-आग लगने की सूचना पर मौके पर पहुंचे सीडीओ, एडीएम सिटी व एसडीएम
गाजियाबाद। लोनी कोतवाली क्षेत्र के कंचन पार्क कॉलोनी में रविवार की तड़के चार मंजिला मकान में भीषण आग लग गई। आग की चपेट में आने से महिला और उनके 3 बच्चों समेत 4 लोगों की जलकर मौत हो गई। वहीं,आग से एक महिला और छह साल की बच्ची भी झुलसी है। उन्हें दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई। आग लगने की सूचना मिलने के बाद प्रभारी डीएम एवं मुख्य विकास अधिकारी अभिनव गोपाल, डीसीपी ग्रामीण सुरेंद्र नाथ तिवारी, एडीएम सिटी गंभीर सिंह, एसडीएम लोनी राजेंद्र्र कुमार और पुलिस फोर्स भी मौके पर पहुंची। घटना की जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड के साथ मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल भी पहुंचे। फायर ब्रिगेड की टीम ने पुलिस की मदद से आग बुझाने के बाद शवों को निकाल कर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवाया। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। एसीपी लोनी सूर्यबली मौर्य ने बताया कि रविवार की सुबह 7 बजे सूचना मिली कि लोनी थाना क्षेत्र अंतर्गत कंचन पार्क मोहल्ले में एक मकान में आग लगी है। पुलिस द्वारा तुरंत फायर ब्र्रिगेड को सूचना दी गई। फायर ब्रिगेड के साथ मौके पर पुलिस ने मकान में लगी आग को बुझाने का प्रयास किया। आग बुझाने के बाद घर के अंदर से एक महिला व तीन बच्चों के शव बरामद हुए।
वहीं,एक महिला और छह साल की बच्ची भी झुलसी हुई हालत में मिली। घायलों को एंबुलेंस की मदद से इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। मकान में लगी आग लगने से मृतकों की पहचान शाहनवाज की पत्नी गुलबहार (32), जान मोहम्मद (9) पुत्र शाहनवाज, शान (8) पुत्र शाहनवाज, जीशान (7) पुत्र शमशाद की मौत हो गई। सूचना पर पहुंचे अग्निशमन कर्मियों ने दीवार तोड़कर गंभीर रूप से घायल तीन बच्चे और महिला को अस्पताल में भर्ती कराया है। जहां चिकित्सकों ने चारों को मृत घोषित कर दिया। शॉर्ट सर्किट से आग लगने का अंदेशा जताया जा रहा है। फिलहाल आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया है। बताया जा रहा है कि रविवार सुबह करीब 7 बजे लोनी पुलिस को कंचन पार्क चौकी क्षेत्र कस्बा के रिहायशी इलाके में एक तीन मंजिला मकान में आग लगने की सूचना मिली। सूचना पर तत्काल लोनी पुलिस व फायर स्टेशन लोनी से अग्निशमन कर्मी मौके पर पहुंचे। अग्निशमन कर्मियों ने देखा कि आग पूरे तीन मंजिला मकान में फैली हुई थी। इसके बाद आनन-फानन में आग पर काबू पाने का प्रयास किया गया।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल भी मौके पर पहुंचे। करीब 500 मीटर हौज पाइप बिछाकर आग बुझाने का काम शुरू किया गया। आसपास के मकान से तीन मंजिला बिल्डिंग की छत पर पहुंचकर दीवार तोड़ी गई। इसके बाद अंदर फंसे 8लोगों को निकाला गया। जिसमें दम घुटने व झुलसने से तीन बच्चे और महिला की हालत गंभीर थी। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उन चारों की मौत हो गई। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राहुल पाल ने बताया कि मकान में आग लगने के दौरान प्रवेश का रास्ता नहीं था। आग बुझाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। पड़ोस के मकान से तीसरी मंजिल पर पहुंचे। दीवार तोड़कर मकान में फंसे लोगों को निकाल कर अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। वहीं, बताया जा रहा है कि तीन मंजिला मकान में नीचे वाले फ्लोर पर माता-पिता रहते थे। जबकि बीच वाले में शाहनवाज का परिवार रहता था और उससे ऊपर वाली मंजिल पर शाहनवाज का भाई रहता था। आग बीच की मंजिल पर लगी थी,जहां मृतक रहते थे।
आग लगने के बाद माता-पिता नीचे से बाहर निकल गए, दूसरे भाई के बच्चे ऊपर से निकल गए। आग की चपेट में आने से महिला और छह साल की बच्ची भी झुलस गई। रविवार सुबह 7:06 बजे फायर स्टेशन कोतवाली से लोनी फायर स्टेशन पर सूचना मिली कि 4 खंभा रोड गली नंबर-5 कंचन पार्क लोनी में एक मकान में आग लगी है। सूचना पर तुरंत फायर स्टेशन लोनी, साहिबाबाद से 3 फायर टैंकर मौके पर रवाना किए गए। दमकल कर्मियों ने घटनास्थल पर पहुंच कर देखा कि आग चार मंजिला मकान में सेकेंड और थर्ड फ्लोर पर लगी थी। पतली गली होने के कारण फायर टैंकर को बाहर खड़ा करके बराबर के मकानों से हौज पाइप फैलाकर आग बुझाने का काम शुरू किया गया। मकान का जीना बहुत पतला था और अत्यधिक धुएं उसमें सामान रखे होने के कारण ऊपर जाने में काफी कठिनाई हुई। वहां मौजूद लोगों ने बताया कि मकान में कुछ लोग फंसे हुए हैं। इसके बाद बराबर के मकानों से ऊपर जाकर मकान की दीवारें तोड़ी गईं। आग बुझाकर मकान के अंदर दाखिल हुए दमकल कर्मियों को वहां एक महिला और 3 बच्चों सहित 4 लोग बेहोशी में मिले।
उन्हें तुरंत स्थानीय पुलिस और लोगों ने अस्पताल भेजा। 4 लोग मकान की छत पर पाए गए। जिनमें 2 लोग एक 30 वर्षीय महिला आयशा पत्नी शमशाद और 4 साल का बच्चा अयान पुत्र शमशाद झुलसे हुए पाए गए। उन्हें भी स्थानीय लोगों द्वारा इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं दो लोगों शाहनवाज और शमशाद को सुरक्षित रेस्क्यू कर छत से उतारा गया। मकान के फस्र्ट और सेकेंड फ्लोर पर सिलाई की मशीनें एवं कपड़े रखे हुए थे। लोनी में हुए इस दर्दनाक हादसे के बाद परिवार में चार मौत होने से कोहराम मचा हुआ है। आग लगने के सही कारण का पता नहीं चल सका है। मूल रूप से मेरठ के मवाना कस्बे के रहने वाले शाहनवाज और शमशाद लोनी के कंचन पार्क कॉलोनी में करीब 30 साल से रह रहे हैं। दोनों भाई सिलाई का काम करते हैं।
शाहनवाज के परिवार में पत्नी गुलबहार दो बच्चे जीशान और अयान हैं। जबकि शमशाद के परिवार में उसकी पत्नी आयशा और दो बच्चे शान और जान हैं। यह सभी आठ लोग चार मंजिल के मकान में रहते हैं। शनिवार रात सभी लोग मकान की चौथी मंजिल में दो अलग-अलग कमरों में सोए थे। सुबह अचानक तीसरी मंजिल में आग लग गई। आग लगने पर पूरे मकान में धुआं फैल गया। धुआं फैलने पर शाहनवाज, शाहनवाज की पत्नी आयशा, शाहनवाज के बेटे जान ने पड़ोसी की छत से कूद कर जान बचाई। इस घटना में बचे लोगों ने बताया कि आग कैसे लगी उन्हें जानकारी नहीं है। नीचे वाली मंजिल से धुआं और आग की लपेटें निकल रही थीं। तीसरी मंजिल पर सिलाई मशीन का सामान और कपड़े रखे हुए थे। संभावना है कि शॉर्ट सर्किट से आग लगी और पूरे मकान में फैल गई।















