तिकरण को लेकर वितरण की किट, उन्होंने कहा महिलाओं को स्वावलंबी बनाने एवं उनकी आर्थिक उन्नति के लिए महिला स्वयं सहायता समूह योजना से महिलाओं में निरंतर विकास हो रहा हैं। महिला स्वयं सहायता समूह महिलाओं के उत्थान के लिए मील का पत्थर साबित हो रही है। राज्यपाल ने कहा कि सामाजिक कुरीतियों को मिटाने में महिलाओं की शक्ति का बहुत ही महत्वपूर्ण योगदान है।

गाजियाबाद। महिला सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की मुहिम मिशन शक्ति कारगर साबित हो रही है। इस मिशन के तहत ग्रामीण महिलाओं के साथ शहर की महिलाओं को भी आत्मनिर्भर बनाने के लिए नया आधार मिल रहा है। यह बातें रविवार को प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने आईटीएस मोहनगर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान कहीं। उन्होंने कहा महिलाओं को स्वावलंबी बनाने एवं उनकी आर्थिक उन्नति के लिए महिला स्वयं सहायता समूह योजना से महिलाओं में निरंतर विकास हो रहा हैं। महिला स्वयं सहायता समूह महिलाओं के उत्थान के लिए मील का पत्थर साबित हो रही है। राज्यपाल ने कहा कि सामाजिक कुरीतियों को मिटाने में महिलाओं की शक्ति का बहुत ही महत्वपूर्ण योगदान है। इसे आगे आकर कार्य करना चाहिए। ताकि समाज में दहेज प्रथा जैसी कुरीति समाप्त हो सकें। उन्होंने महिलाओं से आहवान किया कि सभी महिलाएं अपने बच्चों को पढ़ाने पर विशेष ध्यान दें। राज्यपाल रविवार सुबह करीब 12 बजे वह हेलीकाप्टर से सीआईएसएफ परिसर में उतरी। यहां से सड़क मार्ग से साढ़े 12.30 बजे आईटीएस मोहन नगर में पहुंचकर 4 कार्यक्रम में 181 आंगनबाड़ी केंद्रों को गोद लिया गया। 81 में विभिन्न विश्वविद्यालय व 100 को प्रशासन विभिन्न औद्योगिक संस्थाओं से कारपोरेट सोशल रेस्पोंसब्लिटी के तहत सुविधाएं विकसित कराएगा। राज्यपाल ने 10 आंगनबाड़ी कार्यक्रत्रियों को प्री स्कूल किट भेंट की। गर्भवती महिलाओं की गोदभराई का आयोजन भी किया गया। इसके बाद राज्यपाल ने टीबी ग्रस्त बच्चों को गोद लेने वाली संस्थाओं को भी सम्मानित किया। करीब साढ़े तीन बजे राज्यपाल आनंदी बेन डासना जिला जेल पहुंची।

राज्यपाल ने कराई गर्भवती महिलाओं की गोद भराई
राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने 6 कार्यक्रमों में शिरकत की। महिला सशक्तिकरण को लेकर जिले में कार्यक्रम आयोजित किए गए। एकेटीयू विश्वविद्यालय एवं चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ एवं जिला प्रशासन के संयुक्त प्रयास से मोहन नगर स्थित आईटीएस कॉलेज में राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की अध्यक्षता में भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिले की आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को केंद्रों को सुविधा संपन्न बनाने उद्देश्य से किट का वितरण किया। राज्यपाल ने गर्भवती महिलाओं की गोद भराई कराई एवं 6 माह के बच्चों का अन्नप्राशन भी कराया। महिलाओं के समूह को आर्थिक विकास के उद्देश्य से चेक का वितरण किया। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने आईटीएस कॉले में आंगनबाड़ी केंद्रों को सुदृढ़ बनाने एवं सुविधा संपन्न बनाने के उद्देश्य से 181 आंगनबाड़ी केंद्रों को किट वितरित की। राज्यपाल ने 1054 स्वयं सहायता समूह को वित्तीय सहायता प्रदान की। इसमें 500 से ज्यादा समूहों को स्टार्ट अप दिया गया। 356 स्वयं सहायता समूह को रिवाल्विंग फंड दिया गया। इसके अलावा 198 स्वयं सहायता समूह को सीआईएफ दिया गया। रिवाल्विंग फंड के तहत प्रत्येक समूह को 15 हजार रुपए, सीआईएफ में 1 लाख 10 हजार रुपए की धनराशि दी गई। स्टार्ट अप में 2500 रुपए के चेक राज्यपाल द्वारा वितरित किए गए। 1054 स्वयं सहायता समूहों के लगभग 11 हजार सदस्यों को 2 करोड़ 83 लाख 70 हजार रुपए के चेक वितरित किए। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने संबोधित करते हुए कहा कि बालिकाओं को पढ़ाने के लिए सभी महिलाएं विशेष प्रयास सुनिश्चित करें। ताकि महिला सशक्तिकरण को तेजी से बढ़ाया जा सके।

30 लाभार्थियों को बांटे गोल्डन कार्ड
प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना का लाभ पात्र लाभार्थियों को पहुंचाने के उद्देश्य से पात्र लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड वितरित किए। टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में सहयोग प्रदान कर रही संस्थाओं के प्रतिनिधियों का प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इंजीनियरिंग कॉलेजों के प्रतिनिधियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान देकर सम्मानित किया। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना का लाभ पहुंचाने के लिए 30 लाभार्थियों को गोल्डन कार्ड वितरित किए। उन्होंने टीबी के मरीजों को चिन्हित करने उन्हें इलाज संभव कराने में स्वास्थ्य विभाग का सहयोग प्रदान किया गया। ऐसी 6 संस्थाओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

स्किल डेवलपमेंट के लिए 3 एलईडी, 5 कंप्यूटर सेट किए प्रदान
राज्यपाल डासना जिला कारागार में पहुंची। वहां पर महिला कैदियों को सुविधा प्रदान करने के उद्देश्य से महिला बैरक में एलईडी लगाने के उद्देश्य से 3 एलईडी, स्किल डेवलपमेंट करने के उद्देश्य से 5 कंप्यूटर सेट एवं महिला कैदियों के बच्चों को वस्त्र एवं खिलौने का वितरण किया। दुहाई स्थित वृद्धाआश्रम में कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने दो एसी एवं एलईडी राजभवन के माध्यम से उपलब्ध कराई। राज्यपाल ने डासना जिला जेल में पहुंचकर महिलाओं को सशक्त बनाने के उद्देश्य से महिला बैरक में लगाने के उद्देश्य से तीन एलईडी एवं महिलाओं के स्किल डेवलपमेंट करने के उद्देश्य से 5 कंप्यूटर सेट तथा महिलाओं कैदियों के बच्चों को कपड़े एवं खिलौने भी प्रदान किए गए। उन्होंने कहा जो महिलाएं किसी भी मामले में जेल में बंद है। जब वह यहां से मुक्त होकर घर जाएंगी तो वह शांति पूर्वक जीवन की सीख लेकर जाएं तथा अपने आगे के जीवन को शांतिप्रिय रूप से मनाएं तथा अपने घर एवं परिवार के विकास के लिए विशेष योगदान दें। उनके सामने रोजगार व स्वरोजगार के रास्ते खोलना है।

राज्यपाल ने की 6 कार्यक्रम में शिरकत
प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने 6 कार्यक्रम में शिरकत की। मोहननगर स्थित आईटीएस कॉलेज में जहां आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को सम्मानित किया। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह, मेयर आशा शर्मा, जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह, एसएसपी पवन कुमार, सीडीओ अस्मिता लाल, नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर, जिला पंचायत अध्यक्ष ममता त्यागी, एकेटीयू के कुलपति प्रोफेसर विनीत कंसल, चौधरी चरण सिंह विश्व विद्यालय मेरठ के कुलपति प्रोफेसर नरेंद्र कुमार तनेजा, परियोजना निदेशक पीएन दीक्षित, सीएमओ डॉ. भवतोष शंखधर, एडीएम सिटी विपिन कुमार आदि अधिकारियों की मौजूदगी में कार्यक्रम के दौरान प्रमाण पत्र भी वितरित किए। राज्यपाल ने केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह के साथ महिला कैदियों से बातचीत की। इसके बाद दुहाई स्थित वृद्धाश्रम में काफिला पहुंचा। राज्यपाल ने वृद्धाश्रम का निरीक्षण किया। आश्रम में रह रहे बुजुर्गों के साथ बैठक की। इसके बाद वह गौतमबुद्ध नगर के लिए रवाना हो गई।