पुरानी टीएसी भंग, नगर निकायों में बनेंगी नई समितियां
गाजियाबाद। जिले में नगर पालिका परिषद-नगर पंचायत क्षेत्रों में 14वें वित्त आयोग और अवस्थापना विकास निधि एवं पालिका और पंचायत निधि से कराए जाने वाले विकास कार्यों की गुणवत्ता की जांच एवं सत्यापन करने वाली टीएसी समिति को भंग कर दिया गया। शुक्रवार को कलेक्ट्रेट स्थित महात्मा गांधी सभागार मेंं जिलाधिकारी डॉ.अजय शंकर पांडेय ने नगर पंचायत अधिशासी अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में जिलाधिकारी ने निधि से होने वाले कार्यों की समीक्षा की। जिलाधिकारी ने समीक्षा करने के बाद टीएसी कमेटी को भंग कर दिया। नई कमेटी का जल्द गठन करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने अधिशासी अधिकारियों एवं अवर अभियंता को निर्देशित किया कि निर्माण संबंधी कार्यों को गुणवत्तापूर्ण और निर्धारित समय के अंदर पूरे कराए जाए। अगर किसी तरह की शिथिलता संज्ञान में आई तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। जिलाधिकारी ने कहा कि निर्माण कार्यों में कमीशनखोरी किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यह सभी का दायित्व है कि निर्माण कार्यों का आमजन को अधिक से अधिक लाभ पहुंचाना है। डीएम ने एडीएम एलए कमलेश चंद्र वाजपेयी को निर्देशित किया कि 14 जुलाई 2019 से वर्तमान तक जिले में जितने भी निर्माण कार्य स्वीकृत किए गए हैं। उनमें कार्यों की प्रगति की स्थिति से अवगत कराएं। इनकी सूची प्राप्त होते ही उन कार्यों की गुणवत्ता जांच अलग-अलग टीएसी गठित कर कमेटी से जांच कराई जाएगी। किसी प्रकार की कोई अनियमितता पाई गई तो संबंधित का उत्तरदायित्व निर्धारित करते हुए उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने जिले में नगर पालिका परिषद ओर नगर पंचायतों के निर्माण कार्यों की जांच गठित एक टीएसी समिति से कराए जाने की पुरानी परंपरा को समाप्त करते हुए पुरानी गठित टीएसी समिति को भंग करते हुए अब प्रत्येक कार्य की गुणवत्ता की जांच के लिए अलग-अलग टीएसी समितियां गठित की जाएगी। ताकि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता का सत्यापन सही प्रकार से हो सके। समिति निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की जांच करेगी। सइके साथ ही कार्य की आंगणन की रेंडम जांच एवं टेंडर संबंधित मूल पत्रावली की जांच करेगी। इसके बाद ही ठेकेदारों को भुगतान करने की कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने बैठक में अधिशासी अधिकारियों को 10 दिन का समय प्रदान करते हुए निर्देश दिए कि वह अपने यहां पर होने वाले नए निर्माण कार्यों के प्रस्ताव मुख्यालय पर जरूर उपलब्ध कराएं। कोविड-19 महामारी से बचाव के लिए जिलाधिकारी ने सभी अधिशासी अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने-अपने क्षेत्रों मेंं पब्लिक एड्रेस सिस्टम को प्रभावी बनाएं। लोगों को कोविड प्रोटोकॉल का पालन करने के लिए जागरूक करें। भीड़भाड़ वाले स्थानों पर ड्रोन के माध्यम से निगरानी रखें। लोनी में एसडीएम खालिद अंजुम एवं नगर पालिका परिषद की अधिशासी अधिकारी ने ड्रोन कैमरो के जरिए निगरानी कराई। अधिशासी अधिकारी व्यापार मंडल के पदाधिकारियों के साथ संपर्क कर लोगों को मास्क वितरण कराकर कोविड-19 के प्रोटोकॉल के पालन करने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने निर्देश दिए कि वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए सभी अधिकारी को निर्देश दिए कि वह अपने-अपने क्षेत्रों में कूड़ा जलाने वालों पर नजर रखे और उन पर कार्रवाई करने के लिए सचल दल एवं निगरानी समितियां तत्काल प्रभाव से गठित करें। ताकि इन पर नजर रखी जा सके। इस दौरान एडीएम एलए कमलेश चंद्र वाजपेयी,एडीएम प्रशासन संतोष कुमार वैश्य,एसडीएम और नगर पालिका परिषद खोड़ा-मकनपुर के अधिशासी अधिकारी केेके भड़ाना,मुरादनगर पालिका के अधिशासी अधिकारी निहारिका चौहान,लोनी की शालिनी गुप्ता मौजूद रहे।















