हाईटेक गाजियाबाद: स्वच्छ, सुंदर और आत्मनिर्भर शहर की दिशा में तेज कदम

  • विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश, आत्मनिर्भर भारत-आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के दृष्टिकोण में गाजियाबाद की प्रगति
  • नगर आयुक्त ने प्रस्तुत किया हाईटेक योजनाओं का विस्तृत रोडमैप
  • वायु गुणवत्ता सुधार और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन में तेजी से काम चल रहा
  • कचरा पृथक्करण, प्लास्टिक मुक्त गाजियाबाद और स्वच्छ मोहल्ला स्क्वाड की विशेष पहल
  • 2047 तक आत्मनिर्भर गाजियाबाद की दिशा में नए प्रोजेक्ट और तकनीकी नवाचार
  • शहरवासियों और अधिकारियों ने दी कार्यों की सराहना, उत्साह वर्धन किया गया

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। विकसित भारत- विकसित उत्तर प्रदेश और आत्मनिर्भर भारत-आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के क्रम में मंगलवार को आयोजित शताब्दी संकल्प 2047 कार्यक्रम में गाजियाबाद नगर निगम की योजनाओं और आधुनिक तकनीकी नवाचारों को नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक द्वारा विस्तारपूर्वक प्रस्तुत किया गया। इस कार्यक्रम में नगर निगम की प्लानिंग, शहर की स्वच्छता, सुंदरता, वायु गुणवत्ता सुधार और आत्मनिर्भर गाजियाबाद बनाने की दिशा में चल रहे सभी कार्यों का रोडमैप प्रेजेंटेशन के माध्यम से साझा किया गया।
नगर आयुक्त ने बताया कि आधुनिक युग में तकनीकी के माध्यम से गाजियाबाद नगर निगम ने हर क्षेत्र में तेजी से सुधार और विकास कार्यों की शुरुआत की है। एयर क्वालिटी मैनेजमेंट, वेस्ट वाटर मैनेजमेंट, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और अन्य नवीन प्रोजेक्ट्स के माध्यम से शहर को साफ-सुथरा और पर्यावरण के अनुकूल बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इनमें मियावकी पद्धति से प्लांटेशन, धूल मुक्त सड़कें और कचरा पृथक्करण जैसी योजनाएं शामिल हैं, जो गाजियाबाद को 2047 तक पूर्ण रूप से आत्मनिर्भर और विकसित शहर बनाने में मदद करेंगी।

नगर आयुक्त ने शहर के ग्रीन म्युनिसिपल बॉन्ड, कार्बन क्रेडिट और ब्लूमबर्ग मेयर चैलेंज जैसी पहलों के बारे में भी जानकारी दी। यह दिखाता है कि गाजियाबाद न केवल राष्ट्रीय स्तर पर बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी पहचान बनाने की दिशा में अग्रसर है। नगर निगम के प्रयासों में महापौर सुनीता दयाल की लीडरशिप भी प्रमुख रही है। उनके मार्गदर्शन में शहर में कचरा पृथक्करण और प्लास्टिक मुक्त गाजियाबाद के लिए व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, नगर आयुक्त ने विद्यार्थियों को स्वच्छता की पाठशाला से जोडऩे और स्वच्छ मोहल्ला स्क्वाड जैसी पहलों के बारे में भी विस्तार से बताया। इन पहलों के माध्यम से नागरिकों को स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सक्रिय किया जा रहा है। उपस्थित गाजियाबाद वासियों ने नगर आयुक्त द्वारा प्रस्तुत योजनाओं की प्रशंसा की और शहर में धरातल पर हो रहे कार्यों पर संतोष व्यक्त किया।

कार्यक्रम के दौरान सभी ने संकल्प लिया कि 2047 तक गाजियाबाद को स्वच्छ, सुंदर और आत्मनिर्भर बनाने में हर संभव योगदान दिया जाएगा। नगर आयुक्त ने कहा कि आधुनिक तकनीकी और योजनाबद्ध कार्यों के माध्यम से गाजियाबाद नगर निगम न केवल शहर की सुंदरता और सुदृढ़ता पर ध्यान दे रहा है, बल्कि इसे विश्व स्तर पर एक मॉडल शहर बनाने की दिशा में भी अग्रसर है। यह कार्यक्रम इसलिए भी महत्वपूर्ण रहा क्योंकि इसमें नगर निगम की हाईटेक योजनाओं और तकनीकी नवाचारों को जनता के सामने रखा गया, जिससे लोगों में विश्वास और उत्साह का संचार हुआ। इस तरह गाजियाबाद नगर निगम ने यह संदेश दिया कि शहर के विकास और स्वच्छता कार्यों में कोई ढील नहीं बरती जाएगी। 2047 तक गाजियाबाद को आत्मनिर्भर और विकसित शहर बनाने का यह रोडमैप निश्चित रूप से नगरवासियों के जीवन स्तर और शहर की छवि को नई ऊँचाइयों तक ले जाएगा।