सजग युवा मंच 6.0: भविष्य के नेताओं का संगम

  • सिल्वरलाइन प्रेस्टिज स्कूल में बाल संसद और युवा मंच का भव्य आयोजन

  • चेयरमैन डॉ. सुभाष जैन और वाइस चेयरमैन नमन जैन ने किया प्रेरित, कहा- यही हैं भारत का भविष्य

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। सिल्वरलाइन प्रेस्टिज स्कूल ने राजधानी युवा संसद के सहयोग से सोमवार को सजग युवा मंच 6.0 एवं बाल संसद कार्यक्रम का भव्य आयोजन कर एक नया इतिहास रच दिया। यह आयोजन 22 अगस्त से शुरू हुआ, जिसकी शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इस अवसर पर विद्यालय के चेयरमैन डॉ. सुभाष जैन, वाइस चेयरमैन नमन जैन, डायरेक्टर प्रशासन श्री प्रणव जैन, प्रिंसिपल डॉ. गीता जोशी, डायरेक्टर स्किल्स एंड कैपेसिटी बिल्डिंग डॉ. सी.एस. नायर सहित राजधानी युवा संसद के सह-संस्थापक एडवोकेट ईशा कपूर और एडवोकेट जय सैनी मौजूद रहे।
उद्घाटन समारोह में चेयरमैन डॉ. सुभाष जैन और वाइस चेयरमैन श्री नमन जैन ने विद्यार्थियों को समाज और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देने की प्रेरणा दी। डॉ. सुभाष जैन ने कहा कि विद्यार्थियों का आत्मविश्वास, ऊर्जा और वैश्विक मुद्दों पर उनकी स्पष्ट सोच इस बात का संकेत है कि देश का भविष्य बेहद उज्ज्वल है।

उन्होंने छात्रों की प्रभावशाली प्रस्तुतियों को सराहते हुए कहा कि युवाओं की यही गंभीरता और सशक्त अभिव्यक्ति उन्हें आने वाले समय में सफलता और नेतृत्व की ऊंचाइयों तक ले जाएगी। वहीं, नमन जैन ने कहा कि ऐसे मंच छात्रों को न केवल लोकतंत्र की कार्यप्रणाली से परिचित कराते हैं बल्कि उन्हें यह भी सिखाते हैं कि भविष्य में समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए किस तरह से सोच और संवाद का इस्तेमाल करना चाहिए। इस आयोजन में विभिन्न स्कूलों के 700 से अधिक विद्यार्थियों ने भाग लिया। सभी प्रतिभागियों ने अलग-अलग समितियों के माध्यम से राष्ट्रीय और वैश्विक मुद्दों पर गंभीर बहस की। मंच पर “वन नेशन, वन इलेक्शन बिल”, “डिजिटल उत्तर प्रदेश का रोडमैप”, “1975 की आपातकालीन स्थिति”, “सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स का विनियमन”, “कोविड-19 से मिले सबक”, “वैश्विक साइबर सुरक्षा”, “लोकसभा और मतदान प्रक्रिया” तथा “संयुक्त राष्ट्र संघ की भूमिका” जैसे विषयों पर गहन चर्चा हुई। विद्यार्थियों ने शोध और तार्किकता के आधार पर अपने विचार रखते हुए यह साबित किया कि उनकी सोच किसी भी परिपक्व नेता से कम नहीं है।

पूरे आयोजन के दौरान यह साफ झलक रहा था कि छात्रों ने गहन तैयारी के साथ हिस्सा लिया। उनकी तार्किक बहसें, शोधपूर्ण प्रस्तुतियाँ और नेतृत्व क्षमता ने सभी को प्रभावित किया। बाल संसद की कार्यवाही ने छात्रों को यह अनुभव कराया कि लोकतांत्रिक प्रणाली में हर आवाज़ और हर विचार कितना महत्वपूर्ण होता है। इस कार्यक्रम ने छात्रों में संवाद, निर्णय-निर्माण, नेतृत्व और शोध कौशल विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। विद्यालय प्रबंधन और दक्ष कार्यकारी बोर्ड के मार्गदर्शन ने इस आयोजन को सफल बनाने में अहम योगदान दिया। उनकी देखरेख में विद्यार्थियों ने न केवल विषयों पर गंभीरता से काम किया बल्कि पूरे आत्मविश्वास के साथ अपने विचार भी रखे।

सजग युवा मंच 6.0 छात्रों के लिए केवल एक शैक्षणिक गतिविधि नहीं रही, बल्कि यह मंच उनके व्यक्तित्व विकास और भविष्य में जिम्मेदार नागरिक व नेतृत्वकारी भूमिका निभाने की दिशा में एक ठोस कदम साबित हुआ। सजग युवा मंच का यह छठा संस्करण इस बात का प्रमाण है कि सिल्वरलाइन प्रेस्टिज स्कूल न केवल शिक्षा बल्कि राष्ट्र निर्माण में भी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। इस कार्यक्रम ने यह संदेश दिया कि आने वाला भारत अपने युवाओं के कंधों पर खड़ा होगा, जो न केवल सजग और जिम्मेदार होंगे बल्कि दुनिया को नेतृत्व देने की क्षमता भी रखते होंगे।