जीडीए शहर के 9 प्रमुख चौराहों को बनाएगा आधुनिक और सुरक्षित, जंक्शन सुधार के लिए सर्वे शुरू

-यूएमटीसी द्वारा चयनित चौराहों पर यातायात सुधार को लेकर तकनीकी सर्वेक्षण
-जाम मुक्त और सुरक्षित आवागमन के लिए 29 करोड़ रुपये होंगे खर्च
-सिग्नल सुधार, लेन प्रबंधन और पैदल यात्रियों की सुरक्षा पर रहेगा विशेष फोकस

उदय भूमि संवाददाता
गाजियाबाद। शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारु, सुरक्षित और आधुनिक बनाने की दिशा में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने बड़ा कदम उठाया है। जीडीए द्वारा शहर के 9 प्रमुख चौराहों को आधुनिक जंक्शन के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए अर्बन मास ट्रांजिट कंपनी लिमिटेड (यूएमटीसी) के माध्यम से जंक्शन सुधार हेतु सर्वेक्षण कार्य शुरू कर दिया गया है।
जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल के निर्देशानुसार जीडीए सीमा क्षेत्र के चयनित चौराहों पर यह सर्वे कराया जा रहा है, ताकि बढ़ते यातायात दबाव को कम किया जा सके और आम नागरिकों को जाम की समस्या से राहत मिल सके। यूएमटीसी की तकनीकी टीम द्वारा प्रमुख चौराहों और जंक्शनों पर यातायात प्रवाह, सड़क की ज्यामिति, पीक ऑवर्स में वाहनों का दबाव, पैदल यात्रियों की सुविधा और सड़क सुरक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं का गहन अध्ययन किया जा रहा है।

जीडीए द्वारा इन 9 चौराहों के विकास और सुधार पर करीब 29 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। सर्वेक्षण का मुख्य उद्देश्य जंक्शनों के वैज्ञानिक और व्यावहारिक सुधार के लिए प्रभावी सुझाव तैयार करना है, जिससे भविष्य में यातायात जाम की समस्या को स्थायी रूप से कम किया जा सके और शहर का स्वरूप भी आधुनिक बन सके। अधिकारियों की मौजूदगी में कराए जा रहे इस सर्वे के आधार पर यूएमटीसी द्वारा विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएगी। रिपोर्ट के अनुसार चौराहों के सुधार के लिए अल्पकालिक और दीर्घकालिक कार्ययोजना तैयार की जाएगी, जिसमें ट्रैफिक सिग्नल सुधार, लेन प्रबंधन, रोड मार्किंग, पैदल पथ, साइनेज और अन्य यातायात सुधारात्मक उपाय शामिल होंगे।

जीडीए उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने कहा कि शहरवासियों को बेहतर यातायात सुविधा और सुंदर शहरी वातावरण उपलब्ध कराना प्राधिकरण की प्राथमिकताओं में शामिल है। इसके लिए विशेषज्ञ संस्थाओं के सहयोग से योजनाबद्ध तरीके से कार्य किया जा रहा है, ताकि गाजियाबाद को जाम मुक्त और सुरक्षित शहर के रूप में विकसित किया जा सके।