इंदिरापुरम में रात्रि कालीन अभियान और माइक्रो प्लान से कूड़ा मुक्त बनाए जाएंगे बाजार

• नगर स्वास्थ्य अधिकारी और टीम ने 7 वार्डों का किया निरीक्षण, बाजार और आंतरिक मार्गों की सफाई का लिया जायजा
• रेहड़ी-पटरी व्यापारियों को व्यवस्थित करने और अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए टीम ने बनाई रणनीति
• रात्रि कालीन सफाई और डोर टू डोर कूड़ा संग्रहण योजना से बाजारों में कायम होगी स्वच्छता
•जन-जागरूकता अभियान से आम नागरिक और व्यापारियों को किया जाएगा सफाई में सहयोग के लिए प्रेरित
उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। इंदिरापुरम क्षेत्र में सफाई व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए गुरुवार को नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार और उनकी टीम ने क्षेत्र के सातों वार्डों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान न केवल आंतरिक वार्डों की सफाई की स्थिति का जायजा लिया गया, बल्कि प्रमुख बाजार क्षेत्रों, नालियों और नालों की सफाई की समीक्षा भी की गई। डॉ. मिथिलेश कुमार ने बताया कि निरीक्षण के दौरान उन्हें यह पता चला कि कई मार्गों पर अव्यवस्थित रूप से खड़ी रेहड़ी-पटरी और अवैध अतिक्रमण से आवाजाही बाधित हो रही थी। इस पर उन्होंने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए और व्यापारियों को व्यवस्थित रूप से खड़ा होने के लिए कहा। निरीक्षण के दौरान वार्ड संख्या 99 में व्यापारियों और स्थानीय पार्षदों के साथ बैठक की गई। पार्षद प्रीति जैन और अभिनव जैन ने भी मार्गों को अव्यवस्थित करने वाले अतिक्रमण और रेहड़ी-पटरी की समस्या को गंभीरता से उठाया। नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने साफ निर्देश दिए कि अवैध अतिक्रमण की किसी भी शिकायत को नजरअंदाज नहीं किया जाएगा और व्यापारियों को नियमों के तहत व्यवस्थित किया जाएगा। इसके साथ ही वसुंधरा जोन के एसएफआई अशोक को भी मॉनिटरिंग बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देशानुसार इंदिरापुरम में रात्रि कालीन सफाई व्यवस्था शुरू की जाएगी। इसके लिए एक माइक्रो प्लान तैयार किया गया है, जिसमें बाजारों और आंतरिक मार्गों पर डोर टू डोर कूड़ा संग्रहण वाहनों की व्यवस्था शामिल है। नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य केवल सफाई करना नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र को व्यवस्थित, गंदगी मुक्त और स्वच्छ बनाना है। रात्रि कालीन अभियान के माध्यम से बाजारों में जमा कूड़ा समय पर नष्ट किया जाएगा और नागरिकों को भी सफाई बनाए रखने के लिए जागरूक किया जाएगा।
नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि जन-जागरूकता अभियान के तहत आम नागरिक और व्यापारियों को अपील की जाएगी कि वे कूड़ा केवल कूड़ेदान में डालें और सफाई में सहयोग करें। इसके अलावा, रात्रि में जमा होने वाले कूड़े को भी समय पर डस्टबिन में डालने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि नागरिकों और व्यापारियों का सहयोग इस अभियान की सफलता की कुंजी है। यदि सभी मिलकर सफाई का पालन करें, तो इंदिरापुरम क्षेत्र और आसपास के इलाके पूरी तरह से स्वच्छ बनाए जा सकते हैं।
नगर आयुक्त के निर्देशानुसार पार्कों, ग्रीन बेल्ट और निर्माण कार्य क्षेत्रों की भी नियमित निगरानी की जाएगी। अधिकारियों को अवैध अतिक्रमण और गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्य सफाई एवं खाद्य निरीक्षक विनोद को भी रात्रि में निरीक्षण करने और गंदगी फैलाने वालों के खिलाफ जुर्माने की कार्रवाई सुनिश्चित करने का जिम्मा सौंपा गया है। इस तरह सभी क्षेत्रों में सफाई का स्तर बढ़ाने का कार्य निरंतर जारी रहेगा।
इंदिरापुरम के प्रमुख बाजारों और आंतरिक मार्गों में सफाई व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए विशेष योजना बनाई जा रही है। आगामी 7 दिनों के भीतर सभी कार्यवाही पूरी कर रात्रि कालीन सफाई अभियान को शुरू किया जाएगा।
नगर स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि इससे न केवल क्षेत्र की सफाई बेहतर होगी बल्कि निवासियों का स्वास्थ्य और जीवन स्तर भी सुधरेगा। रात्रि कालीन कूड़ा संग्रहण के माध्यम से बाजारों में गंदगी नहीं बचेगी और अव्यवस्थित रेहड़ी-पटरी की समस्या भी समाप्त होगी। इंदिरापुरम में नगर स्वास्थ्य विभाग द्वारा शुरू किए जा रहे रात्रि कालीन अभियान और माइक्रो प्लान से न केवल सफाई व्यवस्था में सुधार होगा, बल्कि क्षेत्र को व्यवस्थित और अव्यवस्था मुक्त बनाया जा सकेगा। अधिकारी और नागरिक मिलकर इस अभियान को सफल बनाएंगे, जिससे शहर की स्वच्छता और नागरिक जीवन स्तर में सुधार होगा।