बसपा संस्थापक कांशीराम का परिनिर्वाण दिवस मनाया

सर्वसमाज के लोगों ने श्रद्धांजलि दी

आदर्शों पर चलकर पीडि़तों के हित में संघर्ष करने का संकल्प लिया

उदय भूमि ब्यूरो
गढ़मुक्तेश्वर।
बसपा संस्थापक कांशीराम का परिनिर्वाण दिवस मनाकर अनुयाइयों ने उनके बताए आदर्शों पर चलकर दीन दुखियों के हित में हरसंभव संघर्ष करने का संकल्प लिया। बहुजन समाज पार्टी के संस्थापक कांशीराम का परिनिर्वाण दिवस शुक्रवार को गढ़, ब्रजघाट, सिंभावली, बक्सर, डेहरा कुटी, बहादुरगढ़, झड़ीना, नानपुर समेत समूचे क्षेत्र में श्रद्धापूर्वक ढंग से मनाकर चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। मुख्य कार्यक्रम पालिकाध्यक्ष सोना सिंह के कैंप कार्यालय में हुआ, जिसमें सर्वसमाज के लोगों ने भाग लेकर कांशीराम को दलित, शोषित, पीडि़त और उपेक्षित वर्ग का सच्चा हितैषी बताया। सोना सिंह ने कहा कि आज के दौर में कांशीराम के बताए आदर्शों पर चलना समय की सबसे बड़ी जरूरत हो गई है, क्योंकि उन्होंने अपना सारा जीवन दीन दुखियों की मदद के साथ ही राजनीतिक दल बसपा का संगठन खड़ा करने में बिता दिया था। चटाई वाले मोहल्ले में संत रविदास मंदिर के पुजारी भगत महेश दास, पचमंजिली रोड पर बसपा नेता देवेंद्र भारती, सुनील भारती, सीपी सिंह, सिंभावली में फैयाज अल्वी, बक्सर में डॉ. कुंवरपाल निमेष, बहादुरगढ़ में शिवदत्त जाटव, सुखबीर प्रेमी, डेहरा कुटी में नारायण सिंह, ब्रजघाट में एमपी सिंह, झड़ीना में रविंद्र बिल्लू, नानपुर में जिला पंचायत सदस्य नरेंद्र मावी के नेतृत्व में सर्वसमाज के लोगों ने कांशीराम के चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। पालिकाध्यक्ष के कैंप कार्यालय में सभासद उस्मान चौधरी, टीकाराम, आदित्य चौहान, विरेश, बबलू यादव, मोहन आहूजा, अमल गोयल, कमलेश शर्मा, बोबी आजाद समेत दर्जनों अनुयाई मौजूद रहे।