नोएडा एयरपोर्ट के पास बनाए अपना घर, जल्द आ रही योजना

-यमुना प्राधिकरण के सीईओ डॉ अरुणवीर सिंह 274 भूखंड आवासीय योजना में लेकर आ रहे हैं
-सेक्टर-18 के पॉकेट-9बी में सभी भूखंड 200 वर्ग मीटर के हैं, जल्द लांच होगी योजना

उदय भूमि संवाददाता
ग्रेटर नोएडा। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पास घर का सपना पूरा करने का एक और मौका आया है। यमुना प्राधिकरण जल्द ही 274 भूखंडों की योजना निकालने जा रहा है। ये सभी प्लाट 200 वर्ग मीटर के होंगे। प्राधिकरण ने योजना निकालने की तैयारी पूरी कर ली है। जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का निर्माण चल रहा है। जल्द ही इसका संचालन शुरू हो जाएगा। एयरपोर्ट आने के बाद यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में सभी तरह के भूखंडों की मांग बढ़ी है। इसको ध्यान में रखते हुए यमुना प्राधिकरण के सीईओ डॉ अरुणवीर सिंह योजनाएं बना रहे हैं। अब प्राधिकरण ने आवासीय भूखंडों की योजना निकालने की तैयारी पूरी कर ली है। यूपी रेरा में रजिस्ट्रेशन करा लिया गया है। सेक्टर-18 के पॉकेट-9बी में इस बार भूखंडों की योजना आएगी। इस योजना में 274 भूखंड रखे गए हैं। सभी भूखंड 200 वर्ग मीटर के हैं। भूखंडों के विकास का काम भी अंतिम चरण में है। योजना में रजिस्ट्रेशन मनी के ऋण की सुविधा भी मिलेगी। बहुत जल्द प्राधिकरण की ओर से योजना को लांच कर दिया जाएगा।

इनकी भी योजना आएगी
इसके अलावा प्राधिकरण औद्योगिक, संस्थागत, आईटी-इलेक्ट्रानिक्स आदि के भी भूखंड निकालने की योजना तैयार कर रहा है। बड़े औद्योगिक भूखंडों के लिए शासन स्तर पर शर्तों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसका अनुमोदन मिलने के बाद योजना लांच की जाएगी। संस्थागत के भी भूखंड आएंगे। इसमें विश्वविद्यालय, मेडिकल कॉलेज, अनाथालय समेत कई श्रेणी के भूखंड शामिल होंगे। इन योजनाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है।

सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री के लिए तैयार यीडा
यमुना प्राधिकरण सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री के लिए भी तैयार है। केंद्र सरकार की हरी झंडी के बाद यहां सेमी कंडक्टर इंडस्ट्री के लिए भूखंड की योजना आएगी। देश में कई कंपनियां इस इंडस्ट्री में आने के लिए तैयार हैं। यमुना प्राधिकरण का एरिया उनके लिए काफी मुफीद है। इसको देखते हुए प्राधिकरण ने सेक्टर-28 में इसके लिए जमीन आरक्षित कर दी है। उम्मीद है कि जल्द ही इस दिशा में काम तेज होगा।

डॉ. अरुणवीर सिंह,
सीईओ
यमुना प्राधिकरण।

आवासीय भूखंडों की योजना जल्द लांच की जाएगी। इस योजना में 274 भूखंड शामिल होंगे। इसके अलावा औद्योगिक, संस्थागत, आईटी-इलेक्ट्रानिक्स आदि श्रेणी के भूखंडों की योजना आएगी। इसको लेकर तैयारी चल रही है।
डॉ अरुणवीर सिंह, सीईओ यमुना प्राधिकरण