– नवनियुक्त उपाध्यक्ष कृष्णा करूणेश ने किया कार्यालय का निरीक्षण, मिली गंदगी, दी चेतावनी
गाजियाबाद। शिकायतों का निस्तारण और व्यवस्था दुरूस्त रखना ही हमारी प्राथमिकता होनी चाहिये। स्वागत कक्ष में आंगतुकों की समस्या सुनने, कार्यालय की स्वच्छता और समस्त रिकार्ड को दुरूस्त एवं अप-टू-डेट रखना होगा। शनिवार को जीडीए कार्यालय का निरीक्षण करते हुए नवनियुक्त उपाध्यक्ष कृष्णा करूणेश ने जीडीए अधिकारियों से यह बातें कही। जीडीए उपाध्यक्ष ने सार्वजनिक रूप से नाराजगी नहीं दिखाई लेकिन व्यवस्थाओं को लेकर संतुष्ट नहीं दिखे। निरीक्षण के दौरान कई तरह की अव्यवस्थाएं दिखी। कहीं गंदगी दिखी तो कहीं बायोमैट्रिक अटेंडेंस मशीन खराब मिले।
गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष का चार्ज लेने के बाद कृष्णा करूणेश ने कहा था कि वह हर उस कार्य को प्राथतिकता देंगे जिससे जीडीए की आर्थिक स्थिति पटरी पर लौटे और गड़बडिय़ों पर पूर्ण विराम लगे। विदित हो कि जीडीए बुरे हालात से गुजर रहा है। जीडीए की आर्थिक हालत इस कदर खराब रही है कि कई बार उसके पास कर्मचारियों को तनख्वाह देने तक के पैसे नहीं रहे हैं। जीडीए की इस दशा के लिए जीडीए के अधिकारी ही जिम्मेदार भी हैं। ऐसे में नवनियुक्त उपाध्यक्ष को कई चुनौतियों से जूझन पड़ेगा। शनिवार को जीडीए उपाध्यक्ष ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कार्यालयों के अलावा स्वागत कक्ष, रिकॉर्ड रूम, कंप्यूटर रूम आदि का औचक निरीक्षण किया। जीडीए कार्यालय के बेसमेंट में गंदगी मिलने पर अप्रसन्नता जाहिर करते हुए सफाई व्यवस्था सुधारने के साथ-साथ रिकॉर्ड दुरूस्त रखने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि रिकॉर्ड में कोई भी खामी पाई गई तो संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कंप्यूटर अनुभाग में बेहतर तरीके से अनुभागों का कार्य करने के निर्देश दिए। वहीं, स्वागत कक्ष में प्रभारी एमपी सिंह से वहां की व्यवस्थाओं को लेकर जानकारी प्राप्त की और कहा कि पीडि़तों की हर शिकायतों को दर्ज कराकर उनका निस्तारण करने के लिए संबंधित अनुभाग के प्रभारी को तत्काल भेजी जाए। जिससे कि समय से लोगों की शिकायतों का निस्तारण हो सके। उन्होंने समस्त अधिकारियों, कर्मचारियों एवं इंजीनियरों को समय से कार्यालय में उपस्थित होने की सख्त हिदायत दी। इस पर किसी तरह की लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जीडीए उपाध्यक्ष ने हाजिरी लगाने के लिए लगाई गई बायोमैट्रिक अटेंडेंस मशीनों को भी चेक किया। इनमें से कई मशीन बंद मिली। उन्होंने तत्काल इसे ठीक कराने और व्यवस्था सुधारने का निर्देश दिया।















