Noida Authority – 3 ठेकेदारों पर 21 लाख का जुर्माना

नोएडा। शहर में पार्कों का रख-रखाव की जिम्मेदारी को कुछ ठेकेदार बखूवी ढंग से नहीं निभा रहे हैं। इससे हरियाली को बढ़ावा देने की मुहिम प्रभावित हो रही है। Noida Authority की मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) रितु माहेश्वरी ने गुरुवार को विभिन्न पार्कों की स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान ढेरों खामिया मिलने से सीईओ का पारा चढ़ गया। पार्कों की देखभाल में लापरवाही बरते जाने पर 3 ठेकेदारों पर 21 लाख रुपए का जुर्माना किया है। तीनों ठेकेदारों को ब्लैक लिस्ट करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

मानसून के मौसम में Noida Authority निरंतर शहर में हरियाली को बढ़ावा देने की कोशिशों में जुटा है। इसके मद्देनजर विभिन्न कार्य कराए जा रहे हैं। पार्कों की हालत सुधारने पर भी जोर दिया गया है। इसी क्रम में Noida Authority की CEO Ritu Maheshwari ने पार्कों का निरीक्षण किया। उन्हें शिमला पार्क सेक्टर-12 नोएडा की हालत खराब मिली। वहां काफी समय से सफाई कार्य बंद पड़ा था। पार्क की देख-रेख के लिए एकमात्र माली की तैनाती थी। इस सेक्टर के पार्कों की देखभाल का दायित्व 7 विभागीय मालियों पर है। CEO Ritu Maheshwari ने मालियों के खिलाफ कार्रवाई करने तथा संविदा कर्मचारियों की सेवा समाप्त करने के निर्देश दिए हैं। इसी प्रकार सेक्टर-62 में निरीक्षण के दौरान काम संतोषजनक न मिलने पर CEO ने ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट किए जाने के निर्देश दिए।

ए ब्लॉक सेक्टर-63 पार्क में कोई श्रमिक काम करते नहीं मिला। वहां पर कूड़ा-करकट फैला पड़ा था। वहां के ठेकेदार को भी ब्लैक लिस्ट किया जाएगा। इसके अलावा मेघदूतम पार्क सेक्टर-50 में 21 श्रमिक कार्यरत मिले, मगर वहां पर घास कटिंग संतोषजनक नहीं थी। शौचालय भी बंद पड़ा था। ऐसे में संबंधित ठेकेदार पर 5 लाख का जुर्माना किया गया है। सीईओ ने सेक्टर-46 की हरित पट्टी में खामी मिलने पर संबंधित ठेकेदार पर 6 लाख का जुर्माना लगाया है। एक्सप्रेस व्यू पार्क सेक्टर-93 में मौके पर कोई श्रमिक नहीं मिला। वहां सफाई व्यवस्था की हालत भी खराब थी। नतीजन सीईओ ने संबंधित ठेकेदार पर 10 लाख रुपए का जुर्माना किया है। एक्सप्रेस-वे पर सेक्टर-93बी, 105 और 108 में हरित पट्टी के विकास काम ठीक नहीं मिला। इस पर संबंधित ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट करने के निर्देश दिए गए हैं। CEO के इस कदम से ठेकेदारों में हड़कंप मचा है।